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पीएम मोदी का 'सेवा यात्रियों' से संवाद, बाइक सवारों ने सुनाए अपने अनुभव

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00:00मिस्वक्त प्रदान मंत्री ररीन मोधी सेवा यात्रा के प्रतिभागियों से बातचीत कर रहे हैं
00:04प्रदान मंत्री मोधी वारेसी सिवर्णगर निकली सेवा संकल बाइक यात्रा के सेवा यात्रियों से बातचीत कर रहे हैं
00:29इन दस राजियों, 193 जिलों, 773 तहस्तिलों और 1169 गाउं से होकर गुजर रही है।
00:59वड़नगर में जर्णा भिशेक करेंगे।
01:02हर पड़ाव पर एक सेवा। लगबक 25 प्रकार के सेवा कारे हो रहे हैं।
01:07जैसे रुक्षा रुपन, स्वच्टा, फल वितरन, मेडिकल केर, किट वितरन, अंगदान का संकल्ब और एजुकेशन किट वितरन ऐसे कई 25
01:15जैसे सेवा के कारे बीच में हो रहे हैं।
01:18स्वच्टा से स्वागत यात्रियों के पहुंचने से दो दिन पहले स्थानिय कारे करताओं के द्वारा भी उस थान को स्वच्टा
01:25अभ्यान के माध्यम से सच किया जाता।
01:27मानने परदान मंत्री जी सेवा संकल्ब अभ्यान का एक AI से चुड़ा डैशबोर्ड हमारे सभी केंद्रिय टोली ने बनाया है
01:35जिसमें 20 टोलिया दिन में दो बार रिपोर्ट करती है और उनका जो रियल टाइम लोकेशन है वो प्रती घंटा
01:42उसमें अपडेट होता रहे है
01:44दूरी, कार्यक्रम, जन्भागिदारी और तस्वीरे एक ही जगह रियल टाइम में मिलती है जहांसे कोई भी व्यक्ती रिपोर्ट एक्स्ट्रैक्ट भी
01:51कर सकता है इसना एक संक्षिप में मैं आपको व्योरा रखना चाहूंगा अभी तब पूरी यात्रा यानि कि 20 टोली
01:58�
02:09उसके अंदर शक्रिय सेवायात्री 1099 से वारनशी वडनगर में 532 सक्रिय सेवायात्री अभी मौजूद है फुल कार्यक्रम 571 जो पूरे
02:24यात्रा के उसमें से वारनशी वडनगर के
02:39अगर आपकी अनुमती हो तो इस सवास से पहले इस पूरी वारानसी वड़नगर की यात्रा का एक संखेप में ब्योरा
02:48मैं आपके समख्ष प्रस्तुत करना चाहएंगा
02:52वारानसी वाली टोली का बताया
02:55आज आप वारानसी से वड़नगर वाली टोली का बताएंगे
02:59जी मानने प्रदान मंत्री जी वारानसी से वड़नगर की यह और बढ़ रही बस टोलियों की हर सेवा यात्री के
03:19और से
03:19आपका हार्दिक अभिनंदन करते हैं
03:22माने प्रदान मंत्री जी 2001 से आज तब आपके 25 वर्षों के जन सेवा जीवन ने देश के युवाओं को
03:29एक ही मंत्र दिया है
03:30पदलते हैं सेवा का संकल्प नहीं बदलता आपकी कर्मो भूमी काशी से जन्मो भूमी वड़नगर तक हमारे सभी युवा सेवा
03:40यात्री इसी मंत्र को लेकर निकले हैं
03:42यह यात्रा चार भावों से जुड़ी है जल उत्तर प्रदेश की पवित्र नदियों का जल्प अस्था की धारा को वड़नगर
03:50तक ले जाता हुआ जन्प हर गाउं हर चौपाल पर लोगों से सिद्धा संवाव सेवा हर पड़ाव पर सेवा से
03:58ठोस कार्य और संकल सेवा से �
04:01राष्ट्र निर्मान का संतन। 17 सितंबर को वारानसी और वड़नगर से एक सार शुरू हुई इस यात्रा में 30 टोलियां
04:08उत्रदेश, बिहार, जारक्षन, 36 गड़, मध्यपदेश, महाराष्ट्र, राजस्तान, भर्याना, दिल्ली और गुजरात इन 10 राजियों 193 जिल्ल
04:20173 तहस्तिलों और 1169 गाओं से होकर गुजर रही है, वारानसी से चली स्टोलिया, मागंगा, यमुना, सरस्वती, अलग्रंदा, गोमती, सर्यू,
04:32नर्मदा, राप्ती, संगम और बेत्वा के नाम से सेवा का संदेश लेकर आगे बढ़ रही है, अब अब विश्वनाथ से
04:39�
04:39शाठकेशर महादी, जी, एक मैं लभारती का उन्वा बताना चाहूंगा, जो मैं कि उन्नाव गाओं में, उन्नाव जिले में, पुर्वा
04:46विधान सभा में एक चंसंपर करिये गया था, एक दादी मा थी, तो वो दादी मा बोली बच्ची का अपने
04:52वहां की लोकल लेंगों
