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Red Sea में Houthis की तबाही, Saudi Army को दी सीधी चुनौती, क्या छिड़ेगा महायुद्ध? | Yemen War Update
यमन के रेड सी तट पर हूती विद्रोहियों और सऊदी समर्थित बलों के बीच जंग अब बेहद खतरनाक मोड़ पर पहुंच चुकी है। हूती संगठन अंसारुल्लाह ने नया वीडियो जारी कर बड़ा दावा किया है—क्या पश्चिम एशिया में छिड़ने वाला है नया क्षेत्रीय युद्ध?
यमन में सऊदी अरब समर्थित सेना और हूती लड़ाकों (Ansarallah) के बीच जारी संघर्ष एक बार फिर भड़क उठा है। हूती मीडिया ने ताजा फुटेज जारी कर सऊदी military forces और सैन्य उपकरणों पर हमले का बड़ा दावा किया है। अगस्त में मारिब इलाके में Royal Saudi Land Forces के M1A2S Abrams टैंक पर ड्रोन अटैक के दावों के बाद, अब सितंबर 2026 में Red Sea Coast और रणनीतिक शहर Mokha में भारी गोलाबारी की खबरें हैं।

यह जंग केवल ज़मीनी वर्चस्व की नहीं, बल्कि विश्व व्यापार के सबसे अहम समुद्री रास्ते Bab el-Mandeb Strait और Red Sea shipping lanes पर नियंत्रण की भी है। दूसरी तरफ, हूतियों द्वारा सऊदी अरब के दक्षिणी क्षेत्रों और ऊर्जा ठिकानों पर ballistic missiles और drones से निशाना साधने के बाद रियाद ने भी कड़ा रुख अपनाया है। इस भयानक जंग के चलते संयुक्त राष्ट्र (UN) के अनुसार 1 लाख 12 हजार से अधिक आम लोग बेघर हो चुके हैं।

