Skip to playerSkip to main content
  • 4 hours ago
कोर्ट की सुनवाई का अरविंद केजरीवाल ने क्यों किया बहिष्कार? देखें दंगल

Category

🗞
News
Transcript
00:02आपका स्वागत है आज के दंगल में शुरुआत हम करेंगे बड़ी खबर के साथ में प्रदान मंत्री मोदी ने बंगाल
00:09में चुना प्रचार खत्मोने पर बंगाल के मद्दाताओं के नाम एक खुला खत लिखा है
00:14प्रदान मंत्री मोदी ने बंगाल के वोटरस को बड़ चड़ कर वोट डालने की अपील करी है
00:19प्रदान मंत्री ने कहा है कि बंगाल की जमीन से उन्हें कई तरह की उर्जा मिल चुकी है
00:25उन्होंने युवाओं, श्रमिकों, महिलाओं सबसे मतदान में बढ़ चड़ कर शामिल होने की अपील भी की है
00:32और भै से आगे भरोसे वाला बंगाल बनाने की उमीद भी वहाँ पर वो जता रहे हैं
00:38उसके साथ-साथ बहस दस मिनिट पहले याने चुनाफ पर चार खत्म होने के दस मिनिट पहले एक ट्वीट के
00:44जरिए उन्होंने एक आडियो संदेश भी बंगाल के जनता के लिए भीजा हुआ है
00:48उनका ये कहना है कि पश्चिम बंगाल के परीजन वालों को लोक तंत्र के महुचसव में बीजेपी की विजे का
00:55ध्वज फेराने का सुनेर आउसर उन्हें मिला है
00:58इनके ये ट्वीट भी उन्हें थोड़ी दर पहले किया हुआ है महस दस मिनिट पहले ये ट्वीट किया गया है
01:03लेकिन दूसरी तरफ जो खत लिखा है उसनों उन्हें कहा है कि बंगाल की जमीन से उन्हें नई तरह की
01:10उर्जा मिली है
01:11उन्होंने युवाओं, श्रमिकों और महिलाओं को खास करके मतदान में बढचर कर शामिल होने की अपील भी की है
01:17और भै से आगे भरोसे वाला बंगाल बनाने की उन्मीद उन्हें जताई हुए
01:22142 सीटों पर 29 तारी को दूसरे चरंग का मतदान पोना है
01:32मैंने बंगाल में एक अलग ही उर्जा की अनुभूती की है
01:39इतनी गर्मी के बावजूद, इतनी रेलियों के बाद भी मुझे
01:46बंगाल के इस चुनाव अभियान में जरा भी ठकान महसुस नहीं हुई
01:55ये रेलिया, ये रोड़ शो, मैं अनुभू करता था जैसे मेरी एक तिर्थी आत्रा हो रही है
02:04मैं माकाली के भक्तों के बीच जाता था
02:08तो संभवत हा, माकाली भी मुझे निरंतर नई उर्जा से भरती जा रही थी
02:16जब जनवरी दुहजार चोबीस में अयोध्या में राम लला की प्राण प्रतिष्ठा का आयोजन हुआ था
02:28उससे पहले मैंने स्रध्धा पुर्वक ग्यारा दिनों का अनुष्ठान किया था
02:37वरत किया था
02:39मुझे अनुभव होता है कि उस समय प्रभू स्री राम ने मुझे असीम उर्जा से भर दिया था
02:53बन्गाल के बीतर प्रचार खत्म हो चुका है और उससे दस मिनिट पहले प्रदान मंतरी मोदी का
03:00ये औरियो संदेश उनके सोशल मीडिया हैंडल पर डाला गया था
03:03जिस पे बन्गाल की जंता और वोटर्स को लेकर तमाम तरीके के अपील्स किये गये है
03:07तो बंगाल के बाद अब बात दिल्ली की होनी चाहिए
03:09क्योंकि आज का दंगल दिल्ली में शराब घोटाले पर शुरूवी सियासत को लेकर
03:14जो अब अदालत के जिस तरीके से अदालत में पहुँच गई है
03:19ये इस पर हम चर्चा करेंगे
03:32और केजरिवाल कह रहे हैं कि दरसल ये उनका सत्याग रहे है
03:36केजरिवाल ने कहा है कि जस्टिस स्वर्ण कांता शर्मा की अदालत में सुनवाई के दोरान
03:40पेशी पर ही वो नहीं जाएंगे
03:42क्योंकि उनको शक है कि जस्टिस स्वर्ण कांता की अदालत में उन्हें इंसाफ नहीं मिल पाईगा
03:48केजरिवाल को शक इसलिए है क्योंकि जस्टिस RSS से जुड़े विचारधारा वाले संगेटन के मंच पर जाती है
03:59केजरिवाल ने पहले जस्टिस स्वर्ण कांता से ही अनुरोध किया था कि सुनवाई से वो खुदी हट जाए जिसे रिक्लूज
04:05करना कहते है
04:06फिर हाई कोट के चीफ जस्टिस से कहा कि जस्टिस स्वर्ण कांता के कोट से केस हटा दिया जाए
04:12फिर चिफ जसिस ने भी मना कर दिया तो एक रिट सुप्रिम कोट में भी डाला हुआ
04:17लेकिन आज उन्होंने एलान किया कि उन्होंने जस्टिस वर्ण कांता को चिट्थी लिखकर कह दिया है
04:23कि वो सुनवाई का पूरी तरीके से बैशकार करें
04:26अब इसे लेकर कई गंभीर सवाल उठने लगे
04:29कि क्या केजरिवाल की आशंका निश्पक्ष नियाय के लिए जटाई जारी है
04:33यह आशंका है या नियायपालिका की निश्पक्षता पर सवाल खड़े करने की कोशिश है
04:38या फिर न्याई पालिका पर कही न कहीं दबाव बनाने की कोशिश है
04:42क्या शराब घोटाले में फसे केजरिवाल अदालत पर अंगूली उठाने की कोशिश करें
04:47ऐसे कई तमाम सवाल है जिन पर हम नंगल में चर्चा करेंगे लेकिन पहले यह रिपोर्ट देंगे
05:11केजरिवाल की कटर इमानधार सियासत धश्टाचार के मजधार में ऐसी उलजी है कि पार्टी छोड़कर नेता भाग रहे है
05:17और उधर की लड़ाई लड़ने की बजाए शराब घोटाले के आरोपी अर्विन के जिवाल न्याय पालिका के ही खिलाफ बापू
05:23नाम का सत्याग्रह कर रहे है
