মকর সংক্রান্তিতে অজয় নদের তীরে জয়দেবের মেলায় উপস্থিত দিলীপ ঘোষ। মঞ্চে দাঁড়িয়ে সনাতনীদের উদ্দেশ্যে বিশেষ বার্তা দিলীপের। ‘সনাতনের পথেই দুনিয়ায় শান্তি আসবে’ । ‘বহু আক্রমণ হয়েছে আমাদের ধর্মের উপর কিন্তু আমরা টিকে আছি’ ।
00:08अनंदमोर डांस्रा मेर एक पुरिचालोनाई में होस्ताई बहु भक्त समागम होय चे
00:15एजी के मिलन मटच जाजो महागम जिनी घगवानेर नाम भजन इतना मदे सुनाचेन अर उन्दर मिस्ट्री शुरें
00:26अजयर पुवित्र नोदी ते सान कोट्छेन ए रांगयों कायक बार मिएसे सान कोट्छेन किन्तु एवारे मेला जवेक्ट आलादा मने एक्ट बड़ो लोगेर मुणे बेशी उच्छा हो बहु मानूस एश्चेन एवारे
00:40अर वक्ति बारे सान कोट्छेन तांध्यान कोट्छेन एद्र ने सारा भार्तपोर्शेते इंदू और सुना करेर जे प्रहाब बाढ़चे सारा विस्ट्र पजुन्त होचे तो एई आमदे धर्मों संस्क्रती विस्ट्र मुद्दे स्रिष्टो शबाइक निये चोले एक्स
01:10अर भारतेर एई शना तोनेर पथे दुनिया दे शांती आजबे स्वम्रद्दी आजबे मानुसे मने पुरिवर्तन आजबे हिंग साथ बेस बूले जवेलोके
01:54जिवन अमत्रे शात्ती कोता अध्धती कोता अध्धती कोता नहीं आजबे मुझे जिवन जवन सुक सांती ते संग्रिवत्धा हवें शेरेकं सारा दुनिया ते सांती आजबे
02:13साल दुनिया है मरग का ढिंग सा जचे जुन्तो जचे तार ते के प्रदिवी के माचाता हवें मानावता का माचाता हवें इटा मुझे प्रोफ्रुस्त बुलेशन अमणा आगे भार्मी खवो शवाई की निये चलवो तार प्रद गोल्वोजे ए शो अमदेर रास्ता आए
02:43तो एक रिखाला थो यह ईद्टी बंदिर चार्ण विपारों को नहीं ढुबाद मार मारें शिट रेखा खुड़ा को आगा शिरक्राइदा अगा थेश्ट करा घ्रका करा श्राण हरा वाखी विन फेलिगुंग के विपहना हो इसान पारती नर्म आखिश्त त्यूिदी यह �
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