00:00पिछले दो दीनों में दक्सिन पस्टिम मैंसुन मध्या पस्टिमी और पूर्भी भारत के
00:29बड़े हिस्से को तेजी से कवर कर चुका है और अब अगले दो से तीन दिनों में दिली हर्याना और पंजाब के कुछ हिस्षों तक पहुंचने की उबिद है
00:43हाला कि दिली में अब भी मौशुम मेहरबान है दीन भर आस्मान में बादल चाय रहते हैं और हवाएं चल रही हैं जिससे मौशम सामान्य बना हुआ है भारत्यों मौशम विज्यान विभाग अर्थत
01:00IMD 20 जून से 25 जून के बीच हर्याना पंजाब चंडिगर दिली हिबचल प्रदेश उत्तर प्रदेश पुर्वी राजस्थान जमु और पैस्मिर और लदाक सहित उत्तर पस्टिम भारत के बड़े हिस्षों में बारिश की भविश्यों बनी की है
01:19IMD का कहना है कि इस बार मान्सुन सामान्य तिथी 30 जून से पहले 22 जून तक दिली पहुँच सकता है
01:282009 के बाद इस साल समय से पहले मान्सुन ने दी दस्पक मौसम विभाग के पुर्वानुमान के मुताविक प्राथमिक बर्षा प्रणाली
01:38अगले सब्ता हमें देश के सेस भागों को कभर कर लेगी जो सामान्य तिथियों से काफी पहले होगी
01:47बताद दे की इस साल प्राथमिक बर्षा लाने वाली प्रणाली 24 मौई को केरल पहुँची जो 2009 के बाद इसका समय से पहले
01:59आग मन्था 2009 में ये 30 मौई को पहुँची थी
02:05दरसल अरब सागर और बंगाल की ठाडी के उपर मजबुत निम्ल दवा प्राणालीयो की सहायता से मान्शुन अगले कुछ दिनों में तेजी से आगे बढ़ रहा है
02:19मान्शुन ने 29 मौई तक बुंबाई सहित मध्य महराष्ट्र के कुछ हिस्सों और पुरे पुर्वतर को कभर कर लिया
02:29आला कि इसके बाद 29 मौई से 16 जुन तक लगभग 8 दिनों का लंबा ठहराओ आया
02:38जुन की शुरवात में बारिस की कमी के चलते तापमान में तेज बुरुधी देखी गई जिस्से आर से 9 जुन से उत्तर पस्टिम और मध्य भारत के बड़े हिस्से में नू की स्थितिवत्पर्ण हो गई
02:53मांचुन की सामान्य तारिक 17 जुन को दो निम्न दवाव वाली प्रणालिया बनने के कारण 16 जुन से 18 जुन तक मांचुन तेजिसे आगे बढ़ा
03:06एक पस्टिम बंगाल पर और दूसरी गुजरात पर बर्तादें की बारिस की प्रणाली आम तोर पर एक जुन तक केरल में प्रबेस करती है
03:1611 जुन तक मुंबई पहुंचती है और 8 जुलाई तक पूरे देश को कवर कर लेती है
03:24यह 17 सितमबर के आसपास उत्तरपस्टिम भारत से इच्छे हटना शुरू कर देती है और 15 अक्चुबर तक पूरी तरह से हट जाती है
03:38इस मांचुन कितनी बारिस के आसार्ट
03:42मौसम बईयानिकों का कहना है कि केरल या मुंबाई में समय से पहले या देरी से आगमन का मतलब यह नहीं है कि देश के अन्य भागो में भी इसी तरह की प्रवति होगी
03:59उनका कहना है कि मांचुन जटिल बयुस्वीक छेत्रियों और स्थान्य कारकों से प्रभावित होता है
04:11तथा इसमें महत्वपुर्ण परिवर्थन सिल्था होती है
04:16मही में IMD ने कुर्पानुमा लगाया था कि भारत में जुन से सितंबर मांशुन के मौसब में
04:26दिर्गा बधी अउसत अर्थात LPA 87 सेमी की 106 प्रतिशत बारिश होने की संभावना है
04:38गता दे की 96 प्रतिशत से 104 प्रतिशत के बीच बारिश को सामान्य माना जाता है
04:48कहां कितनी बारिश की संभावना
04:51लगदाक्त हिमाचल प्रदेश के समी कुवर्ति चेत्रों पुर्वत और तथा बीहर जारखन पस्टिममंगाल और ओडिशा के कूछ भागों को छोड़कर देश के अधिकांस भागों में
05:05सामान्य से अधिक बारिश होने की संभावना है
05:08वही पुर्जब हर यान्ना के रड़ और तामिर नाड़ के कुछ अलग-अलग चेत्रों में सामान्य से कौम बारिश हो सकती है
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