05:28यही 27 परवरी थी जब शराब घोटाले में बरी होने के वाद अर्विन के जिवाल न्याय पालिका को इंसाफ का
05:34मंदिर बता कर गदा लहरा रही थे
05:36और अप्रैल आते आते जब हाई कोर्ट ने निचली अदालत के फैसले पर नोटिस जारी किया
05:41अर्विन के जिवाल ने सीधे मानमी पर ही जुबानी तलवार खीच ली
05:45के जिवाल ने वीडियो बयान जारी करके दावा किया कि उन्होंने दिली हाई कोर्ट की जस्टिस स्वरंड कांता शर्मा के
05:51अदालत पी हो रही सुनवाई का बहिशकार कर दिया है
05:54और इसके पीछे दो सवाल उठाए पहला ये कि जस्टिस स्वरंड कांता राश्ट्रीय सोयम सिवक संग से जुड़े वकीलों के
06:01संगठन के मंच पर जाती हैं दूसरा ये कि जस्टिस स्वरंड कांता के बच्चे के इंद्रसरकार के वकीलों के पैनल
06:07में काम करते हैं
06:08मेरी आशंका और गहरी हो गई है कि क्या उनके सामने मुझे न्याएं मिलेगा
06:16बापू के दिखाए रास्ते पर चलते हुए सत्याग्रए की भावना से अब मैंने फैसला किया है
06:24कि मैं इस केस में जस्टिस वनकांता जी के कोट में ना तो स्वेम पेश होंगा और ना ही मेरी
06:32तरफ से कोई वकील पैरवी करेगा
06:34इनको गांधी जी ने कहा था ना कि शराब की दलाली करो इनको गांधी जी कहके गयते कि शराब की
06:42दुकाने बढ़ाओ इनको गांधी जी कहके गयते कि शराब की दुकाने बढ़ाओ इनको गांधी जी कहके गयते कि शराब के
06:56बड़े-बड़े कोटल जफना और बड़े-बड
07:04इस लोग तंद्र में यह नहीं हो सकता कि कोई अपराधी टैकरे कि इसका ज़ज कौन होगा
07:12फोटो बाबा साहब और भगत सिंग की और सत्याग्रह बापु वाला अर्विंद केजडिवाल की सियासत के पीछे दरसल कहानी शराब
07:18घोटाले की है
07:20जिसमें 27 फरवरी को निचली अदालत में केजडिवाल को शराब घोटाले में बरी किया
07:259 मार्च को दिली हाई कोर्ट में जस्तिस वरनन कांता की अदालत नी निचली अदालत के फैसले पर सवाल उठा
07:31दिया
07:31अर्विंद केजडिवाल समेथ सभी 23 आरोपियों को नोटिस जारी कर दिया गया
07:35जाँच अधिकारी के खिलाफ कारवाई पर रोक लगा दी और ED वाले केस की सुनवाई इस मामले की सुनवाई पूरी
07:40होने तक स्थगित कर दी
07:43आमादनी पार्टी कहती है कि निचली अदालत के 598 पन्ने के फैसले पर हाई कोट के इनी माननी ने 5
07:49मिनट में सवाल खड़ा कर दिया
07:50जिन्होंने CBI के कहने पर निचली अदालत में जजज बदल डाले थे
07:54एसे मामले में एक ऐसे जज के सामने हमारी सुनवाई हो रही है जो गर्व से कहती है हम RSS
08:00के कारकरम में आते हैं तो हमारा प्रमोसन हो जाता है
08:03यह वही अर्विन केजरिवाल जी है जब इन्होंने इंडिया अगेंस करप्शन स्पॉंसर बाई विवेकानन इंस्टिट्यूट बैक्ग्राउंड में RSS उस समय
08:11जब यह प्रेस कांफरेंस करते थे तो यह सब को चोर कहते थे
08:14वह कहते हैं कि उनके खिलाफ में ओर्डर आया है वह अपील फाइल नहीं करेंगे वह प्रेस कांफरेंस करेंगे वह
08:21प्रेस स्टेटमेंट जारी करेंगे वह कोड को बॉयकॉट करेंगे हैं माइवे और हाइवे और वह कहते हैं कि हम जज
08:28को चेंज करेंगे
08:29I want judge of my choice, ऐसा होता नहीं है, भारत के criminal justice system में you cannot have judge
08:39of your choice,
08:42अर्विन केजडिवाल कहते हैं कि सुप्रीम कोर्ट जाने के विकल्प पर अभी तो विचार कर रहे हैं, लेकिन अगर केजडिवाल
08:48हाई कोर्ट की सुनवाई में पेश नहीं होते तो जानकारों के बताबिक अदालत के सामने कुछ विकल्प होते हैं,
08:53मसलन या तो अदालत पेशी के लिए जमानती गैर जमानती वारंट जारी करने जैसे कदम उठा सकती है,
08:59या केजडिवाल के तरफ से एमिकल स्क्यूरी तैनात करके सुनवाई के कारवाई आगे बढ़ा सकती है,
09:23जी वो कोट के उपर आरोप लगाने का प्रयास करें और ये इंडिगट बंदन ने अब खिसिया हट और बॉकला
09:30हट में एक नया शिगूफा शुरू किया है,
09:32ये सबसे पहले आपने देखा तमिलांडू में डीमके ने किया, एक निर्णे उनको प्रतिकूल लगा, फिर चुनावा योग प्यारोप लगाओ,
09:39और उसी नक्षय कदम पर केजडिवाल चलने का प्रयास करें।
10:03अपने निजी पर्सनल फाइदे के लिए काम करते हैं। एक आदमी गलत हो सकता है, दो आदमी गलत हो सकते
10:08हैं, लेकिन साथ लोग गलत नहीं हो सकते हैं।
10:32दर्वाजी खुले हैं। सुशान्त महरा और आशुतोष मिश्चा के साथ आज तक व्यूरोप।
10:38तो अर्विर केजरिवाल ने 25 मुद्दो का एक ख़द भी स्वरनकांता शर्मा जो हाई कोट की जज है उन्हें लिखा
10:44और उसके बाद उन्हें ने कहा है कि वो उस अदालत के सामने खड़े ही नहीं होगे, वो किसी ना
10:50किसी तरीके से पेश ही नहीं होगे और वो इसे सत्या
11:04पूनावाला बारती जंता पार्टी के प्रवक्ता जोड़ रहे है, जिस्मिन शाह आम आदमी पार्टी के तरफ से इस पर अपनी
