00:00मंगल धाएगी अलदी के बाद समझ की, ठीक है, बुलन की प्राइब है, कावडी, वो कावड सुनी मंदल है, की लहरी की तोड़ मल्टेरपत, है न, अपूर में पालर में है, अगर मंगल को बता दिया कि उस चिंता को उने लिफे का घर बुला है, तो परिशान हो जाएगी म
00:30अनल्टरणית को उने के लिफे कि घर बाद समय कहले है
00:35प्रहud.
00:39रिचाज होग्णखने के लड़ी,
00:43पेकिल ना में लड़ी लड़ी,
00:46जैसे लड़ी लड़ी के लिडिकरा.
00:49हम रस्मरी।ए सी माधा।
00:50दे वंगर सारे महान केटे baby,
00:53यहां से लड़ी लड़ी ।
00:56जैसे लड़ी के लॉडे की लड़डि,
00:57कि अपसी और दो पार।
01:27हुम हुआ हुआ हुआ।
01:42झाम Ma भो उंप कि अ warrior
01:50आह से का瑤री दो हुआ हुआ
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