00:00स्पेन के पास समुद्र में खड़े एक क्रूज शिप से आई खबर ने पूरी दुनिया का ध्यान अपनी ओर खीच
00:05लिया है
00:05एमेच हॉंडियस नाम के इस क्रूज शिप पर हंता वाइरस सिंक्रमेंट किया शंका सामने आने के बाद कई देशों की
00:13हिल्थ एजिंसी अलर्ट मोड पर आ गई है
00:15इस घटना के बाद सबसे बड़े चिंता ये थी कि जहाज पर मौजूद यात्रियों और क्रू में वाइरस फैल चुका
00:21है या नहीं
00:22लेकिन भारत के लिए राहत की बात ये रही कि जहाज पर मौजूद दो भारतिये नागरिक सुरक्षित पाए गया है
00:28स्पेंग में भारतिय अधिकारियों ने पुष्टी की है कि दोनों भारतियों में फिलहाल किसी तरह की गंभीर लक्षन नहीं मिले
00:34हैं
00:35और उन्हें एहतियातन तोर पर मेडिकल निगरानी में रखा गया है
00:38अलकि इस घटना ने एक बार फिर दुनिया को उस वाइरस की याद दिला दे जिसके बारे में आम लोग
00:44बहुत कम जानते हैं
00:45लेकिन मेडिकल साइंस इसे बेहत गंभीर मानता है
00:48नाम है हंता वाइरस
00:50कोविट महामारी के बाद जब भी किसी नए वाइरस का नाम सामने आता है
00:55दुनिया में डर और चिंता बढ़ना स्वाभाविक हो जाता है
00:58सोशल मीडिया पर भी हंता वाइरस को लेकर कई तरहे के दावे और हुआ हैं फैलने लगी है
01:03कुछ लोग इसे एगली महामारी बता रहे हैं तो कुछ उसे कोविट से भी ज्यादा खततनाक बता रहे है
01:10लेकिन सच क्या है क्या हंता वाइरस वाकई दुनिया के लिए नया खत्रा बन सकता है
01:15ये वाइरस आखिर है क्या, ये फैलता कैसे है, इसके लक्षन क्या है और क्या भारत को इससे डरने की
01:22जरूरत है
01:23आज के इस एक्स्प्लेनर में हम आपको हंता वाइरस से जूड़ी हर जरूरी बात आसान भाशा में समझाने वाले हैं
01:39सबसे पहले समझते हैं आखिर हंता वाइरस है क्या, हंता वाइरस कोई एक वाइरस नहीं है, बलकि वाइरसों का एक
01:46समूग है
01:47ये वाइरस मुख्य रूप से रॉडिन्स, यानि कि चूहों और उनसे मिलते जूलते छोटे जानवरों में पाया जाता है
01:53जब इनसान इन संक्रमित जानवरों के संपर्ग में आता है, तब संक्रमन का खत्रा पैदा होता है
01:59हंता वाइरस से होने वाली बिमारी को अलग-अलग देशों में अलग-अलग नामों से जाना जाता है
02:04अमेरिका में इसे हंता वाइरस pulmonary syndrome यानि कि HPS कहा जाता है जब कि यूरोप और एशिया में इससे
02:11जुड़ी बिमारियों को hemorrhagic fever with renal syndrome यानि कि HFRS कहा जाता है
02:17ये वाइरस शरीर के फेफडो, kidney और blood vessels पर गंभीर असर डाल सकता है
02:22कुछ मामलों में मरीज की हालत तेजी से बिगर सकती है
02:26तो अब सवाल ये है कि ये वाइरस इंसानों तक पहुचता कैसे है
02:29हंता वाइरस का सबसे बड़ा सोर्स है संक्रमित चूहे माने जाते हैं
02:34अगर किसे जगह पर चूहों का मल, पेशाब या लार मौजूद दो और वो सूख कर हवा में मिल जाए
02:40तो सास के जरीए वाइरस इंसान के शरीर में पहुच सकता है
02:43यानि कई बार व्यक्ति को पता भी नहीं चलता और संक्रमन हो सकता है
02:47पुराने गोदाम, बंदकमरे, खेत, जंगल, फार्म हाउस और ऐसी जगहें जहां चूहों की संख्या ज्यादा हो
02:55वहां खत्रा बढ़ जाता है