11:09भूमिका रखेंगे, आलोक शर्मा कोगनिस के प्रवक्ता इस पे शामिल हो रहे है, अच्छुष पोलिटिकल अनलिस भी इस चर्चा में
11:14शा
11:31दूसरा सवाल, क्या शराब घोटालों में फसे केजरिवाल अदालत पर अंगूली उठा रहे है, क्योंकि हाई कोट ने कहा है,
11:38लोटिस जारी करके कि इस पर सुनवाई होगी, तो क्या इसके लिए उस पर उन पर अंगूली उठाई जारी है,
11:43तीसरा सवाल, क्या जस्टिस �
11:45कोर्ट में सुनवाई के वहिशकार के केजरिवाल के एलान से न्याई पालिका पर देश का भरोसा कम होता है
11:52क्योंकि अर्वीन केजरिवाल कह रहे हैं कि जिस तरीके से खुद जैच बान रही है कि वो आरेसस से जुड़े
11:57एक संगेटन के कारेक्रम में गई थी
12:00और इसी के वज़े से उनके सामने सुनवाई उचित नहीं होगी
12:02तो क्या ये एक तरीके से न्याई पालिका पर सवाल खड़ा किया जाएगा
12:06इस पर भी चर्चा होनी चाहिए लेकिन जश्मिन शाह शुरवात आपीसे होगी
12:09कुल मिलाकर जिस तरीके से ये खट 25 बुद्दो का खट है
12:14ये खट मैंने पढ़ा ऐसे लग रहा है कि आप ये कहना चाह रहे हैं कि
12:18या तो हमारे पसंदीदा जच के सामने सुनवाई करिए
12:21वन्ना हम इसमें शामिल ही नहीं होंगे
12:24और इससे पहले आपने देखा है कि कई बार अर्विन केजरिवाल जा चुके है
12:28अदालत के सामने माफी मांग चुके हैं जब भी उनकी सुनवाई हुई है
12:32उनको कहा गया कि आप जो आरोप उनोंने किये हुए है उसके सबूत रखी है
12:38लेकिन उनके पास सबूत नहीं थे तो वो माफी मांग कर कट लिया है
12:41फिर अर्विन नितिन गर्करी का मामला हो या और किसी लोगों का मामला है
12:46साहिल जी पहले आपको और सभी दर्शों को उपन मेरा नमस्ताथ
12:49मुझे नहीं लगता साहिल जी आपने गौर से अर्विन केजरिवाल जी के खत को पड़ा है
12:54और क्योंकि अगर आपने पड़ा होता तो अर्विन केजरिवाल ने साफ साफ लिखा है
12:59कि मेरा पूरा ट्रस्ट भारत की नियाई की जो व्यवस्ता है उसमें बरकरार है
13:05और अभी नहीं बारा साल में अर्विन केजरिवाल के उपर पचास से ज़्यादा केस चल रहे हैं
13:11हर केस में नीचली अदालत हो या किसी बेस्तर की अजालत हो या उच्छ नयाय अलई हो
13:15हमेशा उन्होंने अपना कोपरेशन दिया है
13:20आज जो सवाल है जिस्टिस वर्ण कांता की कोट का
13:24इस नौट अबाओ डेली हाई कोट, इस नौट अबाओ इंडियन जुडिश्री
13:27उन्होंने अपने खत में लिखा है
13:28कि दिल्ली हाई कोट में 40 से जादा जज है
13:31आप बले किसी भी जच को दे दीजे
13:33जो आपने का की नहीं, माई वे और आई वे बिल्कुर नहीं
13:36तो में लिखा हुआ है कि आप की भी जच को दे दीजे
13:38मुझे कोई आपती नहीं होगी
13:40ये भी काया कि अगर जस्टिस वर्ण कांता के समक्ष मेरा और कोई केस आता है
13:44जिसमें तुशार मैता या बीजे पी नहीं शामिल होती तो मुझे उसे भी कोई परेज नहीं है
13:49तो सवाल ये है कि देखी दो मुखे मुदे आपको साहिल जी और पूरे आपके दर्शों को को समझने होंगे
13:54कि जस्टिस वर्ण कांता शर्मा कुछ एक नहीं दो नहीं चार चार बार रसे से जुड़े संगठन के प्रोग्राम में
14:02जाती है
14:03और क्या कहती है कि जब-जब मैं आपके कारेकर में आती हूं मेरा प्रमोशन हो जाता है
14:06यह सारे facts हैं उन्होंने भी admit कि हैं कि नहीं मैं गई हूं दूसरा उनके दोनों बच्चे केंद्र सरकार
14:14के पैनल पे हैं
14:15लॉयर्स हैं दिल्ली हाई कोट में ही practice करते हैं और solicitor general तुशार मैता उनको case देते हैं
14:22और पिछले तीन सालों में जब से इनके पैनल पे आये साहिल जी एक हजार नहीं दो हजार नहीं पांच
14:28हजार नौसो केस डॉकेट उनके बड़े बेटे को मिले हैं जिससे उनकी fees हुई है
14:37जब यह सुनता है कि इसमें conflict of interest है या नहीं है बिल्कुल है और इसे कम अगर आप
14:46facts देखें तो मध्यप्रदेश हाई कोट में ऐसे cases जब आए तो judges ने सामने से
14:53मैं आपको एक बार फिर कहना चालता हूँ जो पचीस मुद्दों का खत है वो मैंने पढ़ा है जो मुद्दे
15:00उस खत में लिखे गए हैं वो सुनवाई के दौरान जब रिक्लूजल की सुनवाई हुई थी स्वर्नकांता शर्मा के सामने
15:05आई कोट के जज़ के सामने तब भ
15:20प्रोसेस फॉलो करने में आपको दिक्कत क्या है क्योंकि आपको पता है कि अगर किसी जज़ को रिक्लूज करवारा है
15:26तो आप उसी जज़ के सामने अपील कर सकते हो और वही जज़ आपके सामने सुनवाई करके इसका फैसला ले
15:33सकता है कि उन्हें रिक्लूज करना है या �
15:35करना है यानि उस case से उन्हें हटना है के नहीं हटना है
15:38स्वन्न कांता शर्मा ने पहले ही इस पर judgment day दिया है कि वो
15:43इस case से नहीं हटेंगी तो उनके सामने case चलाई है अगर
15:47हाँ जुदिशरी को respect करते हो तो वो process को भी follow करिए
16:18उसमें दिक्कत क्या है?
