जिस ईश्वर को पाने के लिए ऋषि-मुनि युगों तक तपस्या करते हैं, वो यशोदा मैया की गोद में माखन के लिए जिद्द क्यों करने लगे? देवकी के गर्भ से जन्म लेने के बाद भी कान्हा ने अपनी पूरी बाल-लीलाएं यशोदा मैया के आंगन में ही क्यों बिताईं?
इसके पीछे छुपा है सतयुग का एक ऐसा गहरा रहस्य, जहाँ देवी 'धरा' और वसु 'द्रोण' की घोर तपस्या के आगे स्वयं भगवान विष्णु को भी विवश होकर वात्सल्य प्रेम का वरदान देना पड़ा था! 🙏✨
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