#pakistani #classic #ptvdrama #old #drama #ptv #1000subscriber #100k #1ksubscribers #1millionviews #famous #pakistanidrama
Category
📺
TVTranscript
00:28बहुत जुरूर बंदानों आईटी करें से
00:31अरे बाबा जुरूर अरो जुरूर ना क्या होता है बस आम फह्म अंदाज में कुछ हकाइक बयान की हैं और
00:37क्या है एलव हा फैयाज क्या हो आई आईशी आए ठीक है आई समझ गयाँ समझ गयाँ थेकि तो मुझे
00:58इदरी से पिक कर ले नौँ
01:01कि खारिय तो है सर अधार यह एक तुम्हें ब्रीफ बनाई है तो सुनाओ
01:10एक तो सर यह बड़ा मामूली सा केस है इसे क्या मतलब तुमारा बांडिट लेबर का केस है जब लिम
01:18शक्का एक बटा मजदूर रहा है सर नियामत तुम्हें
01:25मामूली से केस से तुम्हारी क्या मुराद है तुम्हारा मतलब है कि अगर यह किसी सेट का केस होता किसी
01:33बड़े सरकारी अफसर का केस होता किसी जागिवदार केस होता तो यह घर मामूली केस होता पशीर साहरा हर केस
01:40का मैरिट मौकल की फीसल डिटर्मन नहीं करते कुछ और ब
01:55अध्यामाला में भटा मजदूर मेयामत ने भटा मालिक से पांच हजार रुपए पेशकी लिए ये पेशकी खास टर्म है सब्सक्राइब
02:02फिर उसने पेशकी अदा कर दी और बकॉल उसके आजाद हो गया लेकिन भटा मालिक का लिहास जो मजदूरों पर
02:08टॉर्चर और जबर
02:26भटा मालिक ने उसके खिलाव पहले से चोरी का मुकदमा दर्च कर वाया हुआ है अब कुछ बटा यूनिन वाले
02:32बिल कर रिकत्लों कर उसका केश लड़ों है सर
02:37इसी वारा क्या ख्याल है ये शुक्स नियामत ये सच कह रहा है मेरा दिल कहता है सर वह सच्चा
02:45है
02:47तुम्हारा दिल कहता है हां कुभी कुभी दिल ठीक ही कहता है कब आए गए ये शुक्स क्याना नियामत सब
02:59मुझ बैठे हो है अच्छ तु बुलाओ ने
03:15अच्छ तुम्हारा ना ना जानता हूं तुम जूत नहीं बोल सकते हैं
03:37मैं तुम्हारा मुकदमल होंगा और जो तुम्हारे साथ जुम हुआ है इसकी रिपोर्ट भी दर्च होगी
03:54हलो और यार जो कह दिया है यार मरे क्यों जा रहे हो चले जाएंगे कल 10 वजे
04:03आप केस की तफसील पर यार करें जादा वाद जूटा रहा हुआ जूनता रहा हुआ जिस तो नहीं की गई
04:15वह एसा ही होता है भाई ऐसा ही किया जाता है गौवर्मेंट यह तवक्व करती है कि बास अलाहियत लोग
04:23अपने टेलिट को मुस्वख कामों के लिए इस्तमाद कर
04:27वाई दो भी यह मुस्वख काम होते कें हैं जनाव जर्यद � superiority मुस्वख कर्याजी में नफी को नफी से
04:36जर्ब
04:36दो मुस्वख को जाता है मगर यहाँ पर नफी को की में जमा करो तं मुस्वख को जाता है बाहराल
04:43हमें मौटाद रहें इस फिल्स बजिन ठीस
04:48अब मैंने दूसरा मजमून लिखा है इस बाइदर मुटाद होके वो लेते जाना आ इम सुरी भई फिलहार दोगे मुंकिन
04:54नहीं है बलके बिल्कुर ही मुंकिन नहीं है वो इसलिए के अभी वो लोग बलके कोई दी अख़बार नमारा मजमून
05:02नहीं चाहते हैं
05:02है अभी सिरिस सो फीसद को कोई दी अख़बार मुझे नहीं चाहतेगा है आइसी आइसी तुम की समझाती है यासमा