#YemenWar #SaudiArabia #HouthiAttack #RedSeaCrisis

~PR.514~HT.408~GR.506~VG.HM~

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Transcript
00:00यमन में हुती और सौधी समर्थित बलो के भी जंग एक बार फिर ऐसे मोड पर पहुंचती दिख रही है
00:05जहां इसका असर सिर्फ यमन तक सिमित रहने आया सिर्फ खत्रा वहीं रहने वाला नहीं है
00:10हुती संगठन यानि की अंसार उल्लाह की तरफ से जारी किये गए ताजा वीडियो ने सौधी अरब की कथित जमीनी
00:18सैन्य मौजूद्गी और यमन के मोचे पर चल रही लड़ाई को लेकर एक नए सवाल खड़े कर दिये हैं
00:25हलाके इन वीडियो में किये गए सभी सैन्य दाव की अभी सुतंदर पुष्टी नहीं हुई है इसलिए इन्हें गूती पक्ष
00:31के दावे के तौर पर ही देखना जरूरी है
00:33लेकर इन सितंबर 2026 में आए जो घटना क्रम हुए थे जिसके बद ऑक्टूबर में भी फिर एक बार उन
00:39घटनाओं में तेजी दिख रही है
00:41इससे ये जरूर कह सकते हैं कि यमन का पश्चिमी मोर्चा और रेड़ सी का इलाका एक बार फिर तेजी
00:47से गर्म हो रहा है
00:49नमस्कार मेरा नाम है रिचा पराशर और आप देख रहे हैं One India Hindi
00:53इस कहानी को समश्री के लिए सबसे पहले बात करते हैं उस वीडियो की जिसने पूरे मामले को चर्चा मिला
00:58दिया है
00:58हूती मीडिया पहले भी ऐसे वीडियो जारी करता रहा है जिनमें वो सौधी समर्थे तबलों या सौधी सेन्योग करणों को
01:04निशाना बनाने का दावा करता है
01:06इससे पहले यानि कि October जो भी महीना है और इससे पहले सतंबर और उससे पहले अगस्ट में सामने आए
01:12एक वीडियो में हूती मीडिया ने मारे बिलाके में Royal Saudi Land Forces के M1A2S Abrams टैंक पर ड्रोन हमले
01:20का दावा किया था
01:21रेकिन उस हमले और ट्रैंक को हुए नुकसान की स्वतन पुष्टी नहीं हुई थी
01:26सुधिपक्ष की तरफ से भी ट्रैंक के नुकसान की सारवजनिक पुष्टी नहीं की गई थी
01:30यानि वीडियो सामने आते हैं दावे किये जाते हैं यूदिके दोरान मैदान में वास्तों क्या हुआ इसकी पूरी तस्वीर कई
01:37बात तुरंत सामने नहीं आती
01:39अब सितंबर वाला मामला समझिए ये इसलिए इंपोर्टेंट है भी ऑक्टूबर में दिखाना क्योंकि लडाई का केंद्र यमन के पश्चिमे
01:47हिस्से और रेड़ सी कोष्ट के तरफ खेसकता नजर आया वही पैटर्न भी ऑक्टूबर में भी दिखाई दे रहा है
01:52रिपोर्ट्स के मताबिक हुती लडाकों ने मोखा जैसे रणनतिक इलाके में अपने स्तिती मजबूत करने की कोशिश की
01:58अगर इस इलाके की एहमियत समझनी है तो नक्षय पर नजर डालनी हूँ
02:02मोखा रेट सी के किनारे मौझूद है और इसके आसपास का पूरा तट्या इलाका यमन की समुद्री रंडीती में बेहत
02:09महतपुन है
02:10इस समुद्री छेतर के आगे बाबल मंदेब स्ट्रेट आता है और बाबल मंदेब कोई सामाने समुद्री रास्ता नहीं है
02:30इसलिए यमन में जब लड़ाई रेड़ सी कोस्ट के करीब पहुँचती है तो मामला सिर्फ जमीन के एक हिस्से पर
02:36कबजेका नहीं रह जाता है
02:43यही वज़ा है कि हूती और सौधी समर्थित बलों की बीच बढ़ता तनाव पूरे छेतर के लिए चुंता का विशय
02:51बन रहा है
02:52खासकर ऐसे समय जब स्ट्रेट और फॉर्मूस भी पश्चिमेश्या में तनाव का बड़ा केंद्रौलरी बना हुआ है
02:57हॉर्मूस और बाबल बंदे दोनों समुद्री रास्ते वैश्चिक उर्जा और व्यापार के लिए बेहत महतुकुन है
03:05अगर दोनों जगहे लंबे समय तक तनाव बना रहता है
03:08तो इसका असर सिर्फ मेडिल इस की राजनीती पर नहीं बलके शिपिंग रूट्स, तेल की सप्लाई और अंतराश्य व्यापार पर
03:15भी पड़ेगा
03:15रेकिन साओधी अरब के लिए खत्रा सिर्फ यमन के अंदर तक सिमित नहीं है
03:19हूतियों की तरफ से साओधी छेत्र और उर्जर प्रतिष्ठानों को निशाना बनाने के दावे भी सामने आते रहे हैं
03:26सितंबर में भी साओधी अरब की तरफ से हूती हमलों को लेकर कई दावे और जवाबी कारवाई की खबरे आई
03:32थी
03:3219 सितंबर के अगर बात बताएं आपको
03:48दूसरी तरफ साओधी छेत्र को मिसाइल और ड्रोन के खत्रे का सामना करना पड़ रहा है और ऑक्टूबर में एक
03:54बार फिर से जब हमले बढ़ गए हैं तो यह सारे पूराने चैप्टर 7 को समझना ज़रूरी है
03:58तीसरी तरफ रेड़ सी में कॉमर्शियल शुपिंग को लेकर लगातार सेक्योरिटी कंसर्ण्स बने हुए हैं यानि यह संघर्ष एक साथ
04:05तीन अलग-अलग मोचो पर असर डाल रहा है