16:20बाइस है कि नहीं है? कौन जज कहेगा कि मैं बाइस हूँ? लेकिन रिक्यूजल का जो जज्मेंट है अगर आप
16:25देखेंगे सूरज स्थाफ़र वर्सेज एक सुप्रीम कोट का जो में इसका केस है वो कहता है कि जो लिटेगंट है
16:34उसके माइंड पे रीजनेबल अप्रियेश
16:49सकते हो सूप्रीम कोट इसका फैसला हो सकता है मुद्दा यहां पर यही होता है आलोग शर्मा जी आप सबसे
16:55पहले तो मुझे आप से जानना है शहजाद के पास जाने से पहले कि जो आमाद्बी पार्टी सवाल उठा रही
17:00है खास करके अर्विन केज्रिवाल जो चिट्टी
17:16नहीं है आपको क्या लगता है इसको लेगा अलोग शर्मा जी से हमारा संपर्क टूड़ गया है शहजाद आप आप
17:32आप से जवाब उम्मी थे इससे
17:36जे ऐसा है साहिल जी एक कॉनसेप्ट है कमिटमेंट टू कॉंस्टिटूशन और एक नया कॉंसेट धेगन कंडिशनल कमिटमेंट टू कॉंस्टिटूशन
17:48मतलब मैं चुनाव जीतू चुनाव आयोग ठीक मैं केस जीतू तो जुड़ी शरी ठीक और लास्टाम मैंने आपके शो पर
17:55आम आदमी पार्टी का नया नामकरण किया था अकेले अरविंद की पार्टी अब मैं उसको थोड़ा चेंज कर रहा हूं
18:00और अधिक प्रपंच एक न
18:17कि अब आज कर्म मैं देख रहा हूँ जुड़ी से लड़ रहे हैं बताओ जुड़ी शरी से बदाओ जजों से
18:24लड़ने कि क्या चरूर रहे हैं बताओ अच्छा संदेश नी जाता पूरे देश बहुत अच्छा संदेश निए तो कल कोट
18:29में कहते हमें जजज बदलना हैं स
18:31जोचो इनकी हिम्मत हिम्मत कि हमें इस जज के ऊपर बरोसा नहीं है यह ज्यादा कोश्चन पूछता है जज बदलो
18:37अच्छा मज़े की बात यह साहिल जी आप ही के प्लैटफॉर्म पर बोला था हम आशाय नहीं है मतलब क्या
18:42फ्रॉड है यह लोग मतलब जज एक आपके सामन
18:45है उसका ओर्डर आपको स्विकार्य नहीं है तो आंबेटकर जी की व्यवस्था के इसाप से आप हायर जूडिशिरी में जाओ
18:51भाई सुप्रीम कोट में जाओ पर जो आर्ग्यूमेंट अल्रेडी कोट में दे चुके हैं वो खारीज हो चुके हैं
18:57कॉंस्टिटूशनली आपका केवल एक ही अधिकार बचता है कि अपील फाइल करो वो टीवी में आकर एक जज के खिलाफ
19:03अब हीटेर नंग सुपारी पॉलिटिक्स करनी है पर तो दूसरा आर्ग्यूमेंट में आपको देना चाता हो और साहिल जी थोड़ा
19:20मेरा सयोग कीज
19:30जहीं अपको एक हैो उसारा नी सीमा पार कराएं है और यह वहीं लोगूं की क्रेडिबिल्टी क्या है मैं थोड़ा
19:36इंकी प्रेडिबिल्टी में दिखा देना चाहता हो जहाएं
19:49इस आदमी ने अपने बचों की सौगन खाकर बोली थी कि नगे कभी चुनाव नहीं जीद लडूंगा
19:54बचों की सौगन खाकर बोला था कि आलोक शर्मा की पार्टी को चिमते से नहीं Kakस करूँगा
19:59बच्चों की सौगन क्यों करते हुए का था
20:01मैं बड़े घर में नहीं जाओंगा
20:03बच्चों की सौगन खाते हुए का था
20:05मैं लोकपार पंजाब में लाओंगा
20:06बच्चों की सौगन खाते हुए बोला था
20:08लालू प्रसाद यादव से कभी नहीं मिलूँगा
20:10जिसको लालू प्रसाद यादव करप्ट लगते थे
20:12जैस्मीन से पूछो जस्टिस शर्मा के बारे में
20:14तो क्या क्या बोल दिया लालू कन्विक्टेट करप्ट है के नहीं है
20:17एक बार पूछ लो
20:18ये convicted पांच बार के criminal को करपते नहीं बोलेंगे, पूरे debate निकल जाएगी, पर justice सर्मा क्योंकि एक महिला
20:25है, क्योंकि हमारी judiciary की एक प्रवुक्स थंब है, तो उनको यहाँ पर भर पेट गालिया दे रहे, जैस्मिन मैं
20:31चुनौती देता हूँ, लालू को भिस्ताचारी बोलो, �
20:35चलिए, जैस्मिन चाह, शाहिल जी, शैजाद जैसे दोगले प्रवक्ता को मैंने आज तक तभी नहीं सुना है, ये अपने पार्टी
20:43में रेपिस्ट को, मर्डरर को, सब को शामिल कर दें, और उनको, वो भी नहीं, देश के सबसे बड़े करप्ट
20:49लोग, जिनको खुद कर�
20:58अब इनका दोगलापन मैं आपके चैनल पर ओपन करूंगा, इन से पूछे, क्या कभी केंदर सरकार की किसी एजनसी ने
21:04जजज के रिक्यूजल की दरखास नहीं डाली है, मैं आपको आपको पार्टी रिलेटर एक केस की आपकी जानकार ये दू,
21:10सत्तेंदर जैन के केस में,
21:11इडी बस बनाम सतिंदर जैन में, सुनुआइक खतम हो गई थी, जजज ने जो तीखे सवाल पूछे थे, उससे बाग
21:18इनके तो पैर रिल जए थे, कि भई पता नहीं क्या जजज का ओडर आ जाएगा, ओडर आने से पहले
21:22कहते हैं, हमें रिक्यूजल चाहिए, तब वो ठी
21:37करें कि हम इनका आदर करते हैं, जस्तिस बंड न करना, कांता शर्मा या उनके बच्चों से हमें कोई विव्यक्ति
21:42-गति नहीं है, वो अच्छे तया करेंगे, शहजाद नहीं तया करेंगे, और अगर बच्चों को तुशार मैता के इशारे पर