05:18क्यों परेशानिया पैदा कर रहा है अपने लिए और अपने खांदान के लिए मेरे ख्याल में आप इस मौज़ों पर
05:25नाहीं बात करें तो बेहतर है अज़
05:35बच्चे कैसे ही और आल्या भावी इतने दिने से मुना काती है इनसे
05:53अज़कल कोई खास केस खास केस हाँ बहुत खास केस है बहुत खास केस है
06:02आइंदा बडे मारके होने वाले है भट्टा मालिक इल्यास अ थॉर्चर श्लेव लास्टार
06:13मिलाओ, आई शल्टोट यर फानली नमबर वन अर्टिकल अप अप इन अप इन दिवर्सलेशन देखलेशन अफिमन राइस
06:32टांक्यों लोग लोग लोग लोग अई सब ऐख और है नसीम, ठीक है वो खुद मुक्ताद है अपने मरसी का
06:41मलक है, लेकन तुनहारे हौाले से मुझे भी हख पहुचता है कि मैं कुछ बात करूँ का, वो एक अच्छा
06:48कानुनतान, कोई कोई शस्ते किसम के इंकलाबी लीड
06:56पिर सस्ते और बढ़िया भी होगे हैं इस बात का मुझे हिल नहीं था
07:02अब वो आयाज एक कानून दान है और कानून किसलिए होता है
07:09इंसाफ के लिए जस्टिस के लिए और यहां पर जस्टिस की सबसे ज्यादा जरूरत किसको है
07:16यह जानने के लिए गयर मामूली जहानत की जरूरत नहीं होती है
07:21आयाज की आमदनी अधी रह गई है खुविया पुनिस उसके पीछे लगी हुई
07:31अब वो आप जानते हैं कि यह उसके लिए असूल का मामला है
08:00जो काम भी करें ढंग से करें अपने डिस्टिन से मदद ले
08:06क्या है कि वो मेंस्पिल कॉर्परेशन के मेंबर की तरह जो कोई भी आता है उसके साथ कोड़ चला जाता
08:13है
08:19अबू आप आयास के काम में दखल ना दिया
08:33आओ जर चले अब इससे बहस फजूल है
08:43मुझे अफसूस इस वाप कहना सीन के मुझे लगता है कि तुम अपनी कुवत फैसला और अपनी समझ पूछ खत्म
08:51कर चुकी हो
08:53तुम्हे ना हमारे मशलों की जलूलत है ना हमारे सरप्रस्ते की
09:01लट्स गो
09:09क्या नहीं आसकते
09:12नो, नो, नो, खाए हमस्ता हम
09:16ठीक, ठीक, ओकी
09:24खलीक भी नहीं आ रहा है
09:26क्या हो गया इन लोगों को
09:29मेरी मश्कूक जिंदगी में शामिल नहीं होना चाहते
09:36तुम ऐसा करो के
09:39कैंसल करो यह शादी की सालगिरा की पार्टी
09:43ऐसे भी अजीब ठको उसला है
09:45लोगों को इस बात से क्या दिल्चस्पी
09:47क्या खुशी इस बात पर के छे साल गुजरने के बावजूद
09:50हमारी शादी पर करार है
09:52मामूली बात है
09:54यह कौनसा गैर मामूली कारनामा है
09:57पर कोई ऐसा मामूली कारनामा भी नहीं है
10:08तुम ऐसा करो
10:10सोजाओ जाकर ठक के खो
10:17मैं तुम जाता हूं लेकिन ठक
10:21ठक है नहीं हूं मैं भी
10:26तुम नहीं हुआ करे उनक दो
10:41आउ रही है शादीसाल के रहा है, हुआ बार्ण नहीं पुलक्ता स्तरों
10:52लूत रहा है
10:59हाउसलावने कुम भावी चादी की साल केरा मुपार्कोर्ण
11:03है आप आगे हैं मैं तो आगया हूं यह बाकी लोग नहीं नज़र आ रहे है कि लगता है कि
11:15सब लोग आयास का साथ छोड़ गए आपके लावा
11:24आयास का मैं सो गए उस लम्हे मुझे यू मैसूस हुआ कि नसीम आयास का साथ ऐसे ही देती है
