00:25वाव, इसे कहते है perfect choice, ये night में बहुत सूट करेगा करुना, अच्छा, और दिन में, दिन में तो तुम्हारा ये सेक्सी फिगर ही काफी है, अरे, अरे, अरे, इतना शर्मा क्यो रही हो, मैं तो सच्छा ही बता रही हूँ, उसके तो मजे हैं, तस ये ध्यान अतना
00:55कि वो तुम्हें डिप्राइब ना कर दे, बत्तमीज, इंजिनियर है वो, कुछ तो आता ही होगा, और अगर एंकेस कुछ गढबढ होई भी, तो हम छोटे शेयर कही सही पर बड़े स्मार्ट है, हम भी सोने नहीं देंगे, अच्छा,
01:25बातरू में पिसल कर गिर के, एक हफ़ते से बैट पर ही है बाबा, उड़ा बाद होता ही है गिरने मनने के लिए, गिरे वो हैं, और बैट सुना हमारा कर गए है, हम?
01:43बातरू में पिसल कर गिर के, एक हफ़ते से बैट पर ही है बाबा, उड़ा बाद होता ही है गिरने मनने के लिए, गिरे वो हैं, और बैट सुना हमारा कर गए हम? अभी तुम चली और थंडे पड़े रहेंगे हम, क्यों? कुछ गलत बोल दिया हमारे इस बैड के बारे में �
02:13तुम्हारा अपने साइट से तो सिफ चाती देगी है मैंने क्या बोला तुमने फिर से बोलो क्या तुमने पेशरम रहने दो यह नटंकी पती की जिम्मेदारी को छोड़का तुम्हारी माँ बाप की चाकरी के लिए तुमको बला रही है हम वैसे भी ठीक है इधर कॉनसे त
02:43साल भर में एक चूजा बीनी निकला तुमारे अंता से ए नितेश दिखा केसी अच्छे डॉक्टर को इसको नाम की लोगाईये न दे न दाई
03:13दाई आपा कैसे है अच्छे करत कमें नहीं हो रहा हुआ हुआ है
03:43यह सब सिर्फ हमें ही दिखाओ
03:53पब्लिक के लिए उचे गले का सिल्वालो
04:01यह अगाउंटन है तुम्हार उदर
04:08हाँ अगाउंटन्ट है
04:13पर पापा कभी ध्यान रखते है
04:43यह देखाई लिए यह अगाँ
04:47कि यह ज़िया थंदा थंदा मीठा मीठा कन्ने का जूस
04:49तुम्हे कैसे मालूम
04:51मालूम है आपको का पसंद है का नहीं पसंद है
04:57यह लेजी ठंड़ा ठंड़ा मीठा मीठा कन्ये का जूस
05:03तुम्हे कैसे मालूम?
05:08मालूम है आपको का पसंद है का नहीं पसंद है
05:11मा तो कहती है ना तिकन्नों की हसी कन्ये के गलासी
05:19यह जी थैक्यू
05:27शुलाने चाहिए
05:32यह जी आपको का लिए?
05:38ना शुलाओ प्लाचाल चाहिए
05:41त्हणा पापास घंड़ा?
05:45गोड़ा हूँ के शुलाओ प्लाचाल प्लाचा आपकास अग्या कारते है
05:51क्या चाहिए?
05:55पापा साब ठीक रहा, आप बेखल चिंता मक कीजिए, हम?
06:02मैं पाने लेकर राती हूं
06:16आपको लगी तो नहीं
06:20सॉरी
06:20इच्छी करते हैं
06:26क्या हो क्या हो गया?
06:31आ गई तो
06:34अब तुमने तो अपने आने की खबर दी नी
06:36लेकिन हम भी पल-पल की खबर रखते हैं
06:38इसलिए जमाना कहता है
06:40नीता से नोचोरी, समझी?
06:42अच्छा जी
06:43हाँ
06:45अब बताव
06:46क्या?
