00:00तारदियन नौरात्री और बिज्या दस्मी का पावन पर्वसांति पुर्ण उस्भक्ति में माहौल में संपन होते ही कोपालगन सहर का मिजाज
00:08पूरी तरह बदल गया है।
00:09पिछले नौ दिनों तक फालाहार और सात्विक जीवन सहली का पालन कर रहे हैं लोगों ने ब्रत और उत्सोव की
00:17समाब्दी के साथ ही अपनी पसंद का स्वाज चखने के लिए बजारों का रुख कर लिए है।
00:23इसका सबसे बड़ा असर सहर के प्रमुख मचली बाजारों में देखने को मिला जहां अचानक हैदारों की भारी भीर उमर
00:31पड़ी सबसे ज्यादा कीमती मचली पटेया की रही इसकी कीमत सुल्ह सो रुपे रही।
01:04अपनी आगा पोखरा उखरा का है नहीं बाहर साथा नहीं आता है।
01:10कलकाता वाला आता है तो एक दो गाड़ी आता है जादा नहीं आता है लेकिन ज्यादा तर के आपने आगा
01:14मचली हो गया।
01:17नहीं बाड़ा तन पतम हो गया। आज हमलों मचली खर्दने आया। कुछ बाड़ी संक्यां भीर देखा जारा मार्केट में कुछ
01:24ब्रीदी होई है।