21:51करोड़ों की पीस मिली है, �
21:53मुझे बता ये साहिल, ये क्या conflict of interest नहीं कहला जाएगा, और इसी मांटाइट पे धेरो जजजिस ने, धेरो
22:00जजजिस ने तो अपने कोट्स बदल दी है, एक केस की रिक्यूसर के नहीं बाग कर रहा हूं, जस्तिस अतुरुष
22:04सीधरन, मध्याप्रदेश हाई कोट, जस्ति
22:23कमाते हैं, तो मेरे ख्याल से जब रिक्यूसर करता है जट, तो जस्तिस सिस्टम की गरिमा बढ़ती है, घटती नहीं
22:32है, और हम चाहते हैं कि ये, देखे, अब हार जीस की लड़ाई नहीं रही, ये सच और आम आदमी
22:38के भरोसी की लड़ाई जो जस्तिस सिस्टम, देखे, �
22:49कि अब हम हमान के अधिकार है, कि आपको लगता है कि पार्टी की और अर्विन केजरिवाल की मांग है,
23:00कि स्वर्ने कांता शर्मा को रिक्ल्यूस कर लेना चाहिए, क्या इस पांग को मान लेना चाहिए था?
23:07मांग करने का भी अधिकार है पहले बापू से शुरू कर लेते हैं सबसे पहले बापू की फोटो अगर किसी
23:14राजनेता ने अपने यहां से हटाई थी तो वो और विंट केज रिवाल जी थी अब बात आती है कि
23:19लीगल कौन कौन से राइट्स हैं लीगल राइट्स उन्होंने
23:22अपने अक्तियार किये कि मुझे जज बदलना है लेकिन जज ने परमिशन नहीं जी सुप्रिम कोट ने परमिशन नहीं दी
23:28तो मैं समझता हूं कि लीगल राइट्स में फ्रेम वर्क में जो भी काम है वो करना चाहिए उनको इसमें
23:33कहीं पर कोई दोर आये नहीं लेकिन दोन
23:50और हाइकोट एमदाबाद से जो फैसले आये थे मैं समझता हूं कि उनके उपर भी कहीं ना कहीं गंभीर चिंतन
23:57की आवश्रक्ता है कि किस तरह से फैसले आये हैं ठीक है फिल भी मैं कहूंगा कि भारती नय पालिका
24:03के उपर हर राजनेता को अपना विश्वास करना चाहिए
24:06एक राजनेता थे जिन्होंने बदलने की बात की उनका बदला भी गया था पहले लेकिन एक जजज साब थे जिनके
24:13आँ दिल्ली में टेंपो भर के नोट मिले थे उसकी जाच कहां तक पहुंची देश ये भी जानना चाहता है
24:18लेकिन मैं मानता हूं कि केजरिवाल जी ने हम
24:25मेशा से माफी नामें लिखे हैं मैं दोनों तरफ से समझता हूं कि इनको दोनों को सोच समझ के चलना
24:32चाहिए जुडिशरी का बाइकॉट किसी भी तरह से कोई भी रूप में कोई समधान नहीं हो सकता है लेकिन नयायपालिका
24:39को भी समझना होगा कि आप कौन से कारेकरम में
24:49जा रहे हैं कौन से कारेकरम में नहीं होगी अगर कोई विपक्ष का नेता है तो क्या इस बात को
25:01आप समर्थन करते हैं क्योंकि यहीं सबसे बड़ा मुदार अर्विन केजरिवाल के तरफ से इस पूरे रिक्रिशन के अर्गुमेंट के
25:08लिखा गया है और इन इन खत में भी
25:11दिखा गया है साहिल जी मैं समझता हूं कि केवले एक यह पैमाना नहीं हो सकता है कि केवली इस
25:16पैमाने की वजह से आप किसी की निश्पक्षता के उपर सवाल या निशान लगा सकें ऐसा नहीं है लेकिन अगर
25:24कहीं हाई कोट में मोदी जी के बड़े पे केक टाटता है ज�
25:42कांग्रेस पार्टी बहिए कि सिर्फ आरे से इसके जुड़ा होना यह कोई पैमाना नहीं हो सकता क्योंकि आपका मुख्या आरोप
25:49स्वरने कानता शर्मा पर यही लग रहा था
25:51Congress Party के रहे हैं कि आप तो कोई ना कोई बहाना डोड़ने की कोशिश कर रहे हैं
25:55ताकि उससे आप दिकल सके
25:57बिल्कुल नहीं साहिल जी गलत होगा कहना
25:59Any one reason
26:01एक एकलोता कारण है जिसके वज़े से हम ये step ले रहे हैं
26:05वो सही नहीं है
26:05जब आप सारी कडियों को एक सार जोडते हो
26:08तब आपको conflict of interest साफ दिखाई देता है
26:11इक बार नहीं चार बार अगर कोई judge
26:13RSS-linked event में जा रहा है
26:15इनफेक्ट एक हफ़े पहले
26:17Justice Oka
26:19उनका बयान आया था
26:20और उन्हें कहा था कि ये गलत है
26:22इसी एक राजनीतिक दल
26:24सारी पाटियों के event में तो जानी रहे हो
26:26आप इसके बगल एक दल के event में
26:29बार बार सालों साल जाती जा रहे हो
26:31और उस event में जा कि ये भी कहते हो
26:32कि जब जब आहाँ पर आती हो
26:34मेरा promotion हो जाता है
26:35तो ये संदेख इंट करता है कि नहीं
26:52पैनल में हैं लेकिन इनके बच्चों को सबस्क्रादा केज दिये हैं और कब से दिये हैं यह तो बड़ी आम
26:58बात है ना हमने कई बार यह देखा हुआ है कि कई बार हमने यह देखा हुआ है कि कई
27:05जेजिस के बच्चे इंडिपेंडेंटली प्रैक्टिस करते हैं और दूसरे �
27:09जजच के सामने खड़े होते हैं, चीफ जस्टिस के बच्चे प्राक्टिस करते हैं और वो किसी और जजच के सामने
