00:35मार खास है मेरे कुलों जा रहूं जा रहूं जा रहूं जा रहूं जा रहूं जा रहूं जा रहूं
00:37जरूरी बात चल रही है अगर
00:38जलना ना हो पैसे
00:41सावे दिल पर लगे ताले
00:45खुलने हैं तो खुलने दो जानी
00:47कब तक पुरानी यादों के
00:49पहरे में बिठा के रखो
00:50उस बेवफा ने पलर कर
00:53तो दुमारा कभी तुमारा नाम भी नहीं लिया
00:55और उसे चोड़ें वहीद भाई
00:56शरीफों के काबल ही का हाम
01:01और ये ठीपुदू ऐसी बकता रहता है
01:07इसकी बातों पर द्यान ना दो है मैं जला है
01:10इश्क सामल को रास नहीं आता
01:14बेर उसकी बातों पर यकीन नहीं गब गा
01:19तुम्हारी आँखों पे ध्यान लगाए हो और तुम्हारी आँखों के रंग तो कुछ और ही बता रहे है
01:26अच्छा चलता हूँ
01:38अब तुम्हारे हाथ में है के दो चार दिन गिराज के मामने में खामोश बैटते हो या कबजा करते हो
01:47वैसे उनका वकील अगली तारीख के इंद़ार करेगा
01:51सावड इंसान को मौबब से डरना नहीं चाहिए
02:06मौपत बड़ी कमाल शयर होती है
02:12यह इंसान को अंदर तक धोकर उचला कर देती तिलकसारे मैल साप कर देती
02:21किया मापत तो नहीं क्यों तो मुझे आज अंदर से बहुत उचले तिखाई देती
02:30किया मुझे आजर प्राट मेंदर होती किया नहीं चाहिए
02:41जयरुपत नहीं चाहिए
02:47जयरुपत अज़ियान वे यह गए
02:55किया बहात है आजकल तु ना सुभाई दिखा ही देते हो ना श्याम को अगता है युनिवस्टी में काफी दिल लग गया है तुमारा कुछ ऐसे यारी तुमने पेले तो कभी अपनी पढ़ाई पर इतनी तवज्जो नहीं ती अफिर भी एफटलस्ली ग्रेट आजाती थे यह
03:25लग रहे है क्या नहीं जोल मा आई विन थू टॉपर और मैं उनिवर्स्टी को बहुत इंजोई कहरा हम काफी मजा रहे है पड़ाई नहीं कोई और बात तो नहीं है नहीं है इस तरह कि सावलात वैसे अक्सर सबस्पेशियस मॉम करती है लेकिन अमारे कर पर रवेस फ्लो�
03:55क्या री जोड़े आई यह तुम दोनों के बीच मे क्या कहची पक रहे है मुझे भी बताऊ यारी ज़से अगर मैं आप दोनों को बताऊं कि
04:07मैरी लाइफ में कोई सब्सक्तरहसा है तो आप दोनों का क्या रीक्षन होगा एसोती कले समुपेश्स
04:13रिरी?
04:14रिरी?
04:15रिरी.
04:34कौन है?
04:36किस फामली की है?
04:38बताओंगा.
04:40बॉरता आने भी बताओंगा.
04:43लेकिन भी मैं देखने चाहता हूँ कर आगर सो रिस्पांस कहा है, फुक्स पॉसिटिव.
04:47पागल होगी अकर पॉसिटिव रिस्पांस नी देगी मेरे बेटे को.
04:51और हमें कब बताओंगा?
04:55मैं तो पहली समझिया था है कि दाल में कुछ काल है.
04:58वोना अतनी फुर्तिया इसने, इससे पहले तो कभी नहीं दिखाई.
05:02कौन हो?
05:06पहले होगी.
05:07तो तुम्हारी पसंद है तो यकिन उन तुम्हारे मैर की होगी.
05:10हम, आपिसली.
05:14बहुत अच्छे हैं.
05:16और होब कि हमारे बीच में कोई जालिम समाज जैसी चीज़ ना आजा.
05:20काम ओन यारी.
05:22तुम जानते हो, तुम्हारे बाबा और मेली तुम्हारी खुशी सबसे जरूरी है.
05:28बीकिन, हमें पता होना चाहिना कि लड़की का बैक्राउंड क्या है?