04:08जमीन, आसमान और सिमुद्र यह वन के अंदर भी लड़ाई का स्वरूप बेहद रणनेतिक होता जा रहा है
04:14रूटर्स की एक रिपोर्ट के मुताबिक खूती लड़ाके रणनेतिक उचाईयों और महतुपुन इलाकों पर अपनी पकड़ मजबूत करने की कोशिश
04:21कर रहे हैं
04:22मकसद सिर्फ जमीन हासिल करना नहीं है बलकि रेड सी कोश तक पहुँचना और वहां अपनी सैन्य सिथी को और
04:29मजबूत करना भी है
04:31इसी संदर में कहबॉब माउंटेंस के आसपास के कई लाकों की लड़ाई महतुपुन हो जाती है
04:37जो पक्ष उन उचाईयों पर नियंतरन हासिल करता है उसे आसपास के लाकों की निगरानी और सैन इगतिविधियों पर रणने
04:44तेक बढ़त मिल सकती है
04:45यही वज़ा है कि यमन में किसी पहाड़ी या छोंती से इलाके पर कबजे की खबर को सिर्फ स्थाने लड़ाई
04:50समशना सही नहीं होगा
04:52लेकिन असपूरे संगर्ष का सबसे दर्दनाक पहलू सैन इनक्षे नहीं बल्कि आम लोगों की जिंदगी है
04:57यमन पहले से ही दुनिया के सबसे गंभीर मानुवे संकटों में शामिल रहा है
05:02अब अगर अलग-अलग मोर्चों पर हिंसा बढ़ती है तो इसका सीधा असर उन लोगों पर पढ़ता है
05:08जो पहले ही विस्थापन, आर्थिक संकट और बुनियादर सुधाओं की कमी से जूज रहे है
05:14सिर्वत राष्ट की प्रवासन एजुनसी के मताबिक हाल की हिंसा में कम से कम एक लाग-बारा हजार लोग यमन
05:21के भीतर विस्थापीत हुए है
05:22जबकि करीब 3,000 लोग समुद्र के रास्ते जिबूती पहुँचे है
05:26यानि मोचों पर बढ़ती लड़ाई सिर्फ सैनिकों के संख्या का या फिर हत्यारों की कहानी नहीं है
05:33हर नए हमले के साथ हजारों लोगों के लिए घर छोडने, सुरक्षि जगह तलाशने और अपनी जिंदगी दुबारा शुरू करने
05:40की मजबूरी पैदा होती है
05:42तो एक सवाल ये भी है कि अब आगे क्या होगा
05:45क्या ये लड़ाई यमन के कुछ रड़नेती के लाखों तक सिमित रहेगी या फिर होटियों की रेड सी में बढ़ती
05:50सक्रियता
05:51और सौधी समर्थित बलों की जवाबी कारवाई एक बड़े रीजनल कन्फरेंटेशन में बदल सकती है
05:57क्योंकि समिकर्ण बेहद जटिल है
06:00होटी यमन के अंदर अपनी सैनिस्तिती मजबूत करना चाहते है
06:03सौधी अरब अपनी सीमा और रड़नेती के हितों की सुरक्षा करना चाहता है
06:07सौधी समर्थित यमन बल जो की रेड़ सी कोस्ट और महत्वपुन इलाकों पर होटी प्रभाव को रोकना चाहते है
06:14और इस पूरे समिकरण के बीच रेड़ सी का मैरिटाइम रूट मौझूद है
06:18जिस पर दुनिया के कई देशों की नजर है
06:21यही कारण है कि हूटी मीडिया के सामने आये इस वीडियो भी को भी एक प्रचार के वीडियो समझ कर
06:26नजर अदाज करना आसान नहीं है
06:28वीडियो में किये गए दावो की सतंतर पुष्टी भले ही नहीं हुई हो
06:31लेकिन वे उस बॉर्डर मेलिटरी मेसेजिंग का हिस्सा है जिसके जरिये हूटी ये दिखाना चाहते हैं कि वे यमन की
06:38जमीन पर सक्रिया हैं और सौधी समर्थित बलों को चुनोती देने की शंता रखते हैं
06:43यहाँ एक और साथधानी जरूरी है
06:44युद के दोरान जारी होने वाले किसी भी पक्ष के वीडियो या दावे को अंतिम सत्य नहीं माना जा सकता
06:50किसी टैंक के नश्ट होने, किसी इलाके पर कबजे या किसी सैने नुकसान के पुष्टी होने के लिए सोतंतर सोर्स
06:57और आधिकारिक जानकारी की जरूरत होती है
06:59इसलिए फिलहाल सबसे सुरक्षित नश्टर्ष यही है
07:02कि यमन का पश्चिमी और रेड़ सी फ्रंट फिर से बेहत सम्वेदंशील हो चुका है
07:07और अगर यहां संघर्ष बढ़ता है, तो इसका असर सर्फ यमन या सौधी अरब तक सिमत नहीं रहेगा
07:14क्योंकि बाबल मंदेब के रास्ते गुजरने वाला समुधरी व्यापार, रेड़ सी के सुरक्षा और वैश्विक एनरजी रूट्स तीनों इस संघर्ष
07:21से जुड़े हुए है
07:22यानि यमन में आज जो लड़ाई जमीन पर दिखाई दे रही है, उसका असर आने वाले समय में समुधरी के
07:28रास्ते दुनिया के दूसरे हिस्सों तक भी पहुँच सकता है
07:32हूती बनाम सौधी समर्थित बलों की जंग इसलिए एहम है क्योंकि यहां दाव सर्फ यमन की जमीन का नहीं है
07:39दाव रेड सी की सुरक्षा समुधरी व्यापार और पूरे पश्चिम एशिया के रणितिक संतुलन का भी है
07:45और फिलहाल सबसे बड़ा सवाल यही है
07:48क्या यह सिर्फ एक और स्थानिय लडाई है या फिर रेड सी में किसी बड़े छेत्रिय टक्राव की बहुत बड़ी
07:54शुरुआत हो चुकी है
07:55इस खबर में इतना ही अपडेट्स के लिए देखते रहे हैं मनेंगे

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