27:14खड़े होते हैं, अगर इसी तरीके से कोई सवाल उठाने लगे, तबी मैं कह रहा हूं कि आप फैक्स को
27:22आइडूलेशन में मत देखे, बात कॉन्फिक्ट �
27:26अलोक शर्म, क्या आपको इस पे कॉन्फिक्ट ऑफ इंटरस्क नजर आता है, तीन मुझे आम आदमी पार्टी रखने की कोशिश
27:32कर रहे हैं, देकि मुझे लगता कॉन्फिक्ट ऑफ इंटरस्ट के पहले भी साहीं कई मैटर्स आये हैं, कई कंपनियों के
27:40पैनल पे कुछ ल
27:54तो इस तरह के सवाल उटते रहे हैं और कंफिक्ट ऑफ इंटरस्ट हमेशा से रहे हैं और उनके उपर सवाल
28:03उटे हैं, जो है
28:09मेरे कहले से आलोग शर्मा जी से हमारा संपर के एक बार फिर तूट रहा है, लेकिन देखिए, शहजाद पूनावाला
28:14इस पे तो कॉंग्रेस पाटी भी आपके साथ में नजर आ रहे हैं, क्योंकि उनका भी कहना है कि ये
28:18तो बहाना है
28:20देखें, एक सेकेंड, साहिल जी, मैं आपसे रिक्वेस्ट करूँगा, मैंने एक सवाल, क्योंकि conflict of interest पे बड़े विज्ञानी और
28:28ज्ञानी बन रहे हैं लोग, एक corrupt, convicted, criminal के बारे मैं मैंने जैस्मिन शाह से पूछा, तो वो criminal,
28:34जो पाँच बार convicted है, उस पे कुछ नहीं बो
28:48हैं कि भाई, RSS से जुड़े हुए हैं, और उनका promotion इनको पता है, promotion जज का government नहीं करती,
28:54जुडिश हमारे देश की व्यवस्था में, जुडिशियरी प्रमोशन करती है, सुनिए सर्, साहिल मैं किसी के बीच में नहीं बोला,
29:03कम से कम सवरक्षन देंगा, साहिल मैं किसी के बी
29:17करने दीजिए, साहिल ये तरीका ठीक नहीं आपको बोलने का मिलेगा, जुस्मिन, उनको अपनी बात खतम करने दीजिए, साहिल चलिए,
29:28साहिल जी आप जैस्मिन के पास दो बार गए, मेरे पास दूसरी बार आये है, तो जैस्मिन को पूरी छूट
29:33थी कि वो बीच में इं�
29:48साहिल जी आप जानते हैं, सब लोग जानते हैं कि हमारे देश की जो न्याए, ये मेरा अधिकार है, कोई
29:56महरबानी किसी की नहीं है, मैं बाजपा का प्रवक्ता के रूपने बैट तो ठीक है ना, मैंने तो सिर्फ आपको
30:01कहा क्योंकि आप किसके पास कितनी बार गए, तो मै
30:04मैंने सिर्फ का कि वही आर्ग्यूमेंट और अर्विन केजरिवाल करने की कोशिश कर रहे है, तो आप कहा रहे हैं
30:08कि वह सही नहीं है, तो मैं आपको बस वही रखने की कोशिश कर रहा था, चलिए
30:15ऐसा है साहिल जी, हमारे देश में जुडिशिरी का प्रमोशन, जज कहां बैठेगा, किस कोट में जाएगा, कितने पद पे
30:22जाएगा, यह जुडिशिरी कोलीजियम सिस्टम से तै करती है, अगर वो किसी का किसी से लिंक हो भी, तो यह
30:28जुडिशिरी पे आरोप है क्या, कि स
30:41conflict of interest की बात करते हैं, तो मेरे भाई आलोग जी भारूल इसलाम नाम का एक जज था, जब
30:46जजस केस नहीं आये था और जज जुडिशियरी के दोरा पॉइंट नहीं होते थे, एक्जेक्टिव के दोरा होते थे, तो
30:50आपकी मैडम इंदिरा गांधी ने, हमारी देश की प्रधान
30:54मंत्री ने भारूल इसलाम को कभी सांसद बना के रखा, फिर वो जजज बने, फिर वो वापिस सांसदी लडे, फिर
30:59सांसदी हार गए, तो फिर से जजज बने, तो कम से कम आप तो कम से कम conflict of interest
31:03की बात ना ही करे, पर मेरा सवाल सिर्फ वो है साल जी, और अंत तक मैं पूछता
31:08कि अगर स्वयन कांता शर्मा में उनको conflict of interest नजर आ रहा है, हिम्मत है जैस्मिन की, तो लालू
31:13यादव को पांच बार का convicted बता है, पर नहीं बोल पाएंगे, और इसी से आपको पता चलता है, कि
31:19इनका standard क्या है, इनको केवल एक महिला जज को, अभी महिला आरक्षन भी रोका
31:23और महिला जज को भी target करना है, क्योंकि एक शराब घोटाले बाज को अपने हिसाब से bench hunting करवानी
31:30है, ये एक महिने से सरकार जेल से चला रहे थे, अशितोष तक ने मूँ धक लिया था, अशितोष ने
31:35भी बोला था, कि ये कैसा आदमी है केजरीवाल, ये बोला था कि नहीं �
31:46अशितोष अभी आपका नाम निकला है तो आप बुली दीजेगा, क्योंकि उस वक्त तो आपने ये जरूर कहा था इस
31:50पूरे मामले को लेकर, लेकिन मेरा सवाल इस पे अभी भी वही कायम रहेगा, जिसका जिक्रे इस से पहले जस्पिन
31:56शावी करने की कोशिश कर रहे थे,
31:57कि समस्पिन रचेंग के मामले में सुप्रीम कोट के जज़ पीके बिच्टा ने अपने आपको रिक्लिज कर लिया था, उससे
32:03पहले भी बायस जैसे ही वह लगाया, उन्होंने अपने आपको रिक्लिज कर लिया था, इसी तरीके से हमने देखा कि