05:06सभी प्रधान मंत्री जी के योजनाओं को जो लाभारती हैं, उन्से मिलते हुए, उनके आसिरवाद और उनके धन्यवाद को ग्याफित
05:15करने हम लोग मोदी जी के पहाद जा रहा है, तो उन्होंने बोला, मेरा भी एक प्रधान मंत्री जी के
05:19पहाद धन्यवाद पहुचा �
05:25तो आज मेरा परिवार हो सकता सुरचित नहीं रहता बेटा यह जो बगल में तो टूटूई माकान यह मेरा पहले
05:32का पुराना कच्छा माकान है एक दिन मैं ऐसे ही बाहर वैठी थी तक पुराना घर जो मेरा है वो
05:37ढह गया और उसमें कुछ हीटे जो थे आके कुछ अटक के मे
05:50आज मेरा परिवार हो सकता उसमेरा के घटना कुछ अलग हो जाता फिर उन्हेंने वोला कि उसके साथ साथ बेटा
05:58मोदी जी ने मेरे जो चोट लगी है पामू उसका भी देहान दिया मुप्त में इलाज पूरे अच्छे तरीके से
06:04हो गया और बहुत ही प्रसंद थी और भा�
06:19जाता का जल है तो लोग जिब गाउं में जानते हैं ये गंगा जल भी आपके साथ हैं तो क्या
06:25भाव व्यक्त करते हैं लोग
06:29सबी लोग आके पहले तो जंगा कलस यात्रा के असपर्श करते हैं प्रारतना करते हैं और जो जैसे कुछ-कुछ
06:36नद्या में पढ़ती हैं या मुना उस नदी के कुछ लोग वहां के जो रहते हैं वहां के अस्थानी लोग
06:42वो लोग आके पानी भी उसमें उसमें डालते हैं �
06:46कुल्दिप जी और आपकी पूरी टीम सेवा संकल्प यात्रा में जो अनुवव आपको मिल रहे हैं यह सच मुझ में
06:56भहुत अमुल्य है आपकी पूरी जीवन यात्रा में यह यात्रा एक नई उर्जा भर देगी और लोगों के बीच जाना
07:07उनको उनसे जूड़ना उनकी रीत रिवाज उनकी परंपराए उनकी बोल चाल उसमें अपने आपको ढाल देना यह अपने आप में
07:19अध्भूत अनुवव होता है और अलग अलग प्रदेश के गाउं में जब आप जाएंगे तो ऐसा भारत कितना भग्व है
07:27कितना विराठ है
07:28कितना विशाल है कितना वैविद्य से भरा है यह आप किताबों में नहीं समझ सकते हैं जो आप इसे आत्रा
07:35में देखेंगे हर जगा पर अलग अलग परंपरा ही होगी खान पान तो अलग होता ही होता है अपने हां
07:42और सेवा के आनन में देखिए समाज कितना जुड़ता है ह
07:49लोग कितना करते हैं। उनको जब मिलते हैं een से सुनते हैं।
07:53कितना आनन्द आता है।
07:55और वो ही हमारे लिए उर्जा बन जाता है।
07:58पर आप इस यातरा को जी लीजिए।
08:01और जीवन का एक बहुत बड़ा खजाना आपको मिला है।
08:06इसको कभी भी ओजल मत होने देना जीवन में इससे बहुत कुछ सिखने को मिलता है चलिए आपको बहुत-बहुत
08:17सुपक्रामना है मेरी आईए आगे कहां चलते हैं
08:20इससे बहुत-बहुत धन्यवाद माने बच्छामर मंत्री जी अब मैं आपकी अनुमती से जिलार राहे सेन मरज पदेश में जो
08:31हमारे सेवायात्री श्री प्रदीप मुखर जी कि जो मुलत है जारचन से हैं
08:36क्या नाम पताएंगा कि वे आए श्री प्रदीप मुखर जी जार्खन से प्रदीप जी प्रदीप जी कि जो आए और
08:46मानिया प्रदान मंदिजी के समक्ष अपना अनुको कथन प्रस्तूत करें
08:54प्रदीप जी नमस्कार क्या वाद हैं आप लोग तो बड़ा केसरिया साफा लगा करके बैठे हैं जी जी सर अड़े
09:07भाद के लोगों ने आपका इतना बड़ा सथकार किया स्वागत किया सबसे पहले तो गामवालों को मैं प्रनाम करता हूँ
09:18प्रदीप जी आप सब लोग ठीक तो है ना सब ठीक है सर बहुत अच्छा बोजन बोजन ठीक हो जाता
09:26है जी जी सर लेकिन यह साफा पहन कर तो नहीं चलाते हैं हलमेट पहन के चलाते हैं गाड़ी तो
09:36जी जी सर तो अफिसंग यह समस्या अग्ण के लोगों सम्मान में पहनाए तक कभी साफे को ही हलमेट मत
09:47माल धा अले टगाते हैं आप जब गाउं जा रहे हैं लोगों मिलते हैं किसान से बात
09:56करते होंगे जबाओं से बात करते होंगे या भागने की रहती है मन में कैसे बढ़ना कर
10:03पहुंच जाये कि जहां जाते हुआ जीने कि करते हैं ने ने ने सर भागने की ऐसे कोई हरवड़ी
