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  • 3 months ago
खगड़िया का रानी सकरपुरा स्वास्थ्य केंद्र जर्जर भवन, पानी की किल्लत और सुरक्षा के अभाव के कारण खुद वेंटिलेटर पर नजर आ रहा है.

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00:28
00:31साल 1987 में निर्मित रानी सकरपुरा स्वास्थ केंद्र के 6 कमरों में से 5 पूरी तरह से तूटकर गिरने की
00:39कगार पर हैं।
01:00साल बहुत जगार गिर गया एवन डिलिवरी रूम में लेवर रूम में मेडिसीन का जहां रख रखा होता है।
01:23सुरक्षित रहे।
01:32हालात इतने खौफनाक हैं कि जरजर छट से गिरते कॉंक्रीट के बीच A&M प्रसव कराने को मजबूर हैं।
01:40चहार दिवारी के अभाव में सुरक्षा की कोई कैरेंटी नहीं है और बरसात के मौसम में तो हालात और भी
01:46बिगड़ जाते हैं।
01:50तो हम लोग अपने आपको सुरक्षित नहीं मानते हैं क्योंकि क्योंकि यहां पर चार दिवारी पूरे कंप्लीट नहीं है।
02:00आवागमन का रास्ता पबलिक का है कोई भी किस समय कोन आता है जाता है तो हम लोग को काभी
02:07परिशानियां जहलनी परती है।
02:09और जहां तक भवन की इस्थिती तो बहुत ही दैनीय है। पर सब जब करवने जाते हैं पर सब पीडित
02:17महिला थर्डे स्टेज में जब रहती है उस वक्त भी भवन उपर से सिमेंट गिर सकता है।
02:23तो बहुत बार गिर रहा है हम लोग किसी तरह जच्चा बच्चा को सुरक्षित करवाते हैं क्या करेंगे भवन का
02:33इस्थिती बहुत ही खड़ाब है अगर बाड़ी इसका मौसम आ जाता है तो बहुत कठिनाईयों का समना करना पड़ता है।
02:40जितने भी दवाईया हैं सब को एक जगह इकठा करके रखते हैं।
02:45और हम लोग जिस रजिस्टर में ट्रैकिंग करते हैं, काम करते हैं, उस रजिस्टर को भी एक जगह टेबल पर
02:52हटा के रखते हैं, क्योंकि बारी इसमें भींग जाएगी तो हम लोग को काफी परिसानियां जहिलनी पड़ेगी.
02:57पानी पीने का वेवस्था यहाँ पर केंट लगा हुआ है, लेकिन चार दिवारी के बजह से उसमें जितने भी नल
03:05है, अग्यात लोगों के द्वारा हम लोग नहीं देख पाते हैं, नल खुल जाता है, अगर चार दिवारी कंप्लीट हो
03:12जाएगी, तो हम लोग सुरक्षित र
03:26करने का खत्रा बना रहता है, डॉक्टर भी मनमानी करते हैं, कई बार दवाईयां भी नहीं मिल पाती हैं, पहले
03:33भी कई बार आंदुलन हो चुके हैं, लेकिन हालात जसके तस हैं
03:52खत्रा है बहुत हैं, और सभी बीमारे का इलाज नहीं हो पाता है, बहुची
03:58The doctor here is a denial of fear.
04:10The doctor also makes fear of death, my heart just leaves.
04:17ुदा हुआ है । बहुत सरा इसे ती गरबर है । इसको लेकर बहुत परावेदन दिया गया है । लेकिन
04:28इसको कोई कारवाई नहीं होती है।
04:45वहाँ का बिल्डिंग का श्चित्थी अच्छी नहीं है, अच्छी हालत में नहीं है। और छत भी उपर से तूपता है,
04:56और पाने भी गिरता है। और उससे हम लोग को बहुत परिशाने भी हो रही है।
05:21ये भी देखा गया है, वहाँ का जो और शोर्सिंग के माध्यान से जो लगाया गया था, वहाँ पर टंकी,
05:30वह भी पुझी तरह से संचालीद नहीं है। विची तमें उसमें द्यवधान होता रहता है।
05:41वहाँ का टोटी नल भी वहाँ से निकाल लिया गया है।
05:49उसको भी लगाना पड़ेगा। और आगी से ऐसा कुछ नल का टोटी निकाले नहीं उसको।
06:13खोकले वादे और जर जर दीवारें। यहीं है इस अस्पताल का सच जहां जनता जान हथेली पर रखकर इलाज करा
06:20रही है।
06:21अब देखना ये है कि इस बदहाली को आखर कब तक दूर किया जाता है।
06:26ETV भारत के लिए खगड़िया से अमन पाठा की रिपोर्ट।
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