00:00गमों की लहर उठती हैं किनारे छूट जाते हैं जिन्हें अपना समझता हूँ वो प्यारे छूट जाते हैं सिवा तेरे ऐ मौला सब सहारे छूट जाते हैं
00:18ए मौला अर्वत लुस्का को मेरे हमरा कर दे ए मौला तर्द सारे चीन कर खुशिया अता कर दे मेरे बेचैन इस दिल को सकू से आशना कर दे