11:32जैसे एक माँ जब एक जिद्धी बच्चे को किसी खतरनाक खेल से बास नहीं रख सकती तो उसका साथ देने
11:37लगती है
11:38मगर अंदर से खौफ ददा रहती है मर्द औरत के वजूद में सभी रिष्टों को तलाश करता है मगर आखिप
11:48मर्द ही क्यों तलाश करता है
11:51नसीम ने पुद्रत की इस बेनसाफी को तस्लीम कर लिया था मगर शायद कोसर ऐसा नहीं कर सकी क्योंकि वो
12:01सिर्फ औरत थी
12:08शी वाज दा वुमन वकर शायद वो जानती ना थी
12:17वो नहीं जानती थी क्योंकि उसके साथ क्या हो रहा है उसे क्या हो रहा है
12:26उसे मालूम नहीं हो पा रहा था क्ये जिन्दगी के दुखों और सुखों के दर्मयान जिस खला में वो तैर
12:33रही है उसकी असल क्या है
12:39वो कौन सी ऐसी शे है जिसकी कशिश उसे अपनी तरफ खींच रही है
12:47वो कौन सा खाब है जिसके सराब में बटक रही है
13:08सानी आजा है जे पॉक्त रही है जुचा का यह जो विए नहीं भराइब तो मैं कि अजवार नहीं है
13:19का शेट गुली से आजिवे करते लिए देलिगे आजिए जाधाय है
13:19का तो मत एटए कि दरे आज़ी एटे है
13:27का यह जो मत प्वाए है
13:34अपंदोमा प्वाए है
14:04झांचो
14:10काम जल्दी खतम करो मन्ने का भूख लगे है तन्ने को ने लगे अरे बंदा काम करें तो बागवाने भूख
14:18तो लगे है ना मन्नों भी भूख लगे
14:32प्राइटर दिखा प्राइट मन्ने मां ये छेमा चालाया तरे हाथ पे अरे पत्थर का काम है ना बागवाने चाले तो
14:45पड़े ही
14:47ये छाला पहले से कुछ ज्यादा बढ़ाना हुए है तो बागवाने मां ज़रा नरण हुए है तर तुभी है और
15:02क्या मज़ा आवे है मुन नहीं क्या पता
15:10अज़ा आप तम थक के चूर है जाई अग इसे थक कर चूर हो गए तो राद ये क्या हुए
15:16है
15:20चलूठ चलूठ खाना था
15:22तक चलूठ तर तक हम फसी आपने है
15:32नहीं हुए हुए है
15:33तर फे हुए है
15:35तर फेंख खाने परका प्लावी
15:42वड़या है
15:45ओ भाई मोती है वाले
15:48ओ ये हाट तो देते जा ना
15:50लोबाश आओ!
15:53एय महेंगा है, अईरबदा हिके?
15:57यह लो 5 परे
15:59लोबाश आओ!
16:00दो देदव
16:01लोईन अरु लोईना अरुलाओ!
16:05लोईना अरुलाओ!
16:05लोईना इसमेलाओ!
16:10वे तुबहरे मेरे कुछ लाओं काुछ
16:14खुश्बूओ
16:18अंकर बन करो
16:32मैं सहरा में मैं और मेरी चारल तरफ नहीं थी वह थे
16:42और हावा है और सुरज की पहली किरने जोटने सहरा की सुप में नवी पहती हवा जोटने सहरा की सुप
17:02में नवी पहती हवा
17:05जोटने सबस्केन की ने अज़ हैं और सडाय जरस और सबस्क्रीछ होड आयो है।
17:18तुम हो तुम हो
17:24नहीं तुम हो
17:30तुम हो
17:33तुम हो
17:35मैं
17:36मैं जाहती है जफर हम
17:46हम सहरा में बटक जाए
17:51अगर पानी का आख से पत्रा भी तुम हो
17:55और में तुम से पहुँ
17:59सबस्त
18:00अब में आर आगे नहीं जा सकती
18:05कहीं मर जाने चाहती है
18:14जेट की हवा का
18:16जेट की हवा का
18:17जो मौत
18:20जो केरा सुकूत है
18:24असलिशन लाटा
18:29अब फिर हम
18:32कुछ पी नहीं बोलेंगे
18:36कुछ पी नहीं बोलेंगे हम
18:40कुछ नहीं बोलेंगे
18:44कुछ पी नहीं बोलेंगे
