00:06बिहार की गया जी में आयूजित विश्प्रसिद पित्री वक्षमेले में इस बारी काद्भून नजारा देखने को मिल रहा है।
00:30महिला पिर्णदानियों ने सारी पहनी तो वहीं पुरोष धोती में पिर्णदान करते नज़राएं।
00:36उन्हें गया आकर काफी खुशी मिले।
00:53इन पिर्णदानियों में कई लोग इसाई और मुसलिम धर्म से है।
00:57कोई यहां अपने माता पिता तो कोई अपने बच्चों और दोस्तों के आत्मा की शान्ती के लिए पहुचा हुआ था।
01:03स्पेन की मारीना ने जहां अपने दिवंगत बेटी के लिए पिंडदान किया।
01:07वहें रूस की सेनिया ने अपने माता पिता और दादा दादी के लिए फल्गू नदी के किनारे विधिवत करम कांड
01:14किया।
01:15मैं रूस से आई हूँ, मैं इस अनुभव के लिए गया आई हूँ, मुझे उम्मीद है कि मेरे दिवंगत माता
01:21पिता दादा दादी के लिए बहुत अच्छा होगा, गया में मेरा ये पहला अनुभव है, मुझे ये पिंडदान की प्रक्रिया
01:28बहुत पसंद आ रही है, ये
01:48तीन वर्सु से सनात नियमों का पालन कर रहे, इन विदेशियों ने माना कि गया जी में आकर पिंडदान करने
01:55से उनके अशांत मन को असीम और अद्भूद आध्यात्मिक शांती मिली है, गया जी से एटिव भारत के लिए रतनीश
02:02कुमार की रिपोर्ट