राह काँटों भरी मत चुना कीजिए, ख्वाब मन के मुवाफिक बुना कीजिए। मेरे प्यारे सभी ऐ बहन भाइयों, आज से अनसुनी को सुना कीजिए।
मेरे प्यारे बहनों भाइयों, ये मेरा प्रयास है आपको उन रचनाओं से रूबरू कराने का जो मेरे स्वयं के द्वारा रचित हैँ। हिंदी, और अवधी की ये समस्त रचनाएं जो अभी तक अनसुनी हैँ, इनको इस चैनल के माध्यम से आप सभी प्रियजनों तक पहुँचाने का।