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02:03पुर्षासनर कारोबार चाठ पीडियो से चल रहा है।
02:31In the shop, there are 20,000 dollars in the shop.
02:36This shop is 1,500 dollars and 1,500 dollars to 4,000 dollars.
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03:28हैं बहुत मानता बहुत ज्यादा यूज किया जाता है भी हार का
03:50बासकरी 500 रुपे का पड़ता है कम लागत में अच्छा मुनाफ़ा है लेकिन समय जादा लगता है रंगी और डिजाइन
03:57वाले सूप दौरा शादी के लिए खास मांगने है इस बार छट पुजा त्यारी पिछले साल के अपिछा इस बार
04:03कम है क्योंकि मलमास मेला लगने के का
04:06परण जो इस बार जो ने जो छट ब्रती करते हैं वो इस बार नहीं कर पाएंगे ने लोग ने
04:12उठाए पाएंगे जो पुराने लोग है वह इस चट करेंगे इसके बजा से पिछले साल के अपच्छा इन्सल्ट बजार में
04:18बहुत कम परवाव पड़ेगा लेकिन फिर भी �
04:22बहुत चट कम होगी हां बिल्कुल हम लोग साल और चट कुजा के इंतार करते हैं क्योंकि यह बिजनली बिजनली
04:27हो चुका है पहले था लोग किसान लोग भी आते थे सबजी मंदी में बिकता था टोकरी उकरी लेकिन अब
04:33सब पलास्टी का कैरेट निकलने के वज़ा से इस
04:38सिर्फ चट कुजा में और लगन के सुब अफसर पर या गिरिपरवेस के सुब अफसर पर कुछ लोग ले आते
04:43हैं इसमें सभी धर्म के लोग आते हैं कुछ मुस्लिम समुदाई से भी लोग आते हैं खरिदने के लिए ठोपरी
04:50और दोरा चंगेरा सुट बगेरा और हिंद�
05:09अब लगन के लिए और नौर्माल साइच चोटा में आती है वह 220-230 रुपा के लिए खचिया और सुप
05:19कई क्वालिटी काते हैं वडिया जो है सुप आपको कम से कम 90 रुपय से 100 रुपय के विच्णाएगा और
05:26टोकरी बढ़िया में आगर आप लिए चाहते हैं तो कम से कम
05:29सब्सक्राइब अब लोग अनुमान है कि लोग नहीं उठाएगा ना जो पिछले जो करते आ रहे हुआ ही छट पूजा
05:51करेंगी सबार अब लोग कर रहे हैं यह हमारे दादाजी के समय से
05:58कारवाद चलते आ रहा है यह तिसरा पुड़ी हम लोग चल रहा है कारवाद
06:0212 शर्टी विधाय जोती देवी के फाउंडेशन के जरिए कारीगरों को बाजार भी उपलब्द कराया जा रहा है शेत्र के
06:09एक हसार से अधिक परिवार इस काम से जुरे हैं
06:12हाला कि इस साल मलमाज के वज़े से बिख्री थोड़ी कम होनी के आशनका है फिर भी तैयारी जोरों पर
06:18है लेकिन बाज का सामान नैचुरल है और परंपरा से जुड़ा हुआ है शटकी शुद्धता के साथ बाज करला किया
06:25परंपरा आज भी जिलना है गया से एटी भारत क
06:28के लिए सरताज एहमद की रिपोर्ट
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