00:00शिवेन जी बताईए गुस्टा तो काफी होगा कारकर्टाओं में बिल्कुल बाकी चीज तो आपने बताई दी लेकिन जहां तक गुस्टे
00:07की सवाल है बिल्कुल है मैं आपको थोसा पीछे दिखाना चाहूँगा कैमरा परसन से आईए देखे इस तरफ आप देखेंगे
00:13तो
00:13यहां पर लगातार कारकरता अलगलग पिर्देशों से आई हुए एक खटे हैं और बैठ कर अपनी बात कर रहा है
00:19और यह तैयारी वो है जहां पर आपको समझ में आएगा की कारकरताओं के अंदर गुस्टा भी है और पिलानिंग
00:25भी कर रहे हैं कि किस तरीके से यह जो समझ
00:27समझ से आई है जो उनके राष्टी अदर्ष को ग्रफतार कर लिया गया है उस पर वो क्या करेंगे और
00:32आपको बताओ भी आप देखेंगे तो यह बाई तरफ फोर्से लगी हुए चुकि साड़े पांच बजे का एक प्रदर्सन यहां
00:37पर कहा गया है तो यहां पर त्यारी क
00:39कर ली गई है कि उस प्रदर्सन को कैसे करके सड़क से बाहर ना जाने दिया जाए तो आप देखेंगे
00:44काफी बड़ी मात्रा में आ रहे है और पुलिस दिल्ली पुलिस और तमाम फोर्चे इस तरफ हैं तो जो साड़े
00:49पांच बजे का एलान है वो देखना होगा वो प्रद
01:07लगातार आप देखना है ये कार करता बराबर आ रहा है और मुझे लगता है कि अभी भी काफी संख्या
01:14और संख्या बढ़ रहा है यानि कि कहीं ना कहीं रोस है जी बैब बिलकुर शिवेंग जी अब अपने मेहमानों
01:22के पास चलते हैं रामकुमार पाल जी हमारे साथ जु
01:36पाल्ट का तो कामी है कि सरकार की नितियों पर सवाल करना अपना विरोध्र अगर अगर इसा कर रहा है
01:42तो उसे गिरापतार क्यों किया जा रहा है
01:45। ब्रूक ताओं म सबा तरे से विया को अधर का मैं है सब
02:06करता है रोज प्रकट करने के लिए इंटरनेस्टन कारेकरम था बीज बायते इनवेश्टर इसमें इन्वेश्मन होना था
02:16और इन्वेश्मन हुआ भी जो यह धार्ण देरें कॉंगरेस के अध्याक्स कॉमन्वेल्ट का कॉमन्वेल्ट का तीन और चार तारिप को
02:24धर्णा
02:40कि का पार्टी का नाम कॉंग्रेस को आधिकार को आंदोलन करने का जूत बोलना कितनी तरह से हुआ पकड़ा गया
03:01जूत
03:01साबित हुआ और कॉमन वेल्ट को भी लोग करें हमें हमारे बाई बस समा तो जिटली दस बारा तारीक को
03:07जब कामन का ओपन नीन हुआ था उसमें सामिल हुए थे कि नहीं पैक चेक करिए अंदुलन किया था नितिंगर
03:12करी ने अंदुलन किया था सबने तीन और चार तारीक को
03:16किया था उसमें घोटाला था टीशू पेपर का घोटाला इसमें कौन सा घोटाला था इसमें ढ़ाई लाक कमपनिया आई थी
03:24उसके अंदर सिर्फ एक गलगोटिया ने देश पर दार लगवाया बाकि दूर 249 कमपनिया जो थी वो कैं उनका वर्चस
03:35नहीं है उनकी बात नही
03:40प्लेटफरम दियर था इसमें इन्वेस्टमेंटी ले इंवेस्टमेंट नीं में लिए अ्या आइन प्रदेश और विसागा बेंपने में बनाएंगा थे इन्वेस्टमेंट
04:00के हिसा आप शता है
04:14पढ़ेंगे इस तरह के और कमाइल जी के पास सलते हैं प्रेम कोमार जी विरोथ प्रदर्षन कर्ना तो ठीक है
04:23लेकिन उसके लिए उसके लिए रिखे में समgren चाहिए में
04:27AI समट के दौरान ही विरोध प्रदर्शन करना ठीक था जब दुनिया भर