02:56अगर कोई व्यक्ति बिन सुरक्षा के ऐसी जगहों की सफाई करता है तो संक्रमन की संभावना और बढ़ सकती है
03:02इसके इलावा संक्रमित चूहे के काटने से भी वाइरस फैल सकता है
03:06हाला कि वैज्यानिकों का कहना है कि ये वाइरस COVID-19 की तरह आसानी से इंसान से इंसान में नहीं
03:13फैलता
03:13यही वज़ा है कि इसे फिलहाल महमारी का स्तर उस स्तर का खतरा नहीं माना जा रहा है
03:19लेकिन कुछ विशेश स्ट्रेन खास कर दक्षिन अमेरिका में पाये जाने वाले एंडीज स्ट्रेन में सिमत मानाव से मानाव संक्रमन
03:26भी देखा गया है
03:27यानि कि ये भी एक बहुत वेविद है जिसको कोई बता नहीं पा रहा है पूरी तरीके से
03:32तो अब बात करते हैं इसके इतिहास की हंता वाइरस का नाम दक्षिन कोरिया के हंतान नदी से पड़ा
03:381950 के दशक में कोरिया यूद के दोरान कई सैनिक अफचानक गंभीर बिमारी का शिकार हो गए
03:44बात में बैग्यानिकों ने जाच में पाया कि इसके पीछे एक नया वाइरस था जिसे बाद में हंता वाइरस नाम
03:51दिया गया
03:51इसके बाद धुनिया के अलग-अलग हिस्सों में इसके मामले सामने आते रहे
03:55चीन, दक्षिन कोरिया, रूस, अमेरिका, अर्जिन्टीना, चीली और यूरोप के कुछ देशों में समय समय पर संक्रमन दर्ज किया गया
04:03अमेरिका में 1993 में हंता वाइरस का बड़ा प्रकोप सामने आया था जहां कई लोगों की मौत हुई थी
04:10उस घटना के बाद इस वाइरस पर रिसर्च तेजी से बढ़ी
04:14अब एक बाद फिर ये वाइरस चर्चा में क्यों है? चलिए ये भी जानते हैं
04:17अब दरसल हाल ही में M.V.Hondrius नाम के क्रूर शिप पर कई यातर बिमार पड़ गए
04:22ये जहास दक्षिन अमेरिका के इलाके से यातरा कर रहा था
04:26रिपोर्ट्स के मताबिक जहास पर कुछ लोगों में तेज बुखार, सांस लेने में तकलीफ और कमजोरी जैसे लक्षन दिखाई दिये
04:32बाद में हंता वाइरस संक्रमेंट की आशंका जताई गई
04:36इसके बाद जहास को निगरानी में रखा गया, मेडिकल टीम भेजी गई और यातरयों की जांच शुरू हुई
04:42इसे तुरान ये खबर भी सामने आई कि जहास पर दो भारतिय नागरिक मौजूद हैं
04:46इसके बाद भारत में चित्ता बढ़ गए
04:48हलाकि अधिकारियों ने बाद में इसपश्ट किया कि दोनों भारतिय सुरक्षे थे और उनकी स्तिती सामानिया है
04:54तो अब सबसे एहम सवाल, क्या हंता वाइरस कोविट जैसी हमारी बन सकता है
04:59इस सवाल का जवाब फिलहाल तो नहीं माना जा रहा है
05:02विश्व स्वास्त संगठन यानी की WHO और कई वैग्यानिक संस्थाओं के मताबिक हंता वाइरस का संक्रमंट सिमित होता है
05:09यह वाइरस इंसानों के बीच बहुत तेजी से तो नहीं फैलता है
05:13ज्यादा तर मामलों में संक्रमंट सीधे रॉडन्स के संपर्क से ही होता है
05:17COVID-19 की तरह हवा के जरिये बड़े स्तर पर मानाव से मानाव संक्रमंट की पूछ्टी भी अभी नहीं हुई
05:23है
05:23यानि अभी तक ऐसा कोई संक्रमंट नहीं मिला है कि ये वाइरस दुनिया भर में तेजी से फैलने वाली महमारी
05:29बन सकता है
05:30लेकिन इसका मतलब ये नहीं किसे हलके मिली आ जाए
05:33हंता वाइरस की मृत्ती उदर कई मामलों में काफी ज्याता देखी गई है
