00:00चाल चत्रभ्यान की और वीडियोस देखने के लिए सब्सक्राइब करें और बेल आइकॉन को दबाएं
00:36के इसरा की और ऋफ देएस्टा धиц Examples
00:38और में हमेघ्गर को को मिने इस बारài क्या ही ह मैं।
00:42दिमेंक लेखने के लोगे करेंखनी केऊ हुостेया इसब करेंगे.
00:59घिसरा आदयाजा करेंगी खीमा तेंगी आपसला चत्रषिन
01:03कुसरापुर है जब सकते हैं दो में फूरां है कि आपकर से ज़्टने की किसान्पूर।
01:221, walla डियाना खाल डिया कीछना एसे क्यों बहुत केुआ हो गया है एक
01:29किसान को भी करण सबसी को अब और वह सब्सक्राइब आगी उसका क्या करन कि सानों क्यों है
02:01तो क्या यूपी का रुख बदल रहा है या क्या हुआ पिल्कुल कोई मोधी गौट नी देगा
02:07किसान कितना मजबूत हुआ है अभी आगे और बारी शुरू होगी दान लग गया अब तो महीं पढ़ रहा है
02:15लेकिन इतना लंबा समय क्यों बात नहीं हो पा रही है क्यों यहाता जी मोधी जी यह सोच रहत है
02:23अग्या किसाना पांच चार दिन पर चल जांगे उन्हें यह नह
02:36और गलीना किस लिए-पीजिंजान तो यह निकालतंश किसले निकाला जारा है तो यह संदेश देने का कोसिस है तो
03:01यह अग्वारत्या किसान यू� denux की किकिता आट्र यात्रा है
03:06तो चुके 6 मेने से जएदा समयज है हो गया किसान वहाँ बैठे हुए हैं उनकी कोई भी सूद नहीं
03:13ली जा रही है और मैं समझता हूँ के करीब कोई 500 के करीब किसान जो है वहाँ सहीद भी
03:18हो गये हैं वो चाहे किसी बीमारी से हुए है या किसी दिक्कत की वज़े से हुए ह
03:24सारी बरसाथ सारी गर्मी सारी सर्दी इन किसानों के उपर से उत गई है और आज जो टेक्टर मार्च आ
03:32रहा है साहनपुर से गाजीपुर बार्डर के लिए तो यहां एनेच 58 पर यहां हम लोग मुझफर नगर के पूरे
03:41सिख समाज पंजाबी समाज के और से यह हमने लंग
03:45लंगर लगाया हुआ है उनकी सेवा के लिए जो लोग पक्र लेकर आ रहे हैं किसान लोग उनको चाय पानी
03:50पकोडों का फल का फरूट का यह लंगर हम लोगों नहीं यहां लगाया है पूरे समस्त सिख समाज मुझफर नगर
03:57की होगा है
04:12क्या उमीद है क्या लग रहा है इतना अंदोलन कहा तक चलेगा कब तक जाएगा देखो जी अजाती से पहले
04:18भी एक किसान अंदोलन नहीं हुआ था और वो आज तक का वर्ल्ड रिकोर्ड है कि इससे बड़ा अंदोलन नहीं
04:23हुआ और अब दोरा मुजी मोड पे खड़े है
04:25और इसको भी हम जीत के ही जाएंगे और हर हाल में जाएंगे जहां एक साल हो गया हमां दफ
04:31साल दी पर जाएंगे जीत के ही तो आपनी उमीद क्या है अभी हमारी उमीद कुरी है हम टटेवे हैं
04:38जहां एक साल से टटेवे हैं आज आज आप हमारा होसा देख लीचे एको दे
05:08है और है कि हम पिछेट में वाले नहीं है
05:21कि किसान के खिलाब में जो कानून बनाए तीन और चुट्टो मठ्टे तो निभाई रहा था कभी बिजली की महँगाई
05:27आगी कभी तेल पर पैसे पढ़ गए लेकिन जो तीन बील बने ये किसान की इसर ही आया भी तक
05:34इसान नाज को लिए फिर रहा कोई लेने वाड़ा नहीं
05:41सबके घरों में लगा पड़ा और के दिया किसान बहुत प्रेसान है इस सान नाज बेशने में अलग अलग जगह
05:50से किसान जुड़ रहा है तो इससे अभी तक क्या हासिल हुआ है किसानों को किस तरह का भाई-चारा
05:55से योग मिल रहा है जी जो आप उसमें मन मुताओ थे तो
06:25किसान आंदोलन का असर रहेगा उत्तर प्रदेश में या नहीं?
06:29किसान घ्राइगा आरे कि सरकार को गया और फिल देने वाई से तो को योग मिले यार जो यो जो
06:50गोड़ा है
06:51आपार, आपार, में ओपकानगा से तुराभे शाबू, हमुदान है।
Comments