10:11हिएं द�� नहीं है सर और जुक्षिंज सेवा काडिया में निकले हैं और जो आपसे जो प्रेंडा हम लोगों दो
10:18है
10:18कि कि आप पी जाल ना डर बीना डेक today सेवा का जंसेवा का पूरा कर लिया तो आप हमारे
10:27प्रेंडा सुरूत है सभी यवाउं का और हम आप की दूल
10:49प्रदीप मुखर जी स्टील सिटी जमसेदपूर से निवासी जमसेदपूर का निवासी हो और मैं ज्छारकंड जो बीर भूमी है
11:06जोहार सर चांद भैरों की भूमी से आ करके आपको ज्छारकंडी जोहार दे रहा हूं सर
11:16हाँ हाँ मुझे सुनाई दे रहा है
11:20जी सर जी सर तो सर हम लोग जब ही स्यात्रा को वारानसी से निकले और आगे वड़नगर की तरफ
11:27बढ़ रहे थे
11:27तो कुछ जीला को पार करते हुए हम लोग सर मा सारदा की भूमी जो माही हार से पहले जाने
11:35जाती थी महियर जीला में हम लोग पहुँचे
11:38वहाँ पर लाभारतियों से संबाद के समय में एक महीला से हमारा संबाध हुआ सर अपनी पूजा पतेल करके महीला
11:49थी
11:49उच्छे संबाद हुआ हमारा और संबाद में सर वो महिला जो आपके द्वारा जो आईस्मान भारत जो पुरे स्वास्त विवाग
11:58के तरफ से जो आपका ये योजना आया हुआ है उस योजना के लिए वो बताती हैं कि उनके घर
12:05में एक पाँच वर्सिय भतीजी थी उनकी और
12:18उनका कुछ दिन से तबियत खराब चल रहा था तो उन्होंने डॉक्टर के पास लेके गए तो जांच के करम
12:31में पता चला कि उसको
12:31और हम लकात हुआ और वह आईस्मान भारत से और आपका सोच है जो ये और अभी वह बच्ची पूरी
12:41दरव से �
12:42भीकश कर्ण के नपर मतारीक और बच्ची पूरा इलाज हो गया अर अभी बच्ची पूरी तरह से स्वस्त है और
12:56स्कूल वगड़ aura
12:56भी जारी है सर तो वो कहते कहते सर लगबक रोने जैसा हो गई और बोली कि हम तो कभी
13:02मिल नहीं पाएंगे आदर निया मोदी जी से लेकिन आप मोदी जी को हमारा एक संदेश जरूर दीजेगा कि मेरा
13:08और मेरे पूरे परिवार का तरफ से मोदी जी को बहुत-बहुत धनिवा
13:25लेकिन आपने देश होगा कि जब जनाइं बन जी है तो कभी-कभी लगता है चलो पर सरकार है तो
13:34योजना बना दी कभी-कभी हम पुलिटिकल लोग उस जीजना का वरणन भी करते हैं लेकिन से जोजना से जब
13:43किसी की जिन्दगी बदल जाती है किसी के जीवन में नई जिन
13:49जिन्दगी आ जाती है तो कितना संतोस मिलता है यह आपने अनुभव किया होगा और इसलिए सेवा यात्रियों के लिए
13:59ये भी एक प्रसिक्षन है कि सरकार की योजना हैं सिरफ पैसे खर्च करना राजलितिक माइलेज कमाना इतना नहीं होता
14:10है अगर वो योजना अखिरी �
14:13व्यक्ति तक पहुंचती है तो उसके लिए तो एक नया जीवन शुरू हो जाता है और उसका जो संतोस है
14:20वो बड़ा धूत होता है और इतले मैं तो सभी सेवा यात्रियों को कहूंगा कि आप जीवन भर सार्वजनिक में
14:29जब जीते हैं तो सामान्य मानवी के जीवन में जो
14:33बड़लाव लालवानी योजना है उसका उसको अधिक से अधिक लाप मिले सही लाप मिले और उसकी जिन्दिगी भी सही रास्ते
14:41पर चले इसके लिए लगातार हमने काम करते रहना चाहिए
14:48हाँ बताईए और क्या कह रहे थे जी सर उसके बाद सर उस जीला से हम लोग आगे बढ़ें तो
14:55एक सिहोरा जीला में हम लोग विधानसवा में गए वहाँ पे नगरपरसाथ सिहोरा में सफाई कर्मियों से हमारा संबाद था
15:01सर तो सफाई कर्मियों से संबाद हुआ उनका हम
15:05पूजन वगरा किया उसके बाद सर इक महीला से हमने बात करने की कोशिस की तो महीला के�ाद हुआ तो
15:11थोड़ा पहले महीला सहरमा रही थी भिर आम से बात होने लगा फिर हम
15:28आदरनिय प्रधान मंत्री जी जब से आये हैं, उसके बाद से समय समय पर प्रधान मंत्री जी की द्वारा जो
15:35सफाई कर्मियों के साथ बैठ कर एक फोटो कभी आता है, सफाई कर्मियों के साथ बैठ के आप चर्चा कर
