00:00ट्रम्प का नया पीस कलब जहां सदस्चता का रेट 9,000 करोड रुपए है
00:10अमेर्की राष्टपती डोनाल ट्रम्प ने हाली में एक नय बोर्ड आफ पीस की बात कही है
00:15जिसमें उन्होंने करीब 60 देशों के नेताओं को शामिल होने का निमंतरन दिया है
00:19इसमें भारत, पाकिस्तान, इटली, तुर्की जैसे देशों के नाम सामिल है
00:24लेकिन सबसे बड़ी बात यह है कि यह बोर्ड फ्री नहीं है
00:28रिपोर्ट्स के मुताबिक अगर कोई देश इस बोर्ड में इस्थाई सदस्त यानि की पर्मानेंट मेंबर बनना चाहता है
00:34तो उसे लगभग एक अरब डॉलर यानि की 9000 करोर रुपए देने होंगे
00:39इस खबर के बाद अंतराश्ट्रिय राजनीती में एक नई बहस शुरू हो गई है
00:43कई लोग इसे सिर्फ गाजा संकट की पहल नहीं बलकि सन्युक्त राश शुरक्षा परिसाद यानि UNSC के बिकल्प जैसा मान रहे हैं
00:51ट्रंप ने खुद इस बोर्ड को अब तक का सबसे मजबूत बोर्ड बताया है जो शांती और उन्नती पर काम करेगा
00:57लेकिन सवाल यह उट रहा है कि क्या अमेरिका गाजा के नाम पर एक नई वैश्विक रोस्था तैयार कर रहा है
01:03ड्राफ्ट चार्टर के अनुसाद ट्रंप इस बोर्ड के पहले अध्यक्ष होंगे
01:06वह तैय करेंगे कि कौन कौन से देश सदस्ते बनेंगे
01:10हर देश को एक बोर्ड मिलेगा और फैसले बहमत से होंगे
01:14लेकिन अन्तिम फैसला ट्रंप की मंजूरी के बिना नहीं होगा
01:17सदस्तिता की ओधे भी तीन साल तैय की गई है
01:19जिससे बाद में ट्रंप बढ़ा सकते हैं
01:22लेकिन एक बड़ा नियम है
01:23अगर कोई देश पहले साल में एक अरब डॉलर से ज़्यादा नगज युगदान देता है
01:28तो उसे तीन साल की सीमा नहीं लगेगी
01:30और वह इस्थाई सदस्त यानि की पर्मानेंट मिंबर बन जाएगा
01:34इस फंड का इस्तिमाल बोर्ट के खर्चों के लिए कहा गया है
01:37लेकिन इसमें यह साफ नहीं है कि पैसा कहां और कैसे खर्चोंगे
01:41बोर्ट के काम करने का तरीका भी अभी पूरी तरह इस पश्ट नहीं है
01:45अब तक दो अलग बोर्डों की बात सामने आई है
01:47एक founding executive board जिसमें साथ सदस्ते हैं
01:50और दूसरा गाजा executive board जो सीधे गाजा में काम करेगा
01:54हलाकि White House ने Bloomberg की रिपोर्ट को गुमराह करने वाला बताया है
01:58और कहा कि कोई नियूंतम फिस नहीं है
02:00उन्होंने कहा कि यह सिर्फ उन देशों को अस्थाई सदस्तेता का ओफर देता है
02:04यह शांती, सुरक्षा और सम्रिधी के लिए प्रतिवध्य है
02:07हलाकि experts और आलोचक मानते हैं कि यह board US-centric होगा
02:12और आर्थिक युगदान देने वाले देशों को ज़्यादा ताकत मिलेगी
02:15जो UN के बराबरी वाले सिध्धान से अलग है
02:18ऐसे में यह सवाल बनता है कि क्या यह वास्तों में शांती का मंच है
02:22या सन्युक्त राष्ट का एक नए अबिकल्ब
02:24आपको क्या लगता है कमेंट सक्षन में जरूर बताएं
02:27और देश और दुनिया से जुरे तमाम अपडेट
02:29और शेयर मार्केट से जुरी तमाम जानकारी के लिए
02:31आप बने रहें गुड रिटरंस डिश्टल के साथ
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