Judwaa episode 58 | Aina Asif | Adnan Raza Mir
Judwaa is the story of twin girls who share the same face but have contrasting personalities and destinies. One is gentle and reserved, while the other is bold and fearless. As fate weaves unexpected twists, their lives take dramatic turns. Starring Aina Asif in a dual role, this gripping drama explores identity, destiny, and the power of choice.
#Judwaaep46
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00:00आदल महवब्बत बुखार जैसी नहीं होती
00:02कि बस आप थर्मेमेटर डाल के चेक कर लो
00:04कि कितनी है और कितनी नहीं.
00:06ये तो तुम्हारी बच्ची की किस्मत अच्छी थी
00:08कि उसे सलमा मिलकर.
00:10वो ना भी करते है.
00:12आदल महवब्बत बुखार जैसी नहीं होती
00:14कि बस आप थर्मेमेटर डाल के चेक कर लो
00:16कि कितनी है और कितनी नहीं.
00:18ये तो तुम्हारी बच्ची की किस्मत अच्छी थी
00:20कि उसे सलमा मिलकर.
00:22वो ना भी चारी का पता नहीं क्या हाल होता.
00:24बेटी तो मेरी है.
00:26लेकिन पता नहीं आद ते किस पर गई है.
00:28उससे तो अपने और अपने बच्चो के सिवा
00:30कोई नजर ही नहीं आता है.
00:32तीन महिने मुलाजम के लिए
00:34मुलाजम के लिए
00:36मुलाजम के लिए
00:38मुलाजम के लिए
00:40मुलाजम के लिए
00:42सम्मा,मजर के पसंद की शादी नहीं है थी रिसे
00:44सम्मा,मजर के पसंद की शादी नहीं है थी रिसे
00:46तोऽबा करो,तुम्हारे जाने के बाद
00:48तो मजर राजी नहीं था
00:50तोने यार आता है
00:52denke कल लिए
00:54detection kiral
00:56सम्मा खरक्री
00:58सम्मा फिर्स्र
01:00Mukul
01:02Kat
01:08करे
01:12पिर फ़रथ ने मनाया कि नसिल बड़ी.
01:16तो एक और छूट.
01:18फ़रथ तुम्हारे कितनी पर्ते हैं.
01:20और दिखो, खुदा की मरजी
01:23सलमा को भी उलाद नहीं दिया लाँने.
01:26वन्ना सोतीली मा तो उलाद के लिए जालिमी कहलाती ना.
01:31जैसी भी है, हमें जवाब दे देती है.
01:34लेकिन ये बात माननी पड़ेगी कि
01:36तुम्हारी बेटी को सुघर सलमा ये नहीं बनाया.
01:41लेकिन अम्मी, मैंने तो सुना था कि
01:45सलमा और मजर इक तुस्थे को पहले से जानते थे.
01:48अरे नहीं, कहां जानते थे.
01:51मजर इस टाइप का है क्या?
01:54अरे तुम्हारी जाने के बाद तो जोग ले लिया था उसने.
01:57ये तो फरत ने तब बताया था
01:59कि उसके सुस्रारी रिष्टेदारों के कोई लड़की थी ये.
02:03किसी जमाने में सलमा की माने फरत से उधा लिया था.
02:08तो फरत ने उधार की जगा सलमा मांग ले.
02:13चाय पिओ भी.
02:32अम्मी.
02:33जी.
02:35मुझे बाबा से बात करनी है.
02:38हाँ तो जाओ जाके कर लूँ ना वहाँ बैठे.
02:40आप भी चले.
02:43तुमने जारा से कुछ नहीं सीख?
02:45क्या मतलब?
02:47जारा उती न, तो सीधा अबबा के पास जाती और बात कर लेती.
02:51तुम भी हिमद पकुड़ और जाके कर ले.
02:53जाओ, जाओ.
03:02बाबा, मुझे आप से बात करनी है.
03:09बैठा.
03:16लेकिन बाबा, आप वादा करें कि आप गुस्सा नहीं होंगे.
03:23मुझे कभी याद नहीं पड़ता कि मैंने तुