00:00आज के समारों में जब प्रतिष्टा द्वादसी के सौसर पर माता अन्वपूना के मंदिर में सनातन धर्म की ध्वजा कारोहण का कारेव कर रहे थे तो उन्हें मैंने अत्यांत भावक होते वे भी देखा है
00:22मैं सौसर पर उनकी उपस्तिती के लिए उनका उत्तरप्रदेश सरकार की ओर से और उत्तरप्रदेश के वासियों की ओर से उत्तरप्रदेश की जनता जनारदन और सेवीर रामभक्तों की ओर से हिरदे से अविनंदन करता हूँ
00:38बैन और भाईयों
00:43स्वतंद्र भारत्म के बाद
00:47सिराम जन्भों में आन्दोलन के
00:50अनेक पड़ाओ
00:53अयोध्या ने देखे हैं
00:57अयोध्या
01:02जिसके नाम से यह एसास होता है
01:05कि यहां कभी युद्ध नहीं हुआ
01:08यानि कोई भी दुस्मन
01:12यहां के सौरे से
01:15यहां के बैबो से
01:16यहां के प्राकर्म से सामने
01:18कभी टिक नहीं पाया
01:20लेकिन
01:22कुछ लोगों ने
01:24अपने नेज़ स्वार्त से
01:26मजभी जनून
01:27और सत्ता की तुस्ती करण की
01:31इस निक्रिष्टा में पढ़ करके
01:33अयोध्या को भी
01:35उपद्रा और संघर्ष का एक अड़ा
01:37बना दिया था
01:38वही है अयोध्या
01:41पिसले ग्यारा वर्ष के अंदर
01:46बेश के सुस्षी प्रधान मंत्री
01:48आद्रिनेसी नरिंद्र मोधी जी के
01:50यससी निक्रित्व में
01:53उन तीन महत्वूर घटनाओं को
01:55कभी बिस्मृत नहीं कर सकता
01:57याद करिए
01:59पांच अगस दोहजार बीस
02:01जब पहली बार सुतंद्र भारत में
02:06देश का कोई प्रधान मंत्री
02:08स्वयम अयोध्या धाम में पधारे
02:12और उनों ने अपने करकमलों से
02:16पांसो वर्सों की कलंक को
02:18पूरी तरह समाप्त करते वे से
02:20राम जनब भूमी के लिए
02:22मूर्दी भूमी पूजन के कारेक्रम को
02:24संपन्न किया था
02:26दूसरी ति थी
02:31जब बाईस जनवरी
02:36दोहजार चौबीस को
02:38और हिंदू पंचां के अनसार कहें
02:42तो पोज सुक्ल बादसी
02:45कि वह पवित्रती थी
02:47जब स्वयम फिर आदने प्रधान मंत्री जी
02:51अयोध्या धाम पधारे
02:54और उनोंने
02:56से राम लला के
02:59भव्य मूर्त की प्रांग प्रतिस्था के
03:03कारे करम को अपने करकमलों से संपन्न किया
03:06तीसरा
03:11जब अभी पचीस नौंबर को
03:19विवापंचमी
03:21के सुब आउसर पर
03:25आदने प्रधान मंत्री जी फिर अयोध्या आये थे
03:28और राम मंदिर के
03:31मुख्य सिकर पर
03:34पनाने सनातन धर्म की धजापटाका को
03:37भगवा धजा को
03:39प्रतिश्थित करके
03:40सनातन से ओपर कोई नहीं
03:46इस सनातन की धजापटाका हमेशा
03:49दिगद्ध तक ऐसे ही गूस्ती रहेगी
03:52और ऐसे ही दिखाई देगी
03:54इस उदगोस के साथ
03:57उन्होंने अयोध्या में आकर
03:59कि पुरी देश और पुरी दुनिया को
04:00एक संदेश दिया
04:01पैनोर भाईयो
04:04अयोध्या ने जो संघर्स
04:07देखा था
04:08पिसली सरकार ने
04:10अयोध्या को लौलुहान करने का
04:12कारे किया था
04:14जिस अयोध्या में कभी संघर्स नहीं होते थे
04:19उस अयोध्या को लौलुहान करने वाले लोग
04:22उस अयोध्या में जिनके सासन में आतंकी हमले हो करके
04:27अयोध्या को लौलुहान करने का प्रियास हुआ था
04:29लेकिन प्रभु की किरपा और बजरंग वली जहां की रक्सा स्वयम कर रहे हो
04:36वहां तो भूत फिचास निकटने आवे महाबीर जब
04:41हन्मान गड़ी में भगवान यानि हन्मान ची महराज स्वयम पे राजमान है
04:50कैसे कोई कैसे कोई आतंकियां गुश राता
04:54जैसे ही उन्होंने दुस्साहस किया था 2005 में
04:59याद करिए कैसे पी एसी के जवाना ने ठक ठक ठक करके वहीं पे उनको मार गिराया
05:08अयो अध्या तो संदेश देती है
05:13और उसी संदेश को आगे वढ़ाने के लिए
05:18अब आप देखते होंगे देश और दुनिया का कोई भी ऐसा सरधालू नहीं
05:25सनातन धरमावलं भी नहीं
05:27जो अयोध्या आकर के दर्शन करके अभी भूत न होता हो
05:31एक लाक एबरेज
05:34अगर हम लोग देखे
05:38पिछले पांच वरस के अंदर
05:41पैंतालीस करोड से धिक सरधालू अयोध्या धाम में आया है
05:46जहां पर पहले कुछ लाखों में लोग आते थे
05:51याद करिए सत्र के पहले
05:54न बिजली थी
05:56न पानी थी
05:58न स्वचता थी
06:00न सड़क थी
06:02न कनेक्टिविटी थी
06:04कोई सुग्धा नहीं थी
06:08शुरक्सा की भी विवस्ता नहीं थी