15:41रहे हैं, उन पर कभी फूल छिड़कर आप उनका उत्स
15:44वरदन कर रहे हैं तो उसके बाद से वो बोलती है कि जो लोग हमको समाज में पहले पूछते नहीं
15:50थे वह अभी हमको पूझ रहे हैं
15:52तो यह बहुत बड़ा बदलाव हम लोग का आया है और हम लोग अब सर छुपा के काम नहीं करते
15:58हैं सर उठा के काम करते हैं
16:00तो हम बोले अब सर उठाके का सर चुपा के सर उठाके क्यों काम ऐसा क्या पूल रहें तो फिर
16:05वो बूल रहें कि हम सर उठाके इसलिए काम कर रहे हैं अधरनी प्रधान मंतिरी जी के द्वारा क्योंकि अब
16:10तो हम अपने सांसत जी को भी देखते हैं अपने विधायक जी को भ
16:27पराई लड़ते थे आजारी का अंदोर्सम भी चलाते थे लेकिन वह बहुत बड़े सोशल डिफॉर्मर भी थे समाज में जो
16:34बुराईयां है उसके खिलाब वो हमेशा कुछ न कुछ करते रहते थे आवाज उठाते थे हमें भी हमारे समाज में
16:43निरंतर रिफॉर्म भी हो उस
16:57इसलिए ये स्वच्चता के साथ जुड़े हुए हमारे भाई बहन हैं उनको गरिमा मिले उनको सम्मान मिले उनको हम गले
17:06लगाएं क्योंकि वो समाज को कितनी बड़ी सेवा देते हैं उस सेवा का सम्मान होना चाहिए ये समस्कार समाज के
17:17एक-एक घर में एक-एक व्यक्ति
17:20के जीवन में आना चाहिए ये सिरफ जब मैंने प्रयाग राज में जो सफाई का काम करते दे और जिसके
17:29करण प्रयाग राज में हमारा कुम पूरी दुनिया में स्वच्छता के लिए मशूर हो गया था भारत की इज़त बढ़
17:36गई थी तो मेरा मन कर गया आगे जिनोंने भार
17:50प्रयाग राज में सभी हमारे सफाई कर्मी भाई बेहन थे उनके पैर धोकर के करके उन्हें भारत का संवान बढ़ाया
17:58था उन्हें ने वहां के लोगों को स्वाच्छता दी सुभी दादी वो तो एक है लेकिन उनके उस काम के
18:04कारण देश को संवान बढ़ा था तो इसलि�
18:07कोई समाज में छोटा नहीं है समाज में कोई काम छोटा नहीं है आपकी सिवा यात्रा के माध्यम से आप
18:16भी जरू अनुभव करते होंगे आप भी सिखते होंगे और आप ये संदेज भी पहुंचाते होंगे आईए बहुत बाते हुई
18:24आगे किसे के साथ बात करेंगे
18:29धन्यवाद प्रजीब जी माने प्रदान मंत्री जी अब मैं आपकी अनुमती से जिल्ला ललेटपूर उत्तर पदेश में हमारे जो सेवा
18:37यात्री है
18:37श्री रोहित सन्यासी जी जो मुलता उत्तर प्रदेश से ही है उनसे विंटी करूँगा कि वो आए और आपके समख्ष
18:43अपना अनकों केशन प्रश्चित परे गोई जी नमस्ते
18:50साधर प्रदान मंत्री जी अभी कहां पहुंचे हैं आप लोग अभी माननी जी मैं ललितपूर में अपनी टोली के साथ
19:01पहुंचा हूँ
19:04आप सब ठीक है ने कोई कठेनाई तो नहीं हुई है ना जी नहीं भाई साब एक नहीं उर्जिया के
19:10साथ पूरी टोली आगे बढ़ रही है और रोज अपने मार्ग पे एकदम तेजी से आगे बढ़ रही है
19:19तो सब राज्यों की विशे में भी जानकरी लेते हो नहीं जब कहीं रात को रुकते हो लग लग राज्यों
19:26के विशे में जानकरी लेते हो नहीं लेते हो
19:30हमारी जो सेवा टोली है इसमें हर्याना और 36 गड़ के सेवा यात्री है और एक परिवार जैसा माहौल पूरी
19:41टोली के अंदर बन गया है
19:42हम लोग साथ में उठते बैठते हर सेवा कारे जो भी है सब साथ में मिलके करते खाना पीना हर
19:49चीज मतलब एक परिवारिक माहौल बन गया है पिछले 6-7 दिनों में साथ रहते रहते
19:54आपकी टोली में है कोई यो पहले गुजराद गये हुए है हम ही गय थे भी छे महीने पहले मैं
20:03गुजराद गया था और कोई गुजराद से परिचित नहीं है इसमें ये वहाँ पे अभी कोई परिचित नहीं है
20:11अचा तो किया और ने तो गुजरात देखा हुआ है, तोईन सब को बताया, गुजरात में कहां कहां जाएंगे, यातरा
20:18के बाद वहां रुकेंगे, तो क्या कै देखेंगे, इसका कोई प्लानवान किया है, भाग जाओगे?