32:10Edi ने भी 2022 में, money laundering के के case म
32:15जैन के खिलाव जो ट्राइल जज्ज थे वो भी इसी तरीके का उनका अप्लिकेशन था वो मान लिया गया था
32:21और उसी तरीके से उन्होंने भी अपने आपको रिक्रियूज कर लिया था यही मुद्दे को लेकर आम आद्मी पार्टी बार
32:26-बार सवाल यहां पर उठाने की को�
32:40जैन के अगर नियाय होते वे दिख नहीं रहा है अगर यह कहीं एक तस्वीर बन रही है तो मुझे
32:46लगता है कि जज मोहद्व्या को बहुत सम्मान के साथछ रैकूस कर लेना चाहिए रैक्यूसल करने में जज महदय या
32:53जज महदया दोनों की किसी
32:55गरिमा को किसी तरीके का कोई नुकसान नहीं होता बलकि उनकी गरिमा बढ़ती है और जो सवाल इस पूरे मसले
33:01में रहो खास तोर पर अब जबके अर्विन केजरीवाल ने साथ तोर पर एक तरीके से गंभीर आरूप आरूप लग
33:08गया है कि बहुत इनके
33:09का मामला है यारेसिस की उसकी सभाव में भी जाती है या वहाज आके भाशन देती हैं तो मुझे लगता
33:16है कि बहुत डिगनिफाइड तरीके से जस्टिस वरण कांता को इस पूरे मसले में अपने आपको रेक्यूस कर लेना चाहिए
33:21और इससे उनकी गरिमा को कोई नुकसान न
33:37साथ जाने से अपने आपको रोकते हैं और अगर कोई जज जो आरेसिस की सभाव में जाता है या रेलियों
33:45में जाता है या उनकी सभाव में जाके भाशन देते हैं चुकि आरेसिस सीधे तोर पर इस सरकार से जुड़ी
33:50हुई है और सरकार चुकि अदालतों में सबसे बड़
34:07पहीर आरोब जुडिशरी के उपर लगया पच्छी तरीके से आदोगा 2016 में जब सुप्रीम कोट के चार वरिष्टतम जजेज ने
34:14किस मसले पर प्रेस कॉंफरेंस की थी जो भारत की तिहास पहली बार हुआ था वो यह था कि जो
34:19केस के असाइंमेंट जो है वो चीप जस्टिस
34:22सब इंडिया वह ठीक तरीके से नहीं कर रहे हैं पहले उन्होंने चीप जस्टिस दीपक मिश्टा के पास जाके उन्होंने
34:28अपना प्रोटेस धर्ज कराया उसको ठीक करने कोशिशिश की जब वो नहीं हुआ तब उन लोगोंने प्रस कॉंफरेंस की ती
34:33तो आज की तारीख
34:52कि इस जज्ज मौदे के पास के केस गया हुआ है इसलिए इसका लगी जानते हैं एक एक चीज़ मैं
35:00यहाँ पर रखना चाहता हूँ आपके सामने हाला कि मैं इसके बाद शहजाद के पास जाओंगा क्योंकि शहजाद इसका जवाब
35:05दे क्योंकि आशुतोष ये कहने की कोश
35:20लेकिन मेरा सवाल ये भी आशुतोष आपको दो सवाल यहाँ पर निकलते हैं एक क्या आरेसेस से जुड़ा होना किसी
35:28किसी जज़ का पहले एबी वीपी में काम करना या किसी राजनेतिक पार्टी से जुड़ा होना क्या इसके वज़े से
35:35उन पर ये सवाल उठाना जायज ह
35:36होगा कि आज की स्थिती में वों अनभास नहीं हो सकते नमबर एक नमबर दो उनके बच्चे भी लॉयर है
35:42वो किसी ना किसी तरीके से सरकारी वकील के तोर पर काम कर रहे हैं प�बलिक प्रस्थक्र की तरह काम
35:47कर रहे हैं और सॉलिसीर जनरल के दफ्तर में वो उन्हें आसा�
35:55होगा क्योंकि ऐसे तो आपको बहुत सारे उधारण मिल जाएंगे आज किस्तिति के क्या ये फीक होगा दोन देखे जो
36:03अभी साजाद ने बहरुल इसलाम का जिक्र किया वो गलत था वो नहीं होना चाहिए और अगर कॉंग्रेस पार्टी ने
36:09उनको चुनाओ लड़वाया और
36:22साधार भी जस्टिफाई करें ये मैं इसको बिल्कुल पूरी तरीके सब्सक्राइब मेरा तो ये भी मानना है कि अगर कॉंग्रेस
36:29की सभा में कोई जज जाता है चाहे वो लोकल जुडिशरी हो चाहे सुप्रीम कोर्ट हो वो भी गलत है
36:36क्योंकि आप और विचारधारा रख
36:49इसमें मुझे तो मुझे प्रभावित करेगी तब ये जजज को भी ये सोचना पड़ेगा कि आखिर इस मसले पर वहाँ
36:56पर फैसले दे या रेक्यूस करें मेरा साब तो पर मानना है कि सुड़कांता जी को इस केस पर अपने
37:02आपको रेक्यूस कर लेना चाहिए क्योंकि वो
37:18यही सवाल आलोग जी के पास भी जाओंगा और उसके बाद शेहजाद के पास जाओंगा क्या जो सवाल अरविन केजरिवाल
37:24ने चिट्थी लिखकर पूछे हैं वो जस्तिस वरनेकांता शर्मा के खिलाफ है या जूडिशरी पर सवाल है क्या इसको वाइफर
37:32किया जा सकता ह
37:33यह यह दिखे यह दोनों पर सवाल है जूडिशरी की क्रेडिबिलिटी पिछले दिनों बहुत कम हुई है मैं यह बड़ी
37:41इमांदारी किसे को कहना चाहता हूं बहुत इमांदारी के साथ अलोग शर्मा जूडिशरी के क्रेडिबिलिटी कम हुई है जबकि जूडिशरी
37:47पर
37:47सवाल है या समर्ने कांता शर्मा पर सवाल है आच्छो तोष कह रहे हैं कि जुडिशेरी पर भी सवाल है