18:51कुछ पी नहीं बोलेंगे
18:57कुछ भी, हाँ, तुम सच कहती है
19:09तुम कुछ भी ना कहो, मगर मैं तुम हरा दुख समझ जाती
19:15मगर क्या, मैं तु तुम्हे कुछ पता नहीं सकती, कुछ कह नहीं सकती
19:22हाँ
19:27इंसान दुख में एकठे होते हैं या फिर खुशी के चंद आखरी लम्हों में
19:34जो भड़कती आग जैसे गुज़र जाते है
19:39तो कह तो इंसान वहां भी कुछ नहीं सकता ना माँ
19:43लेकिन बेड़ा, लोग तु पूछ देवार देशावा होती
19:48और कॉंसर मुझे तो तुमसे डर लगने लगा तुम्हारे अंगल ना मालूम क्या तहक रहा है
19:54जब मैं पूछती हूँ तो तुम बाटें करने लगती है अपने भाई की तरह से
20:01तो टेक्नले की हूँ तुमसे
20:05तुम तुम नमास तो पढ़ लए हो ना
20:09हाँ माम पढ़ती हूँ
20:10और हकीम साब ने जो वजीफा बताया था
20:13भी करती हूँ
20:17पर, पर माम
20:25मैं प्रापस जा रही हूं लाहूर बच्चों के पास
20:30और जफर
20:35हाँ
20:37जफर के पास
20:40तू चली गई
20:42हाँ अभी तुम्हारे आने से कुछ देर पहले
20:53वेगन पर नहीं
20:56पिटा उसकी तबियट ठीक नहीं रहती तुम्हारे नहीं है और फिर
21:03और उर्तों की तबियट क्या है उसकी तबियट को
21:10कुछ
21:12बताती क्यों नहीं
21:14कुछ भी नहीं बताती मुझे
21:16मुझे भी कुछ नहीं बताती
21:18कुछ बता ही नहीं पाती
21:21तुम उसे ठीक तो रखते हो ना बेटा
21:24माजी मैं
21:26मैं उसे बहुत खुश रखने की कोशिश करता हूँ
21:29मैं
21:30मैं किसी चीज की कोई कमी नहीं छोड़ता
21:35खर
21:37आप से बेटर उसे कौन जान सकता है
21:40आप तो माँ हैं उसकी, हाँ, मैं उसकी माँ हूँ, लेकिन दिल, दिमाग और रूफ तो उसकी अपनी है, वो
21:53बच्पन में भी ऐसे ही निकल जाया करती थी, तितली की तरहां खुश्बू के पीछे, हन देखी और अंचुई चीज़ें
22:03उसे बहुत हांट करती हैं बेटा, ले
22:05लेकिन, बंदी का क्या पता होता है, कब, कहां, वो किस जहान में हो, बंदी का क्या पता होता है,
22:23कब, कहां, किस जहान में हो, मैं, मैं अच्छी नहीं हूना, जफर, बहुत बुरी हूँ मैं, है न?
22:37पिल्कुल अच्छी नहीं हुए
22:50यह यह मेरे सवाल का जवाब नहीं हूँ
22:56मैं तुम से यह पूछ रहा हूँ कि तुम चाहती क्या हो
23:01पस मैं
23:01मैं यह बहृत परिशान कर रही हो आपको है ना
23:10बहुत तंग कर रहिए आप को
23:17मैं आपके काबियों नहीं हूं जफर
23:22बहुत अप्रोल ऑग yield
23:23मैं भऌत है पुरी है
23:26बस बाप परियों देखो कॉसर प्लीज देखो मैं बहुत परिशान हूँ और यह और परिशान मत करो खुदा के लिए
23:47देखो तू
23:50देखो मुझसे तुम्हारा यह रोना नहीं देखा जाता बाबा
23:59अच्छे चोड़ो चोड़ो अच्छे प्लीज चोड़ो अब
24:06सुनो देखो मेरी तरफ देखो तो
24:13मैं मैं तुम्हारे लिए बहुत खुबसुरत चीज लेकर आया हूँ
24:18क्या
24:22सहरा की खुश्बू
24:26रेट की हवा
24:31सुरज की पहली किरने है न
24:36तब की आवास
24:38क्या कह रही हूँ
24:42भी बहुत खुबसुरत और बहुत कीमती चीज लाया हूँ
24:47अच्छा मैं मैं लेकर आदू
25:01यह देखो