06:47अरे क्या क्या?
06:48मुझे सब कुछ जाना है, पती वाले एंकाउंटर्स, कप-कप, कैसे-कैसे हुआ?
06:56एए
06:57क्या हुआ?
06:58सुरी यार, मजाग था
07:01कुछ नहीं
07:03अच्छली, इस ओके है
07:04हेए
07:05वाट ओके?
07:06बता ना, अब तुम इसे भी चुपाएगी
07:13रात है
07:15सिर्फ निदेश के लिए होती है
07:18चार-पांच मिनिट
07:20फिर वो सोजाता है
07:22और मैं जाकती रहती हूँ
07:25आइ स्वेर, यह मर्द ना, बहुत कुट्टे होते हैं
07:30हाँ
07:32मर्द का तेमपरेचर बढ़ा, उनकी हस्रते पुरी हुई
07:35तो उनका बुखार उतर जाता है
07:45प्लेशर और तचरपा, हमें रेली मिल पाता है
07:51अब ऐसा कुछ नहीं होगा
07:55मैं तो कहती हूँ, तुम भी वही करो, जो मैंने किया था
08:00क्या?
08:01देखो, तुम्हारे पती के लिए तुम सिर्फ एक टॉय हो
12:31बहुत बढ़िया, लेकि बेटा, मैं समेट लूँगी, तू क्यों कर रही है?
12:34क्यों कर रही है? क्योंकि आज तुम्हारी किचिन से चुट्टी है, तुम जाओ अराम करो, मैं किचिन समीट दूँगी
12:39अच्छा ठीक है
12:46बेटा, नितीश क्यों नहीं आया तेरे साथ?
12:50अच्छा है नहीं आया मा, यहां तो चैन मिले
12:54अच्छा है अच्छा है लेकिन बिटा भोल लोग तो अच्छा नहीं है
12:56माँ
13:01खर की नोक रहनी
13:03और रात में नीन की गॉली
13:06पस इतनी जरुवत है उने मेरी माँ
13:10एमोशनल सपूर तो उने आपनी अमा से मिल जाता है
13:14अम्मा से मिल जाता है
13:22क्या हरशादी में ऐसा ही होता है मा
13:30अझे पानी का रहा है गया
13:32पानी लेकर रहा हो
13:33आई
13:36अब तो बस यही नोकरी बच्ची है
13:38अच्छा सुन
13:39धरम आज यही रहेगा
13:41उसके घर में कुछ काम चल रहा है
13:43मैं देख्लोंगे
14:13आप
14:14खाना काया?
14:15आप
14:16खाना काया?
14:17हाँ, खालिया
14:19इतनी अशी नोकरी है तुम्हारी
14:21पापा की चक्री कहें करते हो?
14:25आप
14:28खाना काया?
14:29हाँ, खालिया
14:31इतनी अशी नोकरी है तुम्हारी
14:34पापा की चक्री कहें करते हो?
14:36आपके लिए
14:37वैसे
14:38साधी करके खुस तो है ना आप
14:39तुम हमें पहले पसंद करते थे क्या?
14:42सच कहें तो बहुत ज्यादा पसंद करते थे आपको
14:43साधी करके खुस तो है ना आप
14:49तुम हमें पहले पसंद करते थे क्या?
14:54सच कहें तो बहुत ज्यादा पसंद करते थे आपको
15:00कुछ भी कर सकते हैं आपके लिए
15:05अच्छ
15:09अच्छ
15:19अब जयसा मैं काऊंगे वैसे ही करना
15:24जहां मैं काऊंगे नहीं जोना
15:29मुझे कुछ करूब
15:32अरे करुन रहम को दूद्ध दिया बेटन
15:54अहां, मा बस बही दिने आय थे
15:57अच्छी
16:04एक गंटे में सब सोचाएंगे
16:06तो मुझे उसकी बात मलना
16:08मिलोगे ना
16:24यू अचानक?