37:52अलो मुझे लगता दोनों पर ही सवाल है सवाल केजरी वाल जी की निश्पक्षता पर भी है सवाल जुडिशेरी की
38:00निश्पक्षता के उपर भी है इसमें कहीं कोई द
38:16परसेंट आज जजों के कॉलेजियम से जो लोग आ रहे हैं वो आरेसेस और बीजेपी और एबी वीपी के बैक्ग्राउंड
38:22के आ रहे हैं तो इस फैक्ट को जुड़ाया भी नहीं जा सकता है लेकिन मैं फिर कहूंगा कि केजरिवाल
38:28जी को जो जुडिशियल रास्ते हैं वो �
38:54सब्सक्राइब कर देंगे आपको समय देंगे आपको समय देंगे आपको चलिए
39:09अब करिया शहजाद प्लीज ऐसे मत करिएगा मैंने आपको कहा कि समय दूंगा मैं समय है हमारे पास आशुदोष पार्ट
39:15सेकर्में खतम करें आपके पास आउंगा मैं तो मैं भी अपना अधिकार रखना हूं आशुदोष कुछ एड़ करना चाहरे मेरा
39:22भी अधिकार है उ
39:35अगर सुनकांता जी को अगर उनके सामने हैरिंग हुई उसका उन्होंने जवाब दिया अगर आपको चैलंज करना तो आप सुप्रीम
39:52को जा सकते हैं
39:55मैं यह कह रहाँ कि अगर अगर लिटिगंट यह कहता है कि मैं कोट के सामने पेश नहींगा मेरा वकील
40:00भी पेश नहींगा तो यह जज के अधिकार में है कि वो उनके खलाब करवाई कर सकता है ठेक है
40:06चले आज शेजाद
40:12पहले तो साहिल जी
40:13मेरी पूरे बयान को सुना जाएगा और आज तक कट नहीं कर देगा
40:16एंड में मेरे बयान को क्योंकि समय समापत हो रहा है
40:18कॉलीजियम सिस्टम पर अभी सवाल उठाए गया जब आलोग शर्मा कहते हैं
40:22कि 60-70 परसंट जजज आरिसे से आते हैं
40:24मतलब कि सुप्रीम कोट के कॉलीजियम सिस्टम पर सवाल खड़े किये जा रहा है
40:27और आप सुन रहे हैं इस बात को और जो लोग बारूल इस्लाम को जजज बनाते थे
40:31दूसरी बात मैं अशितोष जी से अभी दो सवाल पूछा जाता हूँ और प्लीज मेरी बात को कट मत होने
40:35देना
40:35अशितोष जी ने हमें conflict of interest का पार्ट पढ़ाया कि फलाने event में आप गए तो आपको नहीं जाना
40:41चाहिए
40:41यू शुड बी लुकिंग और अशितोष तो खुद आम आदमी पार्टी में थे और अच्छे टर्म्स पर बार लिकले तो
40:46आज वो आज आदमी पार्टी के टॉपिक पर क्यों डिबेट पर बैठे इतना ही conflict of interest का morality का
40:50पार्ट पढ़ा रहे तो खुद इस डिबेट से रिक्य
41:06कर देगा और वैसे तो फिर बोलेंगे आशितोष कि Government of India के प्रोग्राम में जजो ना जाओ क्योंकि Judiciary
41:11and Government of India are separate कही प्रोग्राम में लौ मिनिस्टर, प्राइम मिनिस्टर, चीफ मिनिस्टर, हो मिनिस्टर साथ में रते
41:16जज के तो उस इवेंट में भी जाना conflict of interest और मेरा एक स
41:33से आप आजबी पार्टी की डिबेट हो तो आप प्रता ही है क्योंकि दोनुच से एक तरिफिक साहिल मैं मैं
41:38पूरी जिम्मेदारी के साथ ईश्वर को हाजर नाजिनमान के समविदान की शपत लेकर कहता हूं कि अगर मैं जज होता
41:46तो मैं RSS की किसी भी सभा में नहीं जाता
41:52अच्छा और डिबेट में आजाते हैं आप पार्टी का पक्स रकने के लिए आप तो पार्टी में थे
41:59साही जी जब अरविन केजरिवाल जेल गयती है तो मैंने उनके आलोचना की थी तो मेरी इमांदारी की सट्राइब आलोग
42:15शर्मा अलोग साही जी दोनों तरफ से दिक्ते हैं और दिक्तों को दूर किया जाना चाहिए हम यह कहें कि
42:23इस अधर जूडिशरी तो बिलकुल ही
42:25बहुत अच्छी है पाक साफ है दूद की दुली हुई है वो किसी के प्रभाव में नहीं रहती है यह
42:30गलत होगा प्रभाव कहां से है क्यूं है उसके भी डिसकुशन होना चाहिए लेकिन साथ के साथ केजरिवाल जी को
42:38भी अपने लीगल आप्शन को अड़ाप्ट करना चा
42:55कि कॉंग्रेस पार्टी सत्याग्रव पे सवाल उठाएगी कि सत्याग्रव करना नहीं चाहिए किसी पार्टी को या किसी निता को अगर
43:26अगर उनके मन में ये विश्वास टूट चुका है कि मुझे किसी एंगल से नियाई नहीं मिलेगा
43:31तो वाप उस सत्याग्राव की भावना से इन्होंने आज ये कदम लिया है आप उनी पर सवाल उठा रहे हो
43:38और आप इन पर नहीं सवाल उठा रहे हो
44:00क्योंकि अर्विन केजरिवाल कह रहे हैं कि वो उनके सामने नहीं जाएंगे तो या तो अदालत चाहे तो वारंट निकाल
44:05सकती है या तो अर्विन केजरिवाल के जगर पे किसी
44:10कि अधालत के तरफ से और वो चीज़ आप मानने पड़ेगी क्योंकि एक लीगल प्रोसेस होता है लीगल प्रोसेस के
44:15तहती किसी भी मामले की सुनवाई होती है और उसी की तहत कारवाई चलती है आज की स्थिति में अर्विन
44:20केजरिवाल हाई कोट के सामने जाने के लिए त
44:36अग्षान के लिए।
Comments

Recommended