04:32के लोग वहाँ पर मौजूद थे हमारी किरकरी नहीं हुई
04:37देखिए प्रदर्शन से किरकरी हुई इससे कौन इनकार कर सकता है और
04:42प्रदर्शन का मकसद भी यही रहा होगा कि किरकिरी हो पीए में इस कॉम्परमाइज जब बोला जाता है तो किरकिरी
04:51करने के लिए ही बोला जाता है तो किरकिरी तो उसके मकसद में शामिल था अब बात है कि जिस
04:58तरह से सत्तापक्ष देश विरोधी सावित करने में जोटा ह�
05:02तो ये कोशिश अलग-अलग मौकों पर भी रही है लेकिन इस देश की सबसे पुरानी पार्टी है कॉंग्रेस आज
05:11भी विप्रक्ष है अगर यही देश बिरोधी हो जाए तो फिर बहन कर दीजे तो प्रतिबंद भी बचता और कोई
05:18रास्ता नहीं है
05:19तो कांग्रेस को देश बिरोधी साबित करने की अब तक की सारी कोशिश है फेल रही है अब इस बार
05:27जो प्रतिरोध प्रदर्शन हुआ है इस प्रदर्शन का जो मोटिव था कि वो पीम इस कॉंप्रमाइज या अर्दीपूरी इस्तिफा दे
05:37या इस तरह की अप्स्टीन फा�
05:49जितनी बढ़ेंगी उस हिसाब से ये मुद्दा भी गरम होगा और इसका जो राजनितिक मकसद प्रदर्शन कारियों का था वो
05:58फुल्फिल हुआ है तो लेकिन प्रेम कुमार जी एक बात निकल कर ये भी सामने आ रही है कि कॉंग्रेस
06:04पार्टी के कई सारे वरिष्ट नेता
06:18था क्या तक भी ऐसी कोई खबर ऐसी कोई बात पहुची है अंदोलन का जो तरीका होता है उससे सारे
06:25लोग सहमत हो ये जरूरी नहीं यह बात अब सही कह रहे हैं कि कॉछ लोग कोई अच्छा नहीं लगा
06:31लेकिन विपक्ष के भी कांग्रेस के गैर कांग्रेसी दलों में भी
06:35कुछ लोग को अच्छा लगा कि नहीं ठीक किया वो भी बाते हैं तो केवल एक ही बात कोई भी
06:41फैसला लिया जाता है तो उसके पक्ष और बिपक्ष में लोग होते हैं अब ये जो फैसला लिया गया प्रदर्शन
06:48करने का तो इसको आप तकनीकी रूप से जो भी बोले गलत
06:51है लेकिन देश बिरोधी बोलेंगे तो देश विश्वास नहीं करेगा क्योंकि इसमें कोई हिंसा नहीं थी इसमें कोई गाली गलोच
06:59नहीं था इसमें कोई बलके पीटे ये लोग जेल गए ये लोग जेल जा रहे हैं तो ऐसा कोई वाक्या
07:07नहीं कि आप कहें कि ये अपनी
07:08स्वार्थ के लिए गए थे तो कोई ऐसी बात नहीं कि इसको देश बिरोधी बोला जागर देश बिरोधी लेकिन प्रेम
07:19कुमार जी उसका गलगोटिया ही नहीं सरकार भी उसमें शामिल है गलगोटिया अपने मन से प्रदर्शन कर दिया क्या उसको
07:24देखने वाला कोई नहीं �
07:25तो देश बिरोध बोलेंग अगर इन चीजों से रिसाइड होगा तो कांग्रेस से पहले तो सत्ता पक्ष पर उंगली आएगी
07:57देखें मुझे लगता है कि इसका ज़वाब आज राहूल गांदी ने एक ट्वीट में दिया है
08:02कि सत्ता को सच्चाई का आइना दिखाना अपराद नहीं है, देश भक्ती है.
08:09मुझे लगता है कि ये सठीक जवाब है, दुनिया में बहुत सारे इंटरनेशनल आयोजन हुए हैं,
08:15और जिन देशों में हुए हैं, वहां की देश की जनता बिरोध करती है,
08:19बिरोध प्रदर्शन अपने देश का बिरोधी होना और गदार होना थोड़े होता है.
08:24अगर इसे लोग गदार हैं, तो जो गदार ही करते हैं, उसको क्या कहेंगे?
Comments