20:24नहीं नहीं हम लोगों ने पूरे प्लानिंग की है कि वहाँ पे स्टेच्व आफ लिबर्टी और वहाँ पे जो अमेरिका
20:30में है तो अमेरिका ही आओगे
20:36नहीं नहीं वो यूरिटी है जी जी जी हाँ देखिए यही है हम लोगों का काम की सही बात हम
20:48भी आद रखे और गाउं गाउं तक सही बात सही शब्दों में पहुँचे वरना क्या हम लोग सबको पता ही
20:57है सबको पता ही है समांते ऐसा नहीं होता है हर चीज की बारी क्या लो�
21:09हाँ रोई जी बताईए आपकी आवाद नहीं आ रही वहाँ पर हाँ बताईए अब सुना ही जे रहा है
21:20जी भाई साथ तो वहाँ पर हम लोग द्वार क्या धीस जो पानी समुद्र के अंदर कॉरिडोर बना है ये
21:29सब हमारे हर्याणा वाले भाई और
21:31136 गड़ वाले भाई ने बोला कि वहीया वहां चलेंगे तो यह यह चीजे घूमना है यात्रा के दर्मियान जो
21:43आप सेवा का संक्र पर लेकर के चले हैं सेवा कि कौन सी ऐसी चीजे हैं जो आपको लगता है
21:52कि सबा इस सेवा के कान किता है बदा हमें भी संतोस मिलता है जहाँ
21:57सेवा कर रहें उनको भी संतोस मिलता है तो बता सकते हैं अनुभव जब हम लोग यात्रा लेकर खजुराहों के
22:08पास पहुचे तो रात में लगभग साधे नौ बजे का टाइम था और उस समय मैंने वहाँ पे देखा कि
22:14रात में साधे नौ बजे लगभग सव की संख्या में ब
22:19बच्चियां बच्चे सब खड़े थे और वहाँ पर हाथ में एक बोड लिये थे जिस पर लिखा था कि प्रधान
22:26मंत्री जी को जैसरी राम सुक्रिया तो हम उनसे पूछे हम कहें एक चीज ये बताईए आप लोग इतनी रात
22:36में और इतनी ज्यादा संख्या में यहाँ पे
22:42क्यों खड़े हैं तो उन्होंने बताया एक दादा जी थे जिनकी एज लगभग 72 थी उन्होंने बताया कि बच्चा जब
22:52हम लोगों ने यहाँ पे बुंदेल खंड का जो छेत्र है यहाँ पे खून तो आराम से मिल सकता है
23:00था पहले लेकिन जल खोजने के लिए बहुत कठि
23:04जिनाईयों का सामना हमको करना पड़ा और इस समस्या का निदान आज तक कितरी कोई भी सरकारें वह इसके बारे
23:11में बीचार नहीं किया लेकिन हमारे मोदी जी ने केंद सरकार की जो योजना ये केन और बेतवा पर योजना
23:19जो लाए हुए हैं ये दो साल तीन साल में जब �
23:23कर त्यार होगी तो जो चीज की पीड़ा हम लोगों ने सहा है वो हमारे बच्चों को इस पीड़ा को
23:30नहीं जहेलना पड़ेगा और हम सुकून से ये आसा करेंगे कि हमारा बुंदेल खंड पिछले अगले दो तीन सालों में
23:38हरा भरा हर प्रदेश की तरह दिखाई देगा तो
23:51लोगों के दिलों में किस प्रकार से अंदर तक एकदम अपनी जगे बना ली है और कितने अच्छे से वो
23:59लोग इतना ज़्यादा आपको वो बोले कि अगर वहां जाय रहे हो तो मोदी जी को मेरा राम राम बोल
24:04दियो
24:06चलिए मेरा भी राम रामन को बता दिजिए अब आप लोग नौजवान है आपने देखा होगा बुंदेल खन में इतने
24:14बढ़िया बढ़िया किले हैं क्या कभी उन चीलों की तरफ नजर गई पहले सुना भी नहीं का और कभी मन
24:20करता है कि आत्रापूरी होने के बाद कभी �
24:23दो-चार नौजवान की टोली बुंदेल खन के हर कीले पर चड़ेंगे और हर कीले को देखके आएंगे ऐसा मन
24:29में इच्छा होती है कि सबको जी एक दो जो पास में नस्दीक में पढ़ते हैं वहां पे हम लोग
24:37सच्छता अभियान एक दो किलो पे जाके किया है यह बहुत �
24:42किले की सभाइक यह बहुत अच्छा किया आपने अपको मालू होगा महराश्तरे हमारे मुश्यमंत्री जी मैं उन्होंने खुट ने जाकर
24:50के ञें लोग ले नेट्रत्तव किया था यह करना चाहिए है यह बहुत अच्छा काम किया अंधिन आपको मालू है
