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  • 2 days ago
Olympic Medals के साथ भारत के स्वदेशी खेलों को कैसे मिलेगा बढ़ावा?
Sports Authority of India के DDG Mayank Srivastava बताते हैं कि Khelo India Tribal Games का मकसद आदिवासी समुदायों और दूर-दराज के क्षेत्रों के खिलाड़ियों को राष्ट्रीय मंच देना है।
इसके साथ ही Mallakhamb, Yogasana, Thang-Ta, Gatka और Kalaripayattu जैसे स्वदेशी खेलों को बढ़ावा देने, आर्थिक सहायता और बेहतर प्रतिस्पर्धी मंच देने की योजना है।
उनके मुताबिक, Khelo India की grassroots-to-global pipeline अब नतीजे भी दे रही है। Manu Bhaker जैसे Olympic medalist भी Khelo India ecosystem का हिस्सा रह चुके हैं।

मकसद साफ है—स्थानीय प्रतिभा को पहचान, स्वदेशी खेलों को बढ़ावा और खिलाड़ियों को राष्ट्रीय से अंतरराष्ट्रीय मंच तक पहुंचाना।

Watch the full Episode - https://youtu.be/ccox4uudYWw?si=Go11l9MtAVaC2HKk




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Transcript
00:00मैंसर, खेलों इंडिया ट्राइबल गेम्स ने ट्राइबल एथलीट्स को नैशनल प्लाइटफॉर्म दिया
00:04आपके साफ से इंडिया के स्पोर्टिंग एको सिस्टम के लिए ये इनिशेटिव कितना इंपॉर्टेंट है
00:09जैसे मैंने आपको पहले बताया था कि हमारे खेल की ग्रेन म्हाने ।
00:18और एक विजन था कि खेलों को ऐसे क्षेत्रों में ले जाना और खेलों को ऐसे
00:28शमुदायों में ले जाना व्येलों को जो अब तक इससे वंचित रहेया या उनको एक्स्पोजर कम हुआ है
00:35उसी प्रेर्णा से हम लोगों ने हेलो इंडिया ट्राइबल गेम को शुरू किया एक ऐसा समुदाय है जो ऐसे ऐसे
00:43अक्षेत्रों में रहता है जहां पर पहुंच महींता है बहुत आसान नहीं एक्सेसिबिलिटी तो साथ ही साथ अभी जो सोशल
00:53इंडिकेटर से अभी वो उत
01:02उतना अच्छा नहीं हो पाया है तो हम लोगों ने इसलिए खेल इंडिया ट्राइबल गेम की शुरूआत की चतिस गड़
01:09का इसलिए चैन किया गया वहां पर जो हमारे जंजाती समाज है उनकी आबादी पूरे आबादी का 32 परसंट है
01:17और पूरा नौर्ट चतिस गड़ प
01:24बहरा पड़ा है और वही लोग वहां पर मजॉरिटी में है और ये उनको एक मौका देने का प्रयास्ता है
01:30एक प्लैटफॉर्म देने का प्रयास्ता कि हम उनको अवसर दें एक और्गनाइस्ट खेल उनके बीच ले जाए और वहां से
01:37वाकई बहुत सारे प्रतिवाशाली ए
01:53थी प्रमोशन अब रूरल इंडिजनेस और ट्राइबल गेम्स तो मल लखंब वह इंडिजनेस खेल यानि स्वदेशी खेल में आता है
02:02और हमारी एक सूस्थापित सूविचारित और यह कहलें कि बहुत ही सॉलिड स्ट्राटजी है कि सारे स्वदेशी खेलों काम उन्यन
02:14करे
02:14करेंगे उनको प्रमोर्द करेंगे उनको फिनांशल सपोर्ट देंगे और उनके लिए कंपेटिटिव माहौल बनाएंगे तो मल लखंब उसी तरह का
02:24खेल है यह कई जगह बहुत बहुत ही लोगपरी है और यह हमारे नियमित खेलों का हिस्सा है अभी तो
02:31हम खेलों इंडिय
02:44हिस्सा है सिर्थ मलका में नहीं योगासन भी है ठांग्टा भी है जो उत्तरपूर्व का खेल है और गटका है
02:53जो पंजाब का मार्शल आर्ट है कलरी पयट्टू है जो अगर आपने इंडियन फिल्म देखी होगी तो उसमें जो कमला
03:01हसन जो मार्शल आर्ट दिखाते हैं व
03:12वहां की रेस्लिंग है लोकल कुष्टी उसको भी आयो जित कर रहें नगालेंड सरकार का उसमें परस्ताव भी आया है
03:18तो इस प्रकार से हम सारे सोदेशी खेलों को बढ़ावा दे रहे हैं खेलो इंडिया से निकले एथलीट्स जब इंटरनेशनल
03:24पोडियम पर मेडल्स ज
03:41जिनने खेलों इंडिया स्कूल गेम पहला हुआ था उसको बाद में हम लोगों ना खेलों नियूद गेम कर दिया खेलों
03:46इंडिया उस गेम से शुरुवात हुई थी और आज स्थिति यह हमारा पिछला ओलंपिक परिस ओलंपिक हमारे जितने मेडलिस थे
03:54उसमें से तीन मे�
03:58तो उन्होंने जो शुरुवात की है मनू भाकर स्वयाम के लोडिया इनुट्रेश्टी खेल चुकी है जो अब japzar की Ramu
04:19वो खेल उंडिया का हिसा थे अभी आपने commonwealth का देखा होगा भारत कितना अच्छा प्रदर्शन किया बहुत अच्छा उसका
04:27रिजल्ट रहा जब कि बहुत कड़ते हैं बहुत ट्रंकेटेड टाइप का था और भारत के जो स्टेंथ वाले खेलेना शूटिंग
04:34नहीं था रेस्
04:48लेकिन भारत ने सो फर आज अबल तो रिकाल 39 मेडल्स जीते हैं और उन 39 मेडल्स में से 16
04:55मेडल हमारे खेलोंडिया अथलीट हैं तो इन ग्रैसरूट तो जो एलीट वाली पाइपलाइन मैंने आपको 360 डिगरी सपोर्ट और अब
05:05720 डिगरी सपोर्ट के माधियम से बताई थी
05:07सब्सक्राइब को सब्सक्राइब कारिए अबलोंड़ याणी आफ लेग्स्णा टेंडारि आपको कि विएए लिएता डिगरी साफ और प्राइब को आ.
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