00:02foreign
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00:14foreign
00:14this is the principle of the Konark Surya Mandir.
00:18It is not a religion, it is a religion of the
00:21religion, and the faith of the spirit of the
00:24religion and the faith of the stupidity.
00:27In the time of the Konark Surya Mandir,
00:30the king of the 13thIN shatabdhiy,
00:31the King of the Raja Narsinghar Pratham
00:35had been given this.
00:36It is known to be that this
00:38was a religion of Surya Dev.
00:39.
00:41.
00:42This album was named Suryadev of a Shadrath of Vision in the city, which took sath gho~?
00:50This is the best thing to do.
00:54The opening of the exhibition is the Shadrath of the museum.
01:10कि आज भी लोग इसे देख कर हरान रह जाते हैं
01:14मंदिर की दीवारों पर देवी देपताओं, नुरित्य, संगीत और दैनिक जीवन से जुड़ी कई कलाकृतियों बनाई गई है
01:23ये मूर्तियां उस समय की कला और संस्कृति की कहाने बताती है
01:29कई वर्षों तक ये मंदिर समुद्रवे के नारे आने वाले यात्रियों के लिए एक पहचान की तरह था
01:37इसकी भव्वता देखकर विदेशी यात्री भी इनकी प्रशंजा करते थे
01:43आज कुनार्क सूर्य मंदिर युनेस्को की विरिश्य धरोहर सूची में शामिल है
01:50और हर साल हजारों पढ़ियतन यहां भारत की प्राचीन कला को देखने आते हैं
01:58कुनार्क सूर्य मंदिर हमें यह यह दिलाता है कि भारत की प्राचीन सभिता कितनी सम्रिध और अद्भुत थी
02:07पत्तरों में लिखी यह कहानी आज भी पूरी दुनिया को भारतिय वास्तुकला की महानता दिखाती है
02:15लेकिन कुनार्क सूर्य मंदिर की सबसे दिल्चस्प बाद सिर्फ इसकी भाव्यता नहीं बनकि इसके पीछे चिपी सोच है
02:24मंदिर के पहियों की बनावट उसकी नकाशी और सूर्या की रोश्नी के साथ उसका सम्वंध देखकर लगता है कि उस
02:35दौर की शिल्पकारों को कला के साथ साथ समय और खगौल विज्यान की भी गहरी समझ थी
02:43शायद यही वज़ा है कि साथ सो साल बाद कोनार्क सिर्फ एक इतिहासिक समारक नहीं बलकि आज भी दोगों के
02:53लिए एक रहस्य और शोद का विशय बना हुआ है
02:58अगर आपको ऐसी ही भारत की अंजान इतिहास और अद्बुर जगहों की कहाने पसंद है तो हमारे चैनल को जरूर
03:07सुपॉलो करें
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