24:57ने मठा और अलू
25:02मठा अलू खाई जाता है नहीं खाई जाता है जी जी जी जी हाँ मैं जब जी गया बुंदेलखन के
25:11लोगों ने मुझे बहुत प्यार से खिलाया
25:15जी देखिए साथियों जब जी आप राते में जाएं आप लगातार सेवा का काम करते रहें
25:21स्कुल के बच्चे हो गाउं के भुजुर्ग हो हमारी योजनाए हो उसी योजनाओं को लोगों को लाप मिलें और लोगों
25:30को ये भी प्रेरित करना चाहिए
25:32कि देखिए ये देश को विख्सित भारत बनाना है तो हर किसी को कुछन कोई काम करना पड़ेगा
25:43दो-चार लोग करते रहें इससे बात बनेगी नहीं ये भाव हरे के अंदर जगाना है आपको दूसरा आप जो
25:52अनुभव है आपके उसको लिखिए लिखने का समय नहीं तो मुबाइल फोन पर टैप कर लीजिए और जब यात्रा पुरी
26:00होने के बाद जाएंगे तब लिख
26:11बनाना लोगों से नंबर लेना लोगों के मुबाइल में नमो एप डाउनलोड कराना यह सब करते हैं क्या जी जी
26:21जी ची भाव साब चलिए बहुत बहुत सुपकाम ना है आगे कौन है बात करेंगे जी नौशकार मन्ने प्रदान मंत्री
26:32जी आपके अनुमतित से मैं अभी �
26:35जिला सागर मध्यप्रदेश में उपस्तिर श्री अमन अग्रहरी के जो 36 गड़ से हैं हमारे सेवा यात्री उनसे निवेदन करूंगा
26:41के वे आए और माने प्रदान मंत्री के समक्ष अपना अनुबव कथन प्रस्तित करें
26:46हमन जी नमस्ते नमस्ते रादे रादे रादे रादे हम बहुत अच्छे से हैं सागर जिला पहुंचे हैं और सागर जिला
26:58की साथ ही हमें बहुत अच्छा परिवार भी मिल गया है इसके इस परिवार में हमेरे तमिलनाटू के कुछ साथी
27:04है हमारे बड़े भाई हमारे इं�
27:24तो आप पुराने मद्यप्रदेश से और नए मद्यप्रदेश में जा रहे हो
27:29जी जी मैं आते वक्ती बात बुला भी था कि मेरा जनम तो वाकई में मद्यप्रदेश में ही हुआ है
27:34लेकिन आज माननी अटल भी हरी बाजपी जी के कारण हम कहीं 36 गर में पल रहे है अज़ा बताईए
27:40भाई क्या अनुभव रहा है आप गर परिवार में संपर रहता है रोज डेली बात करते होंगे घर में सारी
27:49बाते बताते होंगे हां जी तो ऐसा तो नहीं है सारे यात्री जै
28:04नहीं बिल्कुल भी नहीं भलकि अहां एक मेरा सुकमा का एक साथी है जब लोग कई बार वह सुकमा का
28:09अपने इंट्रोड्यूस करता है उसे वह कई बार नकसली के ओग नाम से उच्छ देते हैं वह आप तो नकसली
28:15छेत्रे से हैं ना तो वो सुनकर कहीं न कहीं मेरे पर एक
28:33चाहिए आप ठीक है वो समय था और जनता याद रखेगी उनको अभी बताईए हाँ ऐसी ऐसी भैंकर तिती थी
28:42यह स्थिती का बढ़न जिरूर कीजिए छुपाईए मत और फिर बताईए कि दीरे दीरे करके दस साल में क्या बदलावाया
28:50और सुकमा अब सुकमा बन गया है �
28:54यह सब को बताईए आप जी जी बिलकुल और एक अनुभाव रहा है है हमनों का कि हम लोगे क्यातरा
29:02के दौरान अपने सागर जिला में ही एक बंड़ा इस्थान पर रुके हैं कल वहां एका आरती पुजन में हनुमान
29:08जी के संभिलित होना हुआ वहां कुछ महिलाएं वहां
29:24जैसे उन्होंने हात रखा तो हमने माताजी से पूछ पढ़ा माताजी आप क्या इस यात्रा के विशे में जाती कि
29:30हम कहा जा रहे हैं तो माताजी ने कहा बेटा जादा कुस्तों नहीं जानती लेकिन अवस्थी ये राम का काज
29:37है जो प्रभू भनुमान जी आप लोगे मा�
29:50इंगर डालके रहते थे आज घर से जो आगे आकर मंदिर आ पा रहे हैं आज सामने नेत्रित तो कर
29:57पा रहे हैं ये कहीं न कहीं मोदी जी का किया हुआ एक वातावरण निर्मित हुआ है महिलाओं के लिए
