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00:00मोगली क्या मानता था अपने आपको उनी के साथ पल रहा था फिर उसकी भालू की जरुवत पड़ी भालू ने आकर के एक दिन राज खोला भालू उसको लेके गया दूर से गाउं दिखाया बुला वहां सारे लोग कैसे दिख रहे हैं बुला मेरे जैसे दो पाउं पे चल र
00:30पैदा होते ही आत्मसंशे के साथ जो तुमें बता देगा तुम भीड़ी हो तुम भीड़ी हो गए तुम हिंदू हो हिंदू हो गए मुसलमान हो गए तुंदर हो तुम सुंदर हो गए तुम असुंदर हो गए या आत्मसंशे सो तरीके की उधार की पहचाने जो भीतर जा