05:37कुछ स्ट्रेन में ये 30 से 40 प्रतिशत तक भी पहुँच सकती है
05:41यानि अगर संक्रमंट गंभीर हो जाए तो मरीज की जान को खत्रा जरूर हो सकता है
05:46अब जानते हैं इसके लक्षन क्या होते है
05:49चुरुआत में मरीज को सामान ये वाइरल फीवर जैसा महसूस हो सकता है
05:53जैसे की मरीज को तेज बुखार हो सकता है
05:56सर में दर्द हो सकता है
05:57शरीर में दर्द हो सकता है
05:59काफी ठकान महसूस हो सकती है
06:01इसके साथ उल्टी और कमजोरी
06:03ये हैं मुख्य लक्षन लेकिन कुछ दिनों बाद स्तिती अचानक बिगड सकती है
06:07फेफडों में पानी भरने लगता है, सास में दिक्कत होने लगती है
06:10और मरीज को ICU तक ले जाना पड़ सकता है
06:13कुछ मामलों में किर्णी भी प्रभावित हो सकती है
06:17अब सवाल ये है, अगर ये वाइरस इतना गंभीर है तो इससे बचाओ क्या से किया जाए
06:21तो आपको बता दे कि सबसे जरूरी है चूहों से दूरी बनाना
06:25घर, गोदान, दुकान या खेत जैसी जगहों पर सफाई बनाए रखना सबसे जरूरी है
06:30जहां चूहों के होने की संभाव ना हो, वहाँ सावधानी बरतनी चाहिए
06:34अगर कहीं चूहों का मल या फिर पिशाब दिखाई दे तो उसे सीधे जाडू से साफ नहीं करना चाहिए
06:39क्योंकि सूखे कंड हवा में उड़कर शरीर मजा सकते हैं
06:42स्वास्त विशिशग्य सलाह देते हैं कि ऐसी जगहों पर पहले डिसिंफेक्टेड या फिर ब्लीच वाला पाने छड़के
06:48फिर दस्ताने और मास्क पहन कर ही सफाई करें
06:51जंगल कैंपिंग साइट या फिर बंद पड़े कमरों में जाते समय भी सतर्क रहना चाहिए
06:56अगर किसी व्यक्ति को अचानक तेज बुखार हो, सास लेने में दिक्कत महसूस हो
07:00और उसने हाल ही में ऐसी जगहों पर समय बिताया हो जहां रॉडन्स मौझूद हो
07:04तो तुरंत डॉक्टर से संपर्क करना चाहिए
07:08फिलाल दुनिया की हेल्थ एजंसियां सिथी पर नज़र बनाई हुए हैं
07:11लेकिन डेब्लू एचो का कहना है कि घबराने की जरूरत नहीं है
07:14विशशग्यों का मानना है कि हंता वाइरस कोई नया वाइरस नहीं है
07:17बलकि ये दशकों से मौजूद है
07:19पर सिर्फ इतना है कि अब वैशविक यात्रा और सोचल मीडिया के दौर में ऐसी खबरें तेजी से दुनिया भर
07:24में पैल जाती है
07:26स्पेन के पास क्रूज शिप से आई सामने घटना जो है
07:29इसने एक बर फिर दुनिया को याद दिलाया है कि संक्रमन और वाइरस का खत्रा कभी पूरी तरह खत्म नहीं
07:33होता
07:34लेकिन रात की बात ये है कि फिलहाल हंता वाइरस को लेकर वैश्विक महामारी जैसे इस्तिती नहीं मानी जा रही
07:39है
07:40और जहाज पर मौझोद दोनों भात्य नागरी के भी जुरपशित बताए गए है
07:44यानि डरने की बात नहीं है बलकि सतर्क रहने की ज़रूरत है
07:49इस खबर में इतना ही इस एपिसोड में इतना ही लेकिन हंता वाइरस पर जो हमने आपको एक्स्प्लेन किया
07:53उससे अगर आपको नई जानकारी मिली हो तो ये वीडियो ज्यादा से ज्यादा लोगों तक शेयर कीजिए
07:58ताकि सबको पता चल सके कि हंता वाइरस क्या है और पाकिस सारे डीटेल्स ताकि जागरूपता ज्यादा पर सके
08:04और ऐसी और खबरों के लिए देखते रहे हैं One India हिंदी
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