30:02और इस वातावरण को निर्मित करने में वाकई में आज की सरकार न
30:20अग्षिनाओं के लाब मिल रहा है उसके चक्कर हमने उनसीस उठा कर चड़ना ठीक पाया है और हमारे हां स्वयम
30:26पुरे जो भारती जन्ता पाल्टी के जिलाद्धच की जो नेत्रितों करता है आज स्वयम एक हमारी रानी को स्वाहदी दिख
30:33कर रही है इनके नेत्रितों में �
30:35एक महिला को कम उमर की महिला को इतना पड़न इत्रितों देना भी एक उधारन योग्य है ऐसा करके उन्होंने
30:42एक दो एक्जामपल भी रखे इसी एक्जामपल के दौरान उन्होंने बताया भी कि मुझे भी कहीना कहीं लाटली बहना योजना
30:48की अंतरगत सिवराज मामा जै
31:05कि में दो देशन है कि इन जन्रा आध पीड़ी को सारी चीजों की किए जानकार्या कि क्योंकि है
31:16तो तो नाज जो युवापीडी है वो तो हम घब आये उसके पहले तो वोगों बाandrestalka होगा जाफा कोई 20
31:24साल का होगा उसको उस सम्हाएं का कुछ
31:26मालूम नहीं होगा अभी झभ युवाऊं से बात करते हैं तो उनको पता चलता है क्मजा परया बड़लावास ऑ
31:33हाँ जी एक वारतालाप मेरी स्कुल की कुछ बहने वहाँ पस वंदे मातरम गीत करने आई हुई थी, उनसे जब
31:39मैंने समवात किया कि बहने ये वंदे मातरम गीत के विसे में आपका क्या मनुध्यान होए, क्योंकि बड़ा भाव विभूर
31:46होकर वंदे मातरम को अंदर से गा �
31:47तो उन्होंने बड़ी सालिंता से कहा कि भीया मेरे हाँ पिता जी जब भी मैं इसकुल से वंदे मातरम सिख
31:54के आती, घर पे उनको बताती तो थोड़ा दुखीत होते थे, पिता ये अधुरा है, ये अभी भी पूर्ण नहीं
32:00हो पाया है, जब वो मुझे सिखाए, मैंने उस
32:17जी से परमिसन लेके मुझे गुलाया जाता है भीया, कि दिदी, आपको उस कारेकर में वंदे मातरम गीत प्रस्तूत करना
32:23है, थोड़ा साप समय नहीं का लेंगे, ऐसा करके, मेरे को बड़ा अच्छा लगता है कि वास्तों में पुरे भारत
32:28देश के राष्टी गीत को मोध
32:40वड़नगर जा रहे हैं, तो उस धरती को मेरी तरब से भी नमन कर दीजिएगा, और गुजरात भी देखिये, जानिए,
32:50वड़नगर को देखिये, जानिए, क्योंकि काशी की तरह वो भी हजारों साल पुराना गाउं है, बहुत सारा इतियास उसमें समाया
33:02हुआ है, तो आप
33:03जरूर देखिये, जानिए, चलिए आगे कौन है, हमसे कौन बात करेगा, जी, माने प्रदान मंदिर जी, मैं आपकी अनुमती से,
33:14जासी महानगर से, जो स्वी समीरन दास, जो की पस्चिम मंगाल से हैं, हमारे सिवा यातरी, उन से निवेदन करूँगा,
33:21कि वे आएं, और मा
33:26जी नमस्ते, जाइमा दूरगाप, मोदी जी, समीर जी, आप कहां से हैं, मैं बंगाल से हूँ, मिल्भी जिला से, पुरू,
33:38तब बंगाल के लोग तो अभी तो दूरगापुजा में तयारी में लगे होंगे, आप कहां या गूपरे हो भई, एकदम
33:46एकदम सब लोग दूर�
33:56के आगे बढ़ा रहे हैं, इसलिए हम लोग माता जी के लिए गाउं का सब लोग है, और हम लोग
34:05आपका सपना, और हम लोग का सपना सखार करने के लिए सेवाक संकल पोविजान के लिए आए हो,
34:10हजा आपने सेंकलों गाउं की यात्रा की है, बीते बारा बर्शों में भारत में शहरों और गाउं के बीच का
34:19जो गैप है, वो काफी कम हुआ है, गाउं में इंफ्रासक्टर भी बैतर हुआ है, हमारी बेहनों बेट्शों वो भी
34:27आत्मनिर बढ़ता बढ़ी है, सेल पेल्�
34:34ड्रोन दीजी मिली होगी, कहीं पर लगपदी दीजी मिली होगी, कुछ बढ़लाव आप महसूस करते हैं, क्या लोग बताते हैं,
34:40बढ़लाव की चर्चा करते हैं, क्या?