05:33पारी जिंदगी का फेस्टा है, हम लाइटली तो नहीं डे सकते हैं.
05:36बताऊँगा.
05:38वक्त आने पर ज़रूर बताओ.
05:41लेकिन अगर आप तुनों अपने बेड़े की चॉइस को ट्रस्ट करते हैं, तो आप तुनों को पता होना चाहिए.
05:46वो मेरे स्टांडर को मैच करते हैं.
06:01खाना खत्म करो.
06:08असलम आपको ऐसा नहीं लगता के ये लोग बगएर किसी कीमत के हमसे हमारा बर्क्शॉप चीनना चाहते हैं?
06:31अबब, वो चाय बना दूँ आपको थक से गए होंगे आप.
06:35नहीं बेटा, चाय का जी नहीं चानाँ, चाय ना कई दफ़ा नीन उडायती है मेरे में
06:43चाय, तो फिर दूद गरम करके भजवा देती हूं, पी लें, अमाओ कहते हूं भजवा देंगे आपको
06:52बेटा, तुम इतनी फिकर क्यों कर रही हो, तुम पढ़ने का टाइम है, तुम इन चीज़ां में वक्त ना जाय करो, मुझे कुछ चाय होगा ना मंगवा दूगा तुमारी अमा से, कहते ही तो नहीं है आप, और आपके काम करने से ना मेरा वक्त जाया नहीं होता, मैं अमाओ
07:22मैं जानता हूँ कि मैं ना कहूंगा तो तुम सारी रात बेचैनी से अरे कमरे के चक्कर लगाती रहोगी, रहां, तुम कुछ कहना चाह रही थी मुझे, नहीं, कुछ नहीं है वो, आप सोचें सुभा बात करेंगे, रुको अप्याजी, क्या हुआ है, वियासा की मुद़ �
07:52मुझे कुछ कहना चाह रही हो, लेकिन कहनी पा रही है, अपा, कुछ नहीं, बस आपकी फिकर हो रही थी, फिकरों की वज़ा से अंदर यंदर खुलते जा रहे हैं आप, इतना कर्च जो चड़ गया आप पे है, परिशान तो हूँ मैं,
08:22सारी जिन्दगी कमाई दाओ पे लगी है, जक्या, इस वर्क्षाप के लावा है किया मेरे पास, अज़ दौा करो काफ़ाद किसीने तबदील ना करते हो और ना बड़ा मुसला होगा, अबबा, आपको नहीं लगता हमें कोट केस करना चाहिए, कोट केस?
08:45यह तुम लोग नहीं बाते हैं कौन समझा रहा है?
09:00कुछ पताओ कि तुम लोग या नहीं?
09:07वे आया थे हां को?
09:15बोलो
09:16अबबा सावल आया था
09:19सावल आया था
09:24उसने एका और तुम उसकी बात मानने
09:30बेटा, वो गली का चोटा मोटा गुंड़ा है
09:35उसे इन बातों की क्या समझ यह बड़े-बड़े सेठों खेल है
09:40वकील, कानून, कचैरी, मचिस्ट्रेट
09:46यह पड़े लिखों के खेल होते है
09:49इसों क्या पता?
09:51वो यहां आया क्यों था?
09:54मुझसे क्यों नहीं बात की उस था?
09:58अब आ सावल भी कफजा माफिय के लिए काम करता है
10:00वो उसी सेठ के लिए काम करता है
10:07जो हमारी वोक्शॉप हरपने के लिए हमें तंग कर रहे है
10:09शाबाश
10:34जाएगी जाएगी अभी दूसरी जाएगी
10:38आवन जाएगी
10:40बीचे रोग
10:42जाएगी जाएगी
10:52एकात न, जड़का जरूर किसी जराहिं पेशा ग्रूप से तालू कर रख रहा है, लाग छुपाया उसने लेकिन सच सामने आई गया न, इस सारी साजिश सामवल ही की है, लेकिन उसी ने मेरा एक्सिरेंट करवाया है, और इस एड मुफ़तार का ही बनना है, हमारा हम दर्द �
11:22उससे क्यों बात की, अबबा मैंने तो अमा को फौरान आके बताया, और मैंने उससे कोई बात ने की, वो खुद अपनी सपाईया देने के लिए घर आया था, मैंने हलाके उससे बहुत बुरा भला का, पता नहीं क्यों, मुझे उस लड़के की बाते सची लगी, वो सच में
11:52होते हैं, जरूर उस सेठ नहीं भेजा होगा है नहीं यहां तुमनों कट राने तंकाने के जिए, तब ही तो पैसों की आफर खतम होने की बात की उसमें, उससे बात करता हूँ, शेब असलम, समझता किया नहीं, बुला थाना नहीं बतानी ये बात, अल्ला जाने क्या होगा
12:22और घुली नहीं बात की याइब अब क्वीन की बारी पलता साफ गड़े, अरे असे गैसे अब ही आदा बोर्ट पढ़ावाई, एसे गैसे जीते के चाबाज, शाबाज, शाबाज, शाबाज
12:52श्श्वान पाफ्जाए
12:56श्रुटब श्रुटब श्रुटब
13:02श्रुटब
13:03श्रुटब
13:04श्रुटब
13:18असला मुस्ताद आए दर्वाज़े पे
13:20अतम शोरना हो
13:50तुम्हारा दमाग तो दुरूस्त है ना लगना पता भी है क्या कह रही हो
14:05मेरा दमाग बिलकुल ठीक है और मैं पूरे घोश औ हवास में ये बात करी हूँ
14:09अल्यार तुम्हें पसंद करता है इस्टे खुद पता है मुझे
14:13मैंने तुम्हें मना किया वे ना मुझसे ऐसी बाते ना किया करो
14:17मैं यह क्या टेंशन में हूँ और तुम मुझसे क्या बातें कर रही हो
14:22आंदा के बाद मुझसे बात ना करना वनना तुम्हें मेरे गुस्से का पता है ना गुस्से में बहुत आगे हूँ
14:29ये अजीब मसला है, ये जिसको भी अपना गुस्सा निकालना होता है, सीधर लुबना की मत्हे पर आके क्यों लगता है, तुम दोनों आपस में भी तो बैठके ये मसला सॉल्फ कर सकते हो, ना ये मेरा मसला है, और ना मुझे इसमें इंट्रस्ट है, फेर, अब इतनी भूली
14:59मार खाओगी तुम मुझसे, तो पिया उसने कौन सा तुमारे अबबा को पसंद कर लिए, खराफात तो तब होती ना, वो तो तुम पे मर बिटा है, पंगली दीवाना होगी है तुमारा, लुबना, तुम्हे तो कर में यूनिवर्स्टी आके देखूँगी, जाओ यहां स
15:29ड़ी ना, वो तो तुम पे मर बिटा है, पंगली दीवाना होगी है तुमारा?
15:45तुम्हे टबू क्लब नहीं वहारा अड्डा है
15:52कब से लारे अड्डा?
15:54जब उसे होश संभाला तब उसे खुद को यहां पाया मेरा साहिं
16:02गरीबों से उनकी समीन च्छेन कर दास समाते हैं
16:08एक इजलतार महले के बीच में रह गया याशियां करते हैं
16:13शरम यहां थी गरीबों के लिए आयाशी नहीं होती है
16:17टाइम पास होता है असलम साहब
16:19और मैं किसी और के लिए काम करता हूँ
16:24खुद के लिए जमीने च्छेनता तो आज यहां ना होता है
16:28रह गई बात इस महले में रहने की
16:34तो हम इसत्तार है तब ही यह महला इसत्त देता है
16:39जो इसत डर के होती है न अससे बड़ी बेज़ती कोई नहीं होती
16:45यह तो यकीन था यो भोई वंडे और बदमाश
16:51आ तो की शक की गुझाईश बागी नहीं रही
16:54आपने मुझे जो कहना है कहलो
16:58कोई गाम नहीं
17:00लेकन इस मामले में आपको गुझाईश निकालने पड़ेगी
17:05मैं तो यह तुमसे बात हैं नहीं करना है
17:08मैं तो में यह सेरी करी मुझार से बड़ात बात करने
17:11तुम ज difference हो कि उगले भी है
17:13सेरी करी मुझार मेरा सेरी नहीं है
17:18वो मेरे सेरी का दोस्त है
17:20जसको ठेका मिला है
17:22आपकी वर्क्शाप खाली करने का
17:25तुसांगाल समझो
17:28जो भी तुम्हारा सेट है न उससे मिलवाओं जागे
17:32ताकि मैं उसे बराए रास पता सकूँ कि मैं यह जगा चोड़के नहीं चाहूंगा मैं
17:35असलम सहेब आप जिद मत करो
17:40यह गहुत खतरनाक लोग है
17:44मत उल्जो इंसे
17:46मेरी माना हूँ
17:48मैं आपको पैसे दिलवाने की एक आखरी कोशिश कर सकता हूँ
17:54घर की दो मासनूं और भूली भाली ओरतों को तो यह जहां सा दे सकते हैं
17:58कि तुम बड़े मतदकार हो
17:59मैं तुम्हारी बात में नहीं आऊँँ
18:03एक बार रितमार कर लिया न
18:08दवारा ने करूँगा
18:18मैं तुम्हारी बार रितमार कर दो यह जहां सा दे सकते हैं
18:48यह जहां आए प्याइड को मेरी हर बात माइंड क्यों कर लेती हो
19:00अच्छा एम सौरी यह अब मैं बात
19:18मैं तुम्हारी बात मैं तुम्हारी बात मैं तुम्हारी बात मैं तुम्हारी बात मैं तुम्हारी बात मैं तुम्हारी बात मैं तुम्हारी बात मैं तुम्हारी बात मैं तुम्हारी बात मैं तुम्हारी बात मैं तुम्हारी बात मैं तुम्हारी बात मैं तुम्हारी बात
19:49क्या हो ऐसा?
19:51मैंने का था नहीं ऐसी रियाक्ट करेगी
19:53जल को क्ली
19:54वान
19:55आफ़ी
19:56शलाओ उसके भी चिज़ ले
19:57पिया
20:18ये बहन पिया
20:20पिया
20:23शहर जाए
20:26ये अ मैंने
20:28ये बहनी
20:30आफ़ी
20:32शहर ख उत्त
20:46यहां क्यों आयो?
21:02अगर तुम्हें दखता हैं, तुम्हें तुम्हें तुम्हें पर दोड़ा भरोसा कर लूगा मैं?
21:05तुम्हें भूद है तुम्हारी?
21:09इस दुनिया में बहुत ऐसे लोग हैं जो हम जासा पर भरोसा नहीं कर सकती हैं
21:14आप भी ना करें
21:16शालला हमारा तो नसीबाई खराब है
21:20दोस्त भी दुश्मन समझने पर मजबूर हो जाता है
21:23मैं आपको परिशान करने नहीं आया
21:30आपसे पूछने आया हूँ कि आपका फैसला क्या है
21:34तुम्हें क्यों होता हूँ फैसला में
21:37जागे अपने सेड़ सेगो उससे बात करना जाता हूँ मैं
21:40अपने किराए के बंदों में ना भी जा करे
21:43जो करना ना कर ले वो
21:45बहुँ जिद्धी हो तो सांसाई में डां
21:50बहुँ जिद्धी
21:54एक सला है आपके लिए
21:57कोशिश कीजिएगा ये मिनुसिपल दफ्टर का काख़जा आपके हक में हो
22:04तो ये डी सी का दफ्टर आपके हक में फैसला देने में देर नहीं करेगा
22:10ये सेट लोग
22:14कोट कचैरी से कतरातें
22:17ज्यादा वक्त नहीं होता है इनके बाजाया करने के लिए
22:21इसलिए मैंने आपको कोट का मश्वरा दिया था
22:23ताके मामला अटकाया जा सके
22:27मैं भी कोशिश करूँगा कि जितना वक्त जाया हो सके उतना हो चाहे
22:45माना कि आपको मुझ पर भरोसा नहीं
22:47लेकर न किसी मकाम पर मेरी जरूरत पड़े तो बता देजिए जिता
22:56पाम जरूर बुरा है मेरा
23:01इनसान बुरा नहीं
23:04बुरा बुरा बुरा का
23:34क्या जरूर नहीं
23:51कर दो कर दो कर दो कर दो कर दो कर दो कर दो किसी को पसल करने वे वुना की बात है क्या है
24:21तो किसे सुसाइटी से तुमारा थारुख शायद भाए यहां आम बात है तो किसमाहल से मेरा थालुक है और बाय सब को बहुत माईउस खाए दॉझाजए था
24:43अजयुदा जयुदें और अच्टिंअ कें अजयुदें अजयुद्धें महिएं मुझें।
24:53तो दुक को बहुत माना है मुझे है युमी को बहुत पाखर मुझे था था.
