00:00शुक्रिया, मैं बांगला नहीं बोलती हूँ, काश मैं बोलती को बहतर होता।
00:04आप सबका शुक्रिया आप यहाँ पे आएं इस प्रेस कॉंफरेंस के लिए।
00:08पहली चीज़ जो आप इस प्रेस कॉंफरेंस से बोलना चाहेंगे वो यह कि कल जो स्टेट रप्रेशन जार्खन में जो
00:14स्टूडेंस अंगर्श कर रहे हैं अपने परीक्षा में हुए मैसिफ करॉप्शन के बाद उन परीक्षाओं को रद करके रीग्जाम की
00:22मांग को लेकर
00:23वहाँ पे जिस तरीके का वाइलेंस हम लोगों ने देखा, स्टेट रप्रेशन हम लोगों ने देखा, उसमें बहुत सारे आईसा
00:29के अप्टिविस सदर अस्पदाल के भलती हुए रात में, बहुत सारे लोगों को चोटे आएं, कॉमन स्टूडेंस को प्रोटेस्टर्स को
00:35चोटे आएं, तो उन स्टूडेंस के संघर्ष में एक बार फिर सॉलिडरिटी और जो ये दमन जार्खन सरकार वो पलीस
00:41में स्टूडेंस के ओपर किया है, उसको हम यहाँ पे इस प्रेस कॉन्फरेंस के माध्यन से कंडेम करना चाहेंगे, किसी
00:48भी तरीके का वाइलेंस उन
00:50स्टूडेंस के ओपर जो पीस्फुली अपनी मांगे रेस कर रहे थे, जस्टिफाइड नहीं है, और अगर कोई भी सरकार इस
00:57दमन को अंजाम देती है, आवाजों को शान्त करने के लिए, प्रोटेस्स को शान्त करने के लिए, तो वो स्टूडेंस
01:03करेगा और किसी भी तरी
01:06के सर उसके साथ खड़ा नहीं होगा, हम फर एक बार एटरेट करते हैं, कि जो परीक्षा में भारी मिस्मानेजमेंट
01:13हुआ है, उसको रद किया जाए, और उसकी जगा एक नया शेडूल बनाया जाए, ये सही बात है कि एक
01:19टुकी सिच्वेशन है, क्योंकि उसमें भरतियां
01:21हो गई है, लेकिन ये जो करॉप्शिन भुणा है, उसको अड्रेस करना भी अकाउंटबिलिटी का एक हिस्सा है, और उसके
01:28साथ-साथ TDPL जैसे जो प्राइविट एजंसी हैं, जो इस एक्जाम, इन एक्जाम को करवाती हैं, और फिर हर साल
01:34इस तरीके का मैसिफ मिस्माने�
01:46करते हैं, बंगाल में जो टीचर्स का मूव्मेंट चल रहा है, जिसके लिए बहुत सारे टीचर्स संघर्ष एक लंबे समय
01:55से कर रहे हैं, उन टीचर्स के संघर्ष के साथ solidarity हम यहां पर इस प्रेस कॉंफरेंस से देना चाहते
02:01हैं, और इसके बार आगे अगरम चलते हैं, य
02:16जो possibility जनतर मंतर और देश भर में जो अंदोलन चला, धर्मेंद प्रधान के स्तीफ़े की मांग को ले करके,
02:24उसने जब एक victory register की, धर्मेंद प्रधान का स्तीफ़ा ले लिया, उसके बार जो एक moment of possibility हैं,
02:34जो exist करता है हम सब के लिए, वो possibility सिर्फ ये नहीं है, कि ऐसी सरकार मे
02:42भी हम स्तीफ़े करवा सकते हैं, जिस सरकार की मंतरी कहते हैं कि हमारे सरकार में स्तीफ़े नहीं होते हैं,
02:50सिर्फ ये एक possibility नहीं है कि elected representatives को democratic movements accountable hold कर सकते हैं, बलकि ये भी
02:59एक possibility है कि जो परिभाशाएं इस देश में रची हैं हैं, पिछले एक दशक से जाधा का समय हो
03:07गया है
03:08उसमें, जो democratic institutions को one after the other धहाया गया है, चाहे वो judiciary हो, media हो, electoral process
03:18हो in fact, उसको जो एक करके एक के बाद एक धहाया गया है, उन तमाव institutions को वापस दुरुस्त
03:27करने की जो लडाई है, उन लडाईयों को लडा जा सकता है, और एक victory इस देश के mass movements
03:34register कर सकते हैं,
03:35उमीद वापस इस देश में जिन्दा हो सकती है, इस चीज का एक example था, और इस moment of possibility
