00:02क्या भारत दुनिया का अगला स्टेमी कंड़क्टर हब बनने जा रहा है क्या आने वाले कुछ बर्षों में भारत भी
00:09चिप मैनुफेक्चरिंग के शेतर में अमेरिका ताइवान दक्षिन कोरिया और चीन जैसे देशों कुछ चुनोती दे पाएगा और सबसे बड़ा
00:16सवाल
00:17यह कि क्या केंद सरकार के 1.27 लाग करोर के इंडिया सेमी कंड़क्टर मीशन 2.0 से भारतिये शेयर
00:24वाजार में एक नया निविश का थीन तयार हो सकता है इसके साथ ही एक और बड़ा सवाल की सरकार
00:29के इस मेगा प्लान से किन किन कंपनियों को फायदा होगा तो चलिए इस �
00:34में 10 ऐसे कंपनियों के बारे में जानने की कोशिश करते हैं जिसको सरकार के इस स्कीम से सीधा फायदा
00:40मिल सकता है आज के समय में सेमी कंड़क्टर को आधनिक दुनिया का ब्रेन कहा जाता है स्मार्टफोन, लैप्टॉप, इलेक्ट्रिक
00:46वीकल, आर्टिफिसियल इंटेलि
01:01और टेकनोलोजी कंपनियों का उत्पादन बूरी तरह प्रभावित हुआ था इसी अनुभाव के बाद दुनिया के कई देश अपनी घरेलू
01:09चिप इंडश्ट्री को मजबूत बनाने में जूट गए हैं और अब भारत भी उसी दिशा में कदम बढ़ा रहा है
01:14के इंदर सर
01:27बिचाइन करने वाली कंपनियां मशीन बनाने वाली कंपनियां, पैकेजिंग, टेस्टिंग, यूनिट्स, रिसर्च, संस्थान और हाई टेक मैनुफेक्टिरिंग से जुड़ी पूरी
01:38सप्लाइचेन ब्हारत विक्सीत हो सके अगर यह योजना सफल होती है तो आने वाले �
01:43वर्षों में भारत बैश्विक सेमी कंड़क्टर इंड़स्ट्री का एक महत्पून के अंदर बन सकता है इस बड़े मिशन का फायदा
01:50किन कंपनियों को हो सकता है इस पर बाजार की नजरेटी की हुई है सबसे पहले बात करें टाटा गुरूप
01:55की तो समूह की पहली सेमी कंड
02:12सेमी कंड़क्टर मैनुफेक्टरिंग में अपनी मौजूदा इस्थिती मजबूत कर रही है कंपनी की चिप मैनुफेक्टरिंग योजनाओ को ISM 2.1
02:20से अतरिक्त प्रोचसाहन मिल सकता है इसके बाद है कैन्स टेक्नोलोजी या पहले से इलेक्ट्रोनिक्स मैनुफेक्टरि
02:33सरकार की नई निती में एडवांस पैकेजिंग और रोसेट सुविधाओं पर विशेश जोर दिया गया है जिससे कंपनी के लिए
02:39नए उसर पैदा हो सकते हैं वहीं टाटा इलेक्सी चिप डिजाइन, एसेमडेड सिस्टम और आटोमोटिव इंजिनियरिंग में मजबूत �
02:47पकर रखती है, डिजाइन कंपनियों को बढ़ावा मिलने से टाटा एलेक्सी के लिए नए घरेलू और ग्लोबल इस्तर पर प्रोजेक्ट्स
02:53आने की संभावना बढ़ सकती है, भारत की सबसे बड़ी इलेक्ट्रोनिक्स कॉंट्रेक्ट मैनुफेक्ट्रिंग कंपनियों मे
02:58शामिल है डिक्सन टेक्नोलोजिच, इस मिशन की संभावी तलाभार्थी कंपनियों में गिनी जा रही है, अगर देश में चिप्स का
03:05घरेलू उत्पादन बढ़ता है और सप्लाई चेन मजबूत होती है, तो डिक्सन को लागत और उत्पादन दोनों इस्तर पर फायदा
03:12मि
03:23बन सकती है, इसके बाद है मोस्चिप टेक्नोलोजिच, इसका मुख्य कारोबार चिप डिजाइन, सेमी कंड़क्टर, इंजिनियरिंग और आईपी डेवलप्मेंट से
03:31जुरा है, सरकार द्वरा डिजाइन एकोसिष्टम और बौधिक संपदा विकास को बढ़ावा देने स
03:36कंपनी के लिए नए उसर बन सकते हैं, वहीं HCL Technologies दुनिया की कई बड़ी सेमी कंड़क्टर कंपनियों के साथ
03:42डिजाइन और इंजिनियरिंग रिसर्च सेवाओं में काम करती है, भारत में डिजाइन एकोसिष्टम मजबूत होने से HCL Tech को भी
03:49नए प्रोजक्ट मिलने की सं�
04:03काम करती है, अगर भारत में सेमी कंड़क्टर सेक्टर में निवेश बढ़ता है तो TCS के इंजिनियरिंग और टेकनोलोजी बिजनेस
04:10को इसका फायदा मिल सकता है, वहीं अगर साइंट की बात करें तो Embedded Engineering, Electronics, Design और सेमी कंड़क्टर
04:16डिजाइन सेमाओं में सक्रिये है, न
04:31नहीं कहा है कि उससे सीधे इस योजनाकार लाब मिलेगा, यहां जिन कंपनियों का जिक्र किया गया है, उनका चैन,
04:37उनके मौजूदा कारोबार, सेमी कंड़क्टर सेक्टर में मौजूदगी और भविशिकी संभावनाओं के अधार पर किया गया है, आने बाले समय
04:44में इन
04:59यह नतीजे, औरडर वुक, वेलवेशन, मैनेजमेंट के रननीती, कैस्ट फ्लो और भविस्ति की विकास्ट योजनाओं का बिशलेशन करना बहर चरूरी
05:07है, सिर्फ किसी सरकारी घोशना के अधार पर निवेश करना सही रननीती नहीं मानी जाती, कुल मिलाकर देखा जाये
05:26तो आने वाले वर्षों में भारत का सेमी कंड़क्टर एको सिस्टम पूरी तरह बदल सकता है, और इससे जुड़ी कई
05:33भारतिये कंपनियां लंबी ओधी में नए औस्वरों का लाभ उठा सकती है, इसलिए आने वाले वर्षों में इस सेक्टर पर
05:39निवेश को की नजर तै
05:41माना जा रहा है, हाला कि आपसे एक ही रिक्वेस्ट है कि कि सी भी निवेश चे पहले अपने एकस्पोर्ट्स
05:46की चरूर ले, बिना सला निवेश ना करें, क्योंकि बिना सला निवेश करने से आपको नुखसान हो सकता है
Comments