00:00दीपावली पर क्या करें क्या नहीं? भूल कर भी ना करें ये गलतियां. जाने कैसे बच पाएंगे गलतियों से?
00:20दीपावली का त्यहार रश्नी, उल्लास और आध्यात्मिक्ता का प्रदीख है. इस दिन मालक्षमी और भगवान गणेश की विधिवत पूजा की जाती है ताकि घर में सुख, शांती और सम्रिधिक आवास हो.
00:37लेकिन कई बार हम पूजा की तयारियों में इतने व्यस्त हो जाते हैं कि कुछ जरूरी बातों को नजरन्दास करते हैं. हम अंजाने में ऐसी चूटी-चूटी गलतियां करते हैं, जो पूजा की पवित्रता को प्रभाफित करती है और मालक्षमी की कृपा प्राप्थोनी
01:07अस्थल की पवित्रता को लेकर बहुत से लोग घर की साफ सफाई तो कर लेते हैं लेकिन मंदर या पूजा स्थान के पास चपल, कच्रा या जूठे बरतन रखते हैं ऐसा करना अशुधता का संकीत माना गया दिवाली के दिन मंदर के आसपास का क्षेत्रा पूरी तरह स्व�
01:37और वो वही निवास करती हैं जहां साफ सफाई और पवित्रता हो दूसरी बड़ी गलती होती है मांस मदिरा का सेबन दीपावली जैसे पावन दिन पर मांसहार या शराप पीना धार्मिक रूप से अत्यंता शुप माना कया इस से नकरात्म पूजा घर में प्रवीश करती
02:07ये दिन भोग विलास का नहीं बलकि आस्था श्रध्धा और आत्म शुद्धी का है तीसरी बात वस्तरों को लेकर कई लोग पूजा करते वक्त ऐसे कपड़े पहन लेती हैं जो फटे हुए गंदे या पहुत बुराने हैं ये भी पूजा की गरिमा के अनुरूप नहीं हो
02:37कुर्ता और महिलाएं साडी या सलवार कुर्ती जैसे पारंपरिक परिधान पहने ऐसा करने से पूजा में सकारात्मक उचा बनी रहती है चौथी बात जो अकसर अंदेखी रह जाती है वो है मानसिक शुद्धता और तैयारी पूजा के समय मन आशान्त या जल्दबाजी मे
03:07पूजा के समय कुछ भूल चूक ना हो शान्त मन से श्रद्धा और विश्वास के साथ की गई पूजा ही पून फल देती है इन सब भी बातों को ध्यान में रखते हुए दिवाली की पूजा करें तो निश्यत ही मालक्षमी की कृपा आपके घर पर बनेगी याद रखें प
03:37बलकि आपके जीवन में सच्चे अर्थों में उजाला भरते तो इन बातों से जरूर बचें और पूजा को पूरी श्रद्धा और पविद्रता के साथ करें यही दिवाली को आध्यात्मिक रूप से सार्थक बनाता है
04:07झाल झाल झाल झाल झाल झाल झाल को आपके जीवन में पूरी श्रद्धा रखें में जीवन में बनाता है
Comments