03:44में, इस देश के वो young लोग जिनका coming of age हुआ है, ना सिर्फ उम्र के और समय के
03:52लिहास से, बनकि एक political coming of age हुआ है, जिसके तहप, पिछले कुछ सालों में, जो चीजें हमें possible
03:59लगती थी, और
04:01जो चीजें करने से हमें डर लगता था, जो लेबल्स, चाहे वो anti-national का लेबल हो, पाकिस्तानी का लेबल
04:08हो, जो किसी भी peaceful protester पे लगा दिया जाता था, और कोई उसको question नहीं करता था, उन तमाम
04:15लेबल्स को इस movement में rethink करने का एक साहस, student movements को दिया है, वो साहस की वो division,
04:25जो ए
04:30जाती, धर्म, gender, religion, language, इन तमाम basis पे, उन divisions को unlearn करते हुए, एक दूसरे के साथ solidarity
04:40में खड़े रहते हुए, अपने शिक्षा, अपने रोजगार, public infrastructure को मजबूत करने के मुद्दों को एक साथ लड़ा जा
04:49सकता है और जीता जा सकता है, ये possibility इस movement के बाद खड़ी हुई है, औ
04:56और एक movement सिर्व जंतर मंतर का एक movement नहीं था, ये movement देश भर में इस देश के students
05:03ने और यंग लोगों ने लड़ा है, कोलकाता में भी एक बहुत बड़ा प्रदर्शन 24 तारीक को हम लोगों ने
05:10देखा, जिसमें students सामने आए हजारों की संख्या में, 40-50 हजार students कोलकाता की सड�
05:19पर उतरे, ये कहते हुए कि वो system जिसको हम सच समझते थे और उस system का betrayal जिसको हम
05:30सच समझते थे, हम समझते थे कि exams दे करके paper leak होना एक arm student life का experience है,
05:39हम समझते थे कि higher education से exit करके हागों में PhD, MA की degree लेने के बावजूद नौकरियां नहीं
05:48मिलना,
05:49इस देश के young लोगों की जिन्दगी की एक reality है, इन तमाम systems को reject करते हुए, students के
05:58political intervention की तरफ एक positive outlook और students के political intervention को encouragement इस movement की बाद मिला है,
06:07और इसी message को ले जाकरके और अलग-अलग जगाओं पे राज्यों में जो movement, student movements अपने अपने संगरश
06:15लड़ रहे हैं, उनको solidarity देने के लि�
06:19rising tour अलग-अलग जगाओं पे कर रहे हैं, जिसमें पहला stop जहरखन था, जहां पे एक बड़ा student movement
06:26चल रहा है, और दूसरा stop कोलकाता था, जिसने समय-समय पे वो बंगाल, वो कोलकाता और जिसने समय-समय
06:33पे student movement को enrich किया है, इस देश की राजनीती को enrich किया है, और इस जगह पे
06:39student movement को solidarity provide करना, और यहां के student movement से inspiration ले करके, बाकी जगहों के student movement
06:46को enrich करना, NEP के खिलाफ, NTA के खिलाफ, जब हम paper league की बात करते हैं, तो सिर्फ धर्मेर्द
06:54प्रधान एक व्यक्ति विशेश का इस्तीफा काफी नहीं है, अगर हमें paper league के system को सही मायने में dismantle
07:01करना है, तो वो जो ए
07:03एक amendment pass हुआ है पिछले बिल पे, paper league के खिलाफ, वो भी काफी नहीं है, ज़रूरत है कि
07:10NTA जैसे institutions, private agencies, जो की responsibility जिनको दे दी जाती है, इस तरीके के centralized examinations करवाने की,