25:12क्या हूँ
25:14क्याओ
25:23क्या हूँ
25:28यह
25:29यह
25:30यह
25:31यह
25:31यह
25:31क्या
25:31यह
25:34मैं यह नहीं के रही थी
25:56जीव से कर्ची
26:01पी ये तुझ सीम
26:06डायक्टर साथ
26:09भाई ये इतने साने रेफरेंसिस लाने की क्या ज़रूरत थी
26:12आप खुद आ गई
26:14इतना ही काफी होता है
26:19लोग सब
26:22तरसल
26:23मेरा मसला बहुत संगीन है
26:32क्या मसला है
26:35इंफैक्ट
26:38मेरी बीवी का मसला है जी
26:41बीवी का मसला भी पाहर हाल शोहर का मसला होता है
26:45आप बताएं तफसील से तसली से होता है
26:54इस वाके की बाद तु मुझ में हिम्मत नहीं थी
26:57सफर का सामना करें की
27:02इसलिए मैं नहीं यहां आगे
27:07तु मुझे यहां से निकालोगी तो नहीं न मा
27:11कैसी बातें करती हो बेटा
27:14मेरा मुर्गा इस घर से निकलेगा न
27:16फिर तुम्हे को इस घर से निकाल सकेगा
27:20अगर पिटा ओरत कासल घर उसके शोहर का घर होता है ना
27:33जी उसे बता कर तो आई हो ना
27:38नहीं नहीं राजम को बता कर आई हो
27:46कौसर पिटा क्या बात है
27:49क्या बात हो यह
27:52इंसान को कुछ तो पता होता है
28:00पस माँ
28:03तेरे जी नहीं रिता
28:07उचवाट रहता है मेरा देट
28:09पर क्यों
28:15मुझे नहीं पता न माँ
28:18नहीं पता न मुझे
28:21तुम तो मेरी माँ हो
28:23तुम है मुझे जनम दिया है
28:26तुम बता दो
28:29कोई पता दे
28:32कोई बता दे
28:33मुझे
28:35मुझे
28:36मुझे क्या है
28:39क्या है मुझे
28:42नहीं जोहांजा
28:44ऐसी कोई बात नहीं है
28:46यह जहनी मर्स वर्स कोई किस्ता नहीं है
28:50दोख सब अगर आप
28:53आप मुझे मुझे भी लेंगे
28:54बात भी कर लेंगे
28:55लेकिन
28:57मेरा ख्याल है के
29:00यह को मसला नहीं है
29:02बारहाल
29:04आप उन्हें किसी काम में लगाए
29:06यूनौ
29:09शेस्ट बोर्ट
29:10फैड़ाप
29:13उन्हें किसी काम में इन्वाल्व करें
29:17यूनौ
29:18नहीं कोई
29:19जावब
29:20कोई
29:23किंदार दें
29:27कुछ
29:28कुछ
29:29कुछ
29:29कुछ
29:30कुछ
29:30कुछ
29:30कुछ
29:30मेरा प्रॉबलम यह है के
29:43मेरा तालुक के
29:45सबींदार खराने से
29:48और
29:51बस कुछ
29:51ऐसा है के
29:54ऐसे घरों की ओरतें कहीं जॉब करें
29:57मायूब समझा जाता है जी
30:01और पिर
30:03अल्लह का दिया सब कुछ है यह सुब
30:09इसी
30:12जाब
30:13को
30:15मायूब समझा जाता है
30:17अ
30:22फिर भी
30:25कोई
30:25कोई और अक्टिविटी जूने उनके लिए
30:28जूरी है
30:31ये
30:33अमीर घराने की ओरत है तो
30:35खुद ही कोई
30:38मसूफियत जून लेती है
30:39कोई सोशल वर्क
30:41कोई
30:43क्लासिस वगरा
30:46कुछ सीखने लिए
30:47ये लिए
30:49पारहाल कुछ जूने
30:51कोई दिल्चस्पी जिसमें वो
30:55अपना
30:55इसहार कर सके
30:57एंसके लिए
30:58आइ
30:59के
31:02जी
31:05मैं
31:05मैं समझ के जङए
31:08बेल को दिल समझ के ज़ए
31:11थैंकि आकशाप
31:15आपकी
31:16पीस
31:17मत्ने पतले
31:18अ
31:19आप
31:23इतने सारे टैपरेंसिस
31:24अजय के आहां तो...
