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  • 2 days ago
दिल्ली की राजनीति में एक बार फिर बड़ा विवाद सामने आया है। Arvind Kejriwal ‘फांसी घर’ विवाद को लेकर दिल्ली विधानसभा की समिति के सामने पेश हुए और भाजपा सरकार पर गंभीर आरोप लगाए। केजरीवाल ने कहा कि दिल्ली विधानसभा की ऐतिहासिक इमारत में आजादी के समय स्वतंत्रता सेनानियों को फांसी दी जाती थी, जिसे बाद में लोगों को प्रेरणा देने के लिए खोला गया था।
उन्होंने दावा किया कि अब मौजूदा सरकार इसे “टिफिन रूम” बताने की कोशिश कर रही है, जो स्वतंत्रता सेनानियों का अपमान है। केजरीवाल ने यह भी कहा कि सरकार को दिल्ली की सड़कों, सीवर और प्रदूषण जैसे असली मुद्दों पर काम करना चाहिए। इस मामले को लेकर अब Aam Aadmi Party और Bharatiya Janata Party के बीच सियासी टकराव और तेज हो गया है।
 

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00:00यह परिसर एक एतिहासिक बिल्ड़िंग है जब कलकट्टा से अंग्रेजों के जवाने में जब कलकट्टा से तिसली राजधानी ट्रांसफर की
00:11गई थी तो उस वक्त यह बिल्डिंग बनाए गए थी 1912 में इस बिल्डिंग में 2022 में तकालीन श्री राम
00:24निवास गोयल जी के �
00:25प्रयास से यह पता चला कि एक कोने में एक फांसी घर था उस फांसी घर में स्वतंत्रता से नार्मियों
00:32को फांसी दी जाती थे
00:36स्पीकर साब ने उस तत्कालीन स्पीकर साब ने मुझे सी फिनिस्टर बुलाया कि इसको हमें टूरिस्क्स के लिए खोलना चाहिए
00:43ताकि लोग इससे प्रेर ना ले सकें मैंने वह खोल हमने उसका इनौगरेशन किया अब जब से इनकी सरकार आई
00:50है यह साबित करने में लगे
00:52हुए हैं कि वह फांसी कर नहीं था वो टिफिन रूम था मैं समझता हूं कि सुतंतरता से नानियों का
00:59इससे बड़ा अपमान नहीं हो सकता
01:04इनके पास आज विदान समझ में मेरे को बुलाया गया था यह कहने के लिए कि साबित करो वो फांसी
01:10कर था
01:10तो मैंने का वो उस टाइम के स्पीकर साथ ने सारी जाच करने के बाद किया था लेकिन मैंने का
01:16आप ये मेरे को बताईए कि आपके पास क्या सबूत है कि टिफिन रूम था ये फासी इनके पास कोई
01:21सबूत नहीं है तो इसका मतले भी जान बूज के सुतंतरता सेनानियों का अ
01:27उसको फांसी घर्स नहीं था यह साबित करने में लगे हूए है और वह टिफिन रूम था यह साबित करने
01:33में लगा।
01:33पर मेरा अपना यह कहना है आज जब से बीजेपी की सरकार आई है एक साल से मैंने अंदर इनको
01:40यह का मैंने का दिल्ली का बुरा हाल हुआ पढ़ा है।
01:57निभाइयां नहीं मिल रही हैं पानी के chúng ना आरहे हैं
02:03मैंने कची कि वारे में मुक्ख्य मंतरी था मुझू है
02:22experience है मुझे खुशी होती अगर इनकी कोई कमिटी मेरे को कहती के जिवाल जी बताइए सीवर कैसे ठीक करें
02:28बताइए सड़क कैसे ठीक मैं अपने
02:45से इनानियों को जब फासी दी जाती थी ऐसे स्थान को ये लोग ये साबित करने में लगे हुए कि
02:50वो फासी घर नहीं है और वो टिफिन रूम है
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