25:01मैं हर तो अजह भूप दिद्टन क्लास सिस्टम से बरॉण करता है.
25:05में कोजद उसलते हैं.
25:09तो कि अभू मेग भी लग बात कर है ने झाय देगा है.,
25:14यह सोशल नर्म से तुमारे देने मेरे देने हैं, यह साइट ने बनाए है, नहीं से प्यार करता हूं मेरा है, मुझ से प्यार ने करते हैं, तुमारे राइट हैं, I'm not gonna force you into it.
25:28किसी को प्यार करने करें अबतस्तीनी की जाफी, but now please do me a favor, your social norms or class differences, इंको reason वना के मेरी महुपबद पूरे, I hope you get that straight.
25:48तुमारे देने की में आपने की यो, यो नहीं समचते, ये सबने अभू तेने हैं, था ना करता है.
25:59अच्छितीक, आप वाताव कर शेगाने की जाफी कर दूए है, अच्छितीक एक बाद वतावस के बाद कुशने पूचिए.
26:15वोलो
26:17कि यही बचेने इसके नावे देका बशाएं
26:21मैं मेरी दुनिया में कदम ज़ू रख गए
26:29कि तुमरे इस दुनिया के बारे में कुछ नहीं परता
26:33कर मारूम होता अनव
26:37परी हर मजमूरी
26:39हर सवाल का जवाब होता तुमरे
26:41तुमरे
27:02क्या हुआ है आर
27:04क्या के लिए
27:06नहींग
27:10यह असनम साब क्या कह रहे था भाई
27:12कुछ समझने आई बात
27:16यह असनम साब क्या कह रहे था भाई
27:26कुछ समझने आई बात
27:28एक बात तो बता
27:30हा भाई
27:34यह अपने माथे पे नसीबा क्या
27:36बदनामी की कालक मल गई
27:38जो दूर से लोगों को नजर आ जाती है
27:40क्या हो गया भाई सब खरियत तो है
27:42असलहम मेंसााब को लगजता है
27:44कि सारा भके�डा साब मिला है
27:46अशाला नसीबा ली खेड हैसारी
27:47तो मतलब उनको अभी भी ओसख़र नही तो नहीं है
27:51अब गलत भी तो नहीं है नование अपना भी Tो यही देनता है
28:00और यह भाई अब आगे क्या करना है
28:02यह तो अपना नुक्सान करवाएगा
28:03तो ता कि कसम जितनी टेंशन इस आदमी ने दी है न
28:06अगर यह उस्तानी जी का अभबा नहीं होता न
28:08तो मैं खुद मुरामत करके वर्क्शाप खाली करा लेता
29:30क्यों दूने भी छड़ जो जाना था मुझे से मिलने आया क्यों
29:42रंग रेज मेरे मुझे रंग लगा मुझे रोग लगा देश का
29:48तेरे प्यार की मैंने तस्वी पढ़ी मुझे खौफ नहीं है जग का
29:54रंग देश मेरे रंग देश मेरे
30:02रंग देश मेरे रंग देश मेरे
30:06पल 선배 तुब Suddenly किil मुझे रंग आयर के सब्लष मेरे वजय कर दो को बादू को अरे मेरे नो को भी making
30:14वो यह वो यह यह न जहे इसो को कर दोेद्वोर मैरें वह लोग
30:19Samir
30:20इन्कारा जाले के जारे हो गजाया है
30:22मैं नहीं बरेदुल्द जैन्स बर्ड़ाम
30:28रेदेन डरिक दाड़ा
30:30फिर व्रेद जाड़ा
30:32वलड़ा
30:34झालवा
30:35वहां पात्ग
30:36फिकल
30:38वाल
30:4018
30:42वाल
30:44वाल
30:47कि आप की कैसे हैं यो की थेकू मैं थैंक्स तो दिस मैं यह लोग आपको अगवा क्यों करना चाहरे थे साही शेरियार नाम है मेरा टिप्टी कमिशनर साउथ चाहें न चाहें न चाहें दुश्मन बनी जाते हैं लेकन आपके गार्ड्स का हैं