31:26जीक, जीक...
31:28में तो बीव जीक...
31:32क्यादि जीक जीक, मोचुक्री
32:06असल में भेंजी सफरा के गल्बे से बाज अकात मिराक किसी कैफित पैदा हो जाती है
32:15मगर असल मिराक में इकतलाल जहनी नुमाया होता है
32:19जबके यहां ऐसी कोई बात नहीं है
32:24असल में बेंजी यह रूहानी आवारे जहें
32:29जो वजीफा बताया है इन्शालला उससे शिफा होगी
32:34शाजी खुदा के लिए
32:37मेरी बच्ची तो बिल्कुल
32:39मुझे तो यू लगता है जैसे बिल्कुल हार गई है
32:42अपना फजल करेगा
32:45आप गबराएं ही इन्शालल सब ठीक हो जाएगा
32:49वो अजीज़म जफर को भी कुछ बाते समझाना थी
32:54मगर खेर
32:56मुझे लाहोर से तशीफ लाएं तो
32:58मतब से अत्विया मंगवा लीजेगा
33:00या फिर मैं किसी के हाग दिजवा दूँगा
33:03जैसे आप मुनासिब समझे
33:06आयो मुझे इजादत है बेन जी
33:09जी
33:13जी
33:29जी सर्थ
33:31बुलान दस्तगीर कुछ जी
33:42कि अच्छ जाए गुलान दस्तगीर
33:46वो इंक्वाइरी मुकम्मल कर लिये तुमने जी सर्थ
33:50जैसर शहर में उमरा हाई क्लास अपर क्लास जैन्ट्री की लेडीज जैनि
33:56खवातीन सर्थ उनके मशागल एक्टिविटी के स्कोप और
34:00कि सारी इंक्वाइरी मुकमल कर लिया सर मैंने बेसिकली बतावा कुछ इदारे हैं जहां लेडीज आर्ट सिखाए जाते हैं
34:10लेडीज आर्ट क्या मतलब यह सर मसलन चैनिस कुकिंग चीनी खाने इंब्रैडी सर जैसे किरोशिया और स्लाइट राई का काम
34:20आँ हाँ हमचे बालूब है यार चुलो आगे बोलो यह सर मेक अप क्लासेज पेंटिंग की क्लासेज सर यह सात
34:28इदारे हैं इन में एक इदारा
34:31लिफेमी की मालका बेगम जहां आरा का है सर बेसिकली बेगम जहां आरा तीरा जुलाई उनिस सो पचास को गुलाम
34:42दस्तगीर और मौज़ा तफसिलात की जरूरत नहीं है बस्टी गए फाइल मुझे ने रूप और जाओ उसे ड्राइवर को भीज़ें
34:51यह सर
35:01चूप और जब को भीजयम को अंग चानिस कुक है
35:18प्राइब को को प्राइब को बित खर रहाद मुझे है
35:29हम एंब ए इस अज़ दो?
35:34हम एंब एंब ए्टुरेफंगा?
35:42हम एंब
35:44हम एंब
35:48पहिज पहिजे दो?
