00:00साल 2027 में होने वाला है शनी का बड़ा राश्य परिवर्तन।
00:03इन राश्यों के जीवन में आएंगे बड़े बदलाव।
00:05जोते शास्त्र में शनी को कर्म फलदाता ग्रह माना गया है
00:08और अन्य ग्रहों की तुलना में इनकी चाल सबसे धीमी होती है
00:10जिसके कारण इनका राश्य परिवर्तन लंबे समय तक सभी राश्यों को प्रभावित करता है
00:14वर्तमान में शनी मीन राश्य में वक्री अवस्था में विराजमान है
00:17लेकिन जल्द ही इनकी चाल में बड़े बदलाव देखने को मिलेंगे
00:20आगामी 3 जून 2027 को शनी मीन राश्य से निकल कर मेश राश्य में प्रवेश करेंगे
00:24इस गोचर के साथ ही कई प्रमुख राश्यों पर चल रही साड़े साथी और ढहिया के समीकरण पूरी तरह बदल
00:29जाएंगे
00:29हलांकि शनी का ये मेश राश्य में प्रवेश स्थाई नहीं होगा
00:32साल 2027 में 9 अगस्त को शनी मेश राश्य में ही वक्री हो जाएंगे
00:35और लगभग धाई महीने बाद 20 अक्टूबर को उल्टी चाल चलते हुए वापस मीन राश्य में लोट आएंगे
00:39इसके बाद 24 दिसंबर 2027 को शनी में राश्य में ही मारगी होंगे
00:43इस प्रकार पूरे साल शनी की चाल और स्थिती में उतार चड़ाव बना रहेगा
00:47जोतिशीय गणना के अनुसार मेश राश्य में प्रवेश से व्रिशब राश्य पर साड़े साथी का पहला चरण शुरू होगा
00:52जबकि कुम्भ राश्य वालों को साड़े साथी से बड़ी राहत मिलने के योग बनेंगे
00:55सिंग और धनु राश्य पर भी ढहिया का प्रभाव रहेगा