07:20और वो हर साल अपने mismanagement और paper league से examples present करते हैं कि क्या नहीं करना होता है,
07:28उन agencies का education setup में हस्तक्षे पूरी तरी
07:32किया जाए, वो NEP जो education में वस्ता में इस privatization को, इन private agencies के आने को सरल बनाता
07:41है, systematically institutionalized करता है, उस NEP को rollback होना होगा, वो centralization of exams जिसके हिलाफ एक लंबा movement
07:50देश भर में चला, और उस movement को bulldoze करते हैं, NEP को लाया गया, और one nation one exam
07:56का ये slogan देते हुए, सारे examinations, चाहे वो medical हो, एंजि
08:01engineering हो, undergrad, PG, PhD के examinations हो, सब को centralized कर दिया गया, और सब की जिम्मेदारी NTA को
08:08दे दी गया, और जब paper leak का investigation होता है, तो बार बार NTA के internal panel में जो
08:15लोग शामिल रहते हैं, वो लोग सामने आते हैं, PV कुलकर्णी सामने आते हैं, मनीशा मंहारे सामने आते हैं, और
08:22ये सब लोग NTA के internal panel
08:25में मौझूद रहते हैं, और एक और चीज़ जो सामने आती है, वो ये रहती है, कि मनीशा मंहारे दिनेश
08:30बिवाल जैसे लोग, भारतिय जनता युवा मोर्चा के सदस से रहते हैं, तो आप NTA जैसे agencies को सामने लेकर
08:37के आते हैं, ताकि आप ये जो paper leak का business चला रहे हैं, इसक
08:54justify करने के लिए एक institutional front के रूप में NTA को खड़ा करते हैं, वो NEP जिस जो आज
09:02के समय पे public education system के backbone पे प्रहार कर रहा है, यही बंगाल है जिसमें 9000 सरकारी स्कूलों
09:12को बंद किया गया पिछले regime में, और जो present government है, वो एक वादा लेकर के आती है, कि
09:18इन स्कूलों के reinstatement को, public education को
09:22school education को मजबूत करने के लिए steps लिये जाएंगे, लेकिन तीन महीने के बाद, कोई steps नहीं लिये जाते
09:28हैं इनको address करने के लिए, NEP जिस privatization को systematize कर देती है, वही privatization हम लोग बंगाल में
09:37देखते हैं, जब IT colleges को प्राविटाइस कर दिया जाता है, जब हम budget देखते हैं, यहाँ
09:45पे जो intermediately budget आया है, उस budget में जब हम उसको समझने की कोशिश करते हैं कि उसका शिक्षा
09:51के प्रती क्या रुख है, तो साफ सीधे तोर पे उसमें भी आपको privatization की एक साफ च्छा दिखने को
09:57मिलते हैं, तो अगर सही माइने में education व्यवस्था को दुरूस्त करना है, और paper leak ही न
10:03यही, education system का purpose, learning होना चाहिए, critical dialogue और engagement को encourage करना होना चाहिए, young लोगों की
10:12imagination को nurture करना होना चाहिए, तो NTA जैसे agencies को रद करना, LEP जैसे policies को completely roll back
10:21करना, VPSA जैसे bill को completely roll back करना, young students और नजवानों के movement के core के मुद्दे हैं,
10:30यही कुछ बात है, तो मस कहने चाहिए.
10:34अमादेर वीडियो भालो लगले, like एबंग share कोरून, comment section एगे जानान आपना देर मता मत, आरो वीडियो पे ते
10:41आमादेर चैनेल सब्सक्राइब कोरून, एबंग प्रोती मूँ ते खबरेर अपडेट पे ते प्रेस कोरून बेल आइकोन.
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