31:17अचली हम मिया बीबी लंच के लिए निकले थे इसे गलती ही हो गई कि हमने साथ में गार्ड्स नहीं लिए रिसे आप हैं कौन अपर जानके क्या करोगे साही अब यह आप गार्डी चलाओ हम आपके साथ साथ चलेंगे नहीं शेरियार मेरा ख्याल है हमें घर चलना चाहिए �
31:47यह मेरा कार्ड है इस मेरा नंबर है आफिस जरूर आना मुझे खुशी होगी और एक बार फिर शुक्रिया पर इजान बचाने के लिए
32:01शुक्रिया की क्या बात है साही अब यह आप ऐसे नहीं जाओगे आपके पीछे हम अपने गाड़ी लगाएंगे अब यह खत्रा टला नहीं है तकलीफ के लिए माजरत है कोई बात नहीं साही हम तो बने ही तकलीफ के लिए है चल चलो आओ आओ बेटे बेटे
32:31प्राव जये है लिए है तकलीफ यह खत्राव औरा है तकलीफ के लिए है तकलीफ और आपके लिए है तकलीफ प्लवड़ने है
32:57दागे मुहबत देने वाले
33:21प्यार को यूँ बदनाम ना कर
33:26एत बार उठ जाए ना
33:37वफा से ऐसा कोई काम न कर
33:46रंग तेरा बे रंग न होगा
33:50क्या है जान निकल जाए
33:52तू जो मेरे संग रहे तो खायद मन्जिल मिल जाए
34:01रंग रेज मेरे मुझे रंग लगा
34:07मुझे रोग लगा देश का
34:09प्याए रंग रंग रंग बेड़ बाए रंग रंग
34:16कर दो कर दो
34:46अचीव इंसान था, रुका भी ना, तुम ठीक हो, ओके, अस्लाम लेकुम साफ, वाइब साफ,
35:16पिया, पिया कहां खोई भी हो, अब तो तुमने इसो ठुकरा भी दिया है, अब क्यों उल्जन में हो,
35:37तो तुम्हारे नॉर्म्स असूल रिवाद जीत चुके हैं, अब तो पुश हो जाओ,
35:47तुम्हारे तो समझ नहीं आरा, उसको ठुकरा देने के बाद भी खुश नहीं हो रहा, बत्माइन नहीं हो रहा, पिया, तुम मान क्यों नहीं लेती हो, तुम्हे उससे महबत है,
36:05चलो, अगर महबत नहीं करती हो, तो कम असके मितना ही मान लो के तुम उससे पसंद करती हो, मेरे मानने या ना मनने से क्या होगा, रियालिटी तो नहीं बदू सकता है, नहीं जान, दिलों के फैसले, वक्त, हालात, रियालिटी, इन सब चीजों पर डिपेंड़न नहीं होत
36:35पर यालियालिटी आँखों में तुम्हारे लिए सची महबत देखी है, और तुम्हारी आँखों में उसके लिए
36:49ठीक है, तुम ये जान तुम उसकी महबत कबूल करो ना करो, ये तुम्हारा इख्तियार है
37:02पर कमसकम उस पर अतबार करके तो देखो
37:07एक वार मिल जा, यार पिया, रोग मुहबत तुने दिया
37:23दिल को तोड़ के जाना था गर, दिल से दिल को लगाया क्यूं?
37:37तुने भी छड़ जो जाना था, मुझ से मिलने आया क्यूं?
37:44रंग रेज मेरे मुझे रंग लगा, मुझे रोग लगा देश का
37:51तेरे प्यार की मैंने तस्वी पढ़ी, मुझे खौफ नहीं है जग का
37:57रंग देज मेरे मुझे रंग लगा, मुझे रोग लगा देश का
38:02रांकि देज मरे, रांकि देज बरे, रांकि देज बरे
38:32कुछ तो भारम रख मेरी वफा का तनहाना ऐसे चेवाद के तुम्हारा साम्रा नहीं करना है
38:50जिस सुसाइटी से तुम्हारा तारिक है शाहिद वाई यह आम बात
38:54जिसमाल से मेरा तारिक है भाई सब को बहुत नहीं सुम्झा जाते है
38:58फेदर्दा तु जुल्मना युंकर थोटा हुआ दिल जॉड़के जाए
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