34:43जी मोदी जी, मैंने दो जगा हमके सबसे अच्छा लगा मोदी जी, जैसा करपदेश में एक गाओं है, गाओं का
34:53डाइरी में नोट करा हुआ है, तो गाओं में गिया, मोदी जी वहाँ पे जो स्कूल में हम लोग पहुँचे,
35:01तो वहाँ पे जब स्कूल में पहुचे, दो
35:12वश्टे यस्ते खेलते खेलते पड़ाई कर रहे हैं।
35:14जैसा मैंने पूछा माता जी को पूछों, जे हो यहां से क्वेगा स्कूल काइसा है।
35:21आपको कैसा लग रहा है।
35:23बोला यहां से दस साल पहले जो शासम करता है, उसमें एह स्कूल में सिक्षख होता ही नीता।
35:42पानी करते हैं वह सब्सक्राइब कोई अनुभव है क्या बताना चाहते हैं कि आप चीज है मैं हम रिज़ जाएक
35:51बना रहे से मोमा जला पहुंचे है तो रस्ते पे अचानक बारी सोड़ लिया था कि इसी गाप बजे से
35:58में में और मेरा जी बाइक का साथी है पुलिपी का वह
36:02बाइक कान पुर्चव है तो एक साथ हमी बुटे तो अच्छा पानी पीजी ने पानी पिला और बूला है कहा
36:22जा रहे तो मैंने बोला माता जी हमनों का जो संकल पे है सेवा संकल पे हम लोग बनावस से
36:29गुजरा तक जा रहे हैं मोदी जी का गाउं
36:36मैंने बाता जी को पेछे माता जी आपको बात्चवफिकर सरकार में या मोदी जी का संकार में आपको क्या सुविदा
36:45शुबीडा मिला
37:01सबस्क्राइब करते हुए जला के अब लुखका इस का चुल्क ना
37:11जलाके अभी अर्मी मोडी जी पहसासन कारी में हमें इसकी शूखा इसका रहता है
37:42उसमें माताजी का माता जो बोला है हमें मोधित को
37:50कि ये मेरा भी प्रणाम कर दीजिए। खालिए बहुत अच्छा लगा मुझे, क्यों कि
37:57कि आप लोगों को विकलना होगा दिन दो को वह दोते रहना होता है। सेवा का काम भी करना होता
38:04है। सेवा का संदेज
38:10बोड़ जी औरी चीज में हम लोग जैसा बंग्डाल से हम लोग का साथ इंटर पर उसका पूरा चेटर से
38:22हम लोग है हम लोग संकल के श्टाने एक नारा किया हुआ है
38:30एक नारा क्या है तैने बोटे तो एकी नारा एकी नाम जैस्री राम जैस्री राम जैस्री राम वाह। चलिए बहुत
38:44अच्छा लगा मुझे अब आगे क्या कार कम है भई
38:48जी धन्यवाद समीरन जी माने प्रदान मंत्री जी आगे का करम में शुरू करूँ वैसे तो अनुबव कतन का करम
38:55पूर्ण हुआ है पर आपके अनुमती से एक अनुबव मुझे कहना है कि कल में पूशकर जिल्ले के केसरपूरा गाउं
39:01में गए थे और वहाँ पे लाबार्थ
39:17हो रहा था कि अभी भी यहां पे चूले में चाइब बना रहे हैं वैंड़ नहीं नहीं आप इतना दिकत
39:22मत करिए तो शीवराम की मेरे बोडी लैंगेज को समझ गये वो बोले के साफ यह चूला तो अभी हम
39:27शौक से यहां पे खाना बनाते हैं हमारे यह पर उज्वला यो�
39:46इतना से उनके घर में इतना बदलाव आया तो माने प्रदान मंत्री जी इसके लिए मैं आपका बहुत धन्यवाद प्रकट
39:53करूंगा और अभी मैं आपसे ही बिंति करूंगा कि आप हम सभी सेवा यात्रियों को अपना प्रेणादाई मार्दर्शन प्रदान करें
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