06:12और कोई जैसे राम बोलता था तो उस पर लाठी जरूर पढ़ जाते थे
06:17गिरक्तारियं हो जाती थे
06:20आज तो
06:23आप देश में जाईए
06:26राम राम बोलिए
06:27जैसे राम बोलिए
06:28और अब तो
06:29भारत सरकार की योजना भी
06:32जी राम जी के नाम पर ही आ गई है
06:35जो रोजगार की सबसे बड़ी स्कीम बनने जा रही है
06:38कोई भी बेरोजगार व्यक्ति जबाएगा
06:45और कहेगा कि मुझे रोजगार चाहिए अपनी गराम पंचायत में
06:50साल में 125 दिन का रोजगार की गारंटिस को उसके गाउं में मिल जाएगी
06:56तो जी राम जी हो गया
06:57पैन और भाईयो अज दुनिया की पहली सॉलर सीटी भारत की पहली सॉलर सीटी की रूप में अध्या आ गई है
07:10सूर्य वन से की राज़दा नहीं पहली सॉलर सीटी
07:13अध्या में अंतरास्टिय एरपोर्ट मौरसी बालमीकी के नाम पर
07:19रेल्वे की डवल लाइन के साथ अयोध्या नाम चुड़ गया है
07:25बेतरी इन कनेक्टिविटी अयोध्या का
07:29लखनों से बोरकपुर से प्रियागराज से कासी से हरो और से
07:37अब अयोध्या में क्या नहीं है
07:41जिस अयोध्या में सिंगल लेन की सडकें थी
07:45आज चारों और से फोर लेन की सडकें और कोई भी सरधाल हुआता है
07:51किसी भी सीजन में आए
07:52आराम से दर्शन करता है अभिवूत होकर के मस्त होकर के फिर जाता है
08:01अभिवूत होता है और हमारी पीड़ी सचमुच सवागे साली है
08:05कई पीडिया 500 वर्सों की ध्यास को जब हम देखते हैं
08:13500 वर्सों की ध्यास को जब हम देखते हैं
08:17याद करिए
08:191526 से लेकर के 1528 से लेकर के
08:251992 तक और 1992 से लेकर के
08:31उसके उपरांथ भी
08:34अयोध्या में हर 20-25 वर्स के अंदर
08:42कोई नो कोई बड़ा संगर्स राम भक्त करता था
08:44राम मंद्र को वापस लेने के लिए
08:47लगातार संगर्स करता था
08:51कभी बैठा नहीं
08:52रुका नहीं जुका नहीं
08:55उसने सत्पा की परवा नहीं की
08:57उसने तमन की परवाँ नहीं की
08:59उसने गोलियों और लाठियों की परवाँ नहीं की
09:04वो लड़ता रहा
09:05और उस संगर्स का पेड़ाम हमारे सामने था
09:08और यह आंदोलन सफलता की नई उचाईों तक तब पहुचा जब
09:15राष्टिय स्वेम सिवग संग ने तुट त्यूआ पूरी पुज़ संतों को एक मंच पर लाने में
09:22सर्वे असोग सिंगल जी ने एक मंच पर लाने में सफलता प्राप्त की
09:27एकदम गुलामी का कलंक मिठा और भव्य राम मंदिर का मार्ग प्रसस्त होतावा दिखाई दिया
09:35बैन और भाईयों आज उसी प्राण प्रतिष्ठा के दो वर्स पूर्ण होने के उपलक्स में
09:43आज कई समारों यहां पर आयुजित हो रहा है
09:47अयोध्या के इस दिव्यता को इस भव्यता को अनंत काल तक बनाई रखने के लिए हम सब को
09:53हर सनातन धरमावलंबी को आगे बढ़ना पड़ेगा
09:55एक साथ अपने जीवन का हिस्सा इसको बनाना पड़ेगा
09:59यह यात्रा की विराम नहीं
10:05यह नई यात्रा की सुरुवात है
10:09विरासत पर गौरव के अन्भूती करते वे विकास के नित नए प्रतिमान को अस्तापित करना
10:15और इसी के लिए प्रधान मंत्री जी ने हर भारत वास्यों के सामने
10:19विक्सित भारत की एक संकल्पना दी है
10:23यह देश अब आजादी के सो वर्स पूरा करेगा
10:27घर भारत वासी के सामने एक संकल्पो होना चाहिए
10:30और विक्सित अस्तापित का संक्रक्षन करते वे
10:39अपने अस्तर पर जिस छेत्र में हम हैं
10:44जिस पील्ड में हम काम कर रहे हैं
10:46वहां उत्कृष्टितम कारे करके दिखाना है, अपने देश के लिए सनातन धर्म की द्वजा पताका को उपर उठाने के लिए, हम सब को मिलकर के सामिक प्रियास को आगे बढ़ाना पड़ेगा, और यही प्रियास बारत को दुनिया की बड़ी पाकत की रूप में स्तापित क
11:16के मुख्य तिति मानने रक्सामंत्री जी का हिर्दे से दिनंदन करता हूँ, आप सब के प्रतिवी फिर्दे से अपनी सुप्तामनाई देते विए, प्रवु से यही प्रार्थना करता हूँ कि आपके जीवन में, कल वर्स दोहजार चब्वीस का पहला दिन है,
11:34दोहजार चब्वीस अंग्रेजी तिति का जो वर्स प्रारम हो रहा है, यह पूरा वर्स आपके जीवन में, सुब और मंगल कारी हो, इस विश्वास के साथ आप सब के प्रतिमेरी मंगल में सुब कामनाए हैं, धन्यबाद, जैहिन, जैजै स्री राम
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