35:58पेंटिंग पेंटिंग इंसान सीख सकता है मुसाफिरी इन मतलब है मैं इस वीने बनाना सीख सकती हूं
36:10हुआ चीने बिल्कुर अच्छा पर ठीक है अओके दन
36:19हुआ हुआ हुआ है
36:56अधर मुदाफ करता हुआ है तो इससे अदरा मैंने कीजिए कैस्टीज
37:10आप तो पर यची स्केचिंग कर लेते हैं
37:22आप की स्केचिंग तो बहुत अच्छी है
37:25आप तो ठीठाक कमाल है
37:28आप पर यह क्या कर रहे हैं
37:31आप पहुत अनलाग कमाली है अच्छी
37:34अच्छी, Mrs. Zafir
37:37आपका अपनों भी तो भी हो रहा है
37:41जी, कॉछ सिर्फ
37:44भी आपका अपना कांपरी बादे मुचे लेगा है
37:47आपका अच्छी स्केचिंग
37:54इस सब लोग में से बही नव्रक कर रहे हैं
37:56अच्छा
37:57ही च्छी की सबंस्कों स्क्राइब कर चाहिए
38:18उस्दीर है
38:24आपका अच्छी
38:27अलकर से टच से मूँचों से ऐसे भी कभी-कभी ये इत्लीन शेफ चेहरा वो अंडा सा नहीं लगता है
38:33हाँ ये तो है कभी-कभी अंडा सा तो लगता ही है
38:43आइसी बुद वसी ये एक अजाव है
38:47उपर वाले होन पर सकंडे सजाय ते रो पालते रो छोटी बड़ी की फिकर खाई जा रही है
38:53और पर इस बात की क्या ग्यारिंटी है कि आजमी रखे बारोब लगने के लिए और लुक दे कोई उठाए
39:00गीरे जैसी
39:00हाँ ये खत्रा तो मौझूद है उठाए गिरे की लुक देने का आखिर ये चोड़ा को भी तो अपनी मुचों
39:07से पहचाने जाते हैं ना
39:11तो इसका मतलब है कि ये क्लीन शेव पॉलिसी बेहतर है बंदा काफी नीचन क्लीन लगता है नहां ये तो
39:19सही है
39:19इस्ञान शक्राव निजीन साफ सुथरा लेकिं वैसे है व है कि मुच्चों से अदमी मर्दानिया अदमी में आ जाती है
39:31महन लुक तैनी
39:33महन
39:34खार आइज इसो बिल्कुल सही बात है
39:41कौह भूरी तुम की तुम कहने जा रहा हुं। तुम मनें जा रहा हु January
39:44तुम कहते हैं। मैं कहते हु इसका达 मैं का एपकूर कोरा की जॉज़्म्ट नहीं
39:49इसका बस्टर अखनी है। तो तुम कहने रहे है। तुम कहने मतलब।
39:58मैं मुद्दों से यही कर रही हुआ है तुम अचानक आज मूच्छों के मामले पर एहसास हो गया है
40:08आखिर मूच मूची होती है तुम जैसे भी होगे
40:17मुझे अच्छे ही लोगों के
40:21हम यकीन नहीं आता के इतना अरसा एक अठा रहने के बाद आदमी एक दूसरे को अच्छा लग सकता है
40:30हाँ तुम्हें बड़ा मुश्किल लगता होगा यह यकीन करना लेकिन
40:39खेर तुम घर कब आगे पता नहीं है आज मेरी एक बहुत अहम मीटिंग है
40:45मीटिंग हाँ आज शहर के तमाम लेबर यूनियनों ट्रेड यूनियन और जिल्ला के किसान यूनियनों के नमाइंदों के साथ मेरी
40:54मीटिंग है
40:56आज मैं बहुत अहम ऐलान करने वाला हूँ एलान हाँ आएंदा मैं सब लोगों के मुकदमाद के फीस नहीं दूँगा
41:06कोई डॉक्टर किसी जाम अलब मरीज की इसलिए मरद नहीं करेगा कि उसकी जेब में पैसा नहीं है कोई गानुन
41:12दान किसी से तमरसीदा मफ्लूक अलब शक्स को गानुन की दल्दल में डूब जाने देगा इसलिए कि उसके पास फीस
41:17नहीं है
41:19यह तुम बिल्कुल ठीक कर रहे हो अपने पेशे से ज्यादा कोई और चीज अहम नहीं होती तुम बहुत अच्छा
41:29कर रहे हो यहास
41:35अच्छा
41:38मैं चलता हूँ
41:40अच्छा सुनो
41:43तुम यह बूचे रखी लो
41:46अच्छा
41:48इसलीच
41:50आच्छा
41:52अच्छा
41:53कर देम
41:55कर दो कर दो कर दो
42:25बजवा दिया साल भर का किराया ठीकी ठीकी यह लानत भी है सुने गहां मेरे एक लाख भी सदार सर्वाइश्वाइश्वाइश्वाइश्वाइश्व
42:49हुआ हुआ हुआ हुआ है
43:07यह सर यह जरा प्रेस रिलीज देखें लेबर यूनियन के नुमाइनों से मीटिंग के बाद यह मेरा मतलब है के
43:16आएंदा आप इन केसिस की पीस नहीं लेंगे
43:18हुआ हुआ हुआ हुआ
Comments