16:40क्यो? शॉक लगया?
16:42नहीं वो
16:44अगर पता होता पारे तो
16:46तो जुना के लिए वेट करती
16:48कोई नहीं?
16:50अभी सोते हैं
16:51इर करदो मेरे वेट पूरी
16:53हम?
16:56अभी नहीं
16:58भी भी बात?
17:03चलो आज तुमको मा बनाते हैं
17:04नही जगह
17:05नहा माहौल
17:07क्या पता तुम्हरा गुप तुरोग भी धूर हो जाए?
17:10पता है नग्ट्टर ने क्या कहा था?
17:12गुप तुरोग मुझे नहीं
17:15आपको है
17:17प्पको है
17:18दॉक्तर ने क्या कहा था उससे मा को कोई मतलब नहीं, उनको सिर्फ पोता चाहिए, मुड़ खराब कर दिया, लेटो यहाँ पे, अभी नहीं
17:26किसीने सही का है, पैर की जूती पैर में ही सही लगती है, कल घर चलना, फिर में उतरता हूं तुम्हारे एतिवर
17:34धन्भी कहें कि
18:04हम बहार इंतजार कर रहे हैं
18:34हलो, अरे चप्बू के माँ सुन रही हो, हलो, अरे साला नेटवर्क को का हो जाता है
19:04करूना
19:24करूना
19:27करून
19:31करूना?
19:48करूना?
19:52करूना?
19:55करूना?
19:56जाओ नदेश जागे, तुम जाओ यहां से.
19:58हम नहीं जा रहें आप के और कहें, हम नहीं जा रहें.
20:00बेबुकूफ मत बनो, शादी शुदा हुमें, जाओ, जी जाओ, यहां की चुकेदर ही हम करते हैं, करुणा को देखा तुमने कहीं पे, नहीं साब, हम तो कब से यहां पहरा दे रहे हैं, दीदी को नहीं देखे हैं, करुणा जी, हमारे बीचे शुरू हुआ है, अगली बार
20:30बार करुणा पने कमरे में भी नहीं और गर में भी नहीं है, अरे इतनी रात को कहा जाएगी, मैं एक रफिर से अंदर देखते हूं हां, जब करो, जए पकोती मा, जब करो, जए पकोती मा,
20:56कि ये क्या हुलिया बना लिया तुने वो तुम सोने चली गई थी तो इचन समेट के कल का राशन लेने में स्टूरू मा गई थी और बदकिसमेती देखो एक शुहा रेंगते वे बहार निगला आठी के दबबे के पीछे से और आठी का डबबह
21:26करते हैं देखो भाईं के जीमा लिए ओर कोषी आठीज के लिए इखा राशन आठी मेगला भुम जाने चली जो आए्टली घएविशस्टारी के देखों का लिखीके प्राशन का रेंगते आपाराशन आठीज के देख़ंटा प्राशन का बंबह को प्राशन का उल्स प्रा�
21:56आख का पानी मर गया तेरा पहया बेशरम शादी शुदा है तू ये बात अगर बाहर गई ना
22:24तो लोग फूगेंगे हम पर यही करने आई थी तू ये अगर अपने मूँ पे कालिक पुतवानी थी ना तो अपने ससुराल में पुतवाती यहां क्यू ने चली आई शांत हो जाओ मां किसी को कुछ पता नहीं चलेगा कोई कालग नहीं पूती मैंने कुछ गलत नहीं किया क�
22:54नहीं बन सकती किसी ओर के हाथ का खिलोना अगर मर्द अपनी हस्रते पूरी कर सकता है तो एक औरत का भी हाग है कि वो जी ले पहसूस कर सके वो बल जिसका हुनर कुदरत ने एक औरत और एक मर्द तोनों को पराबर का ही दिया है क्या एक औरत का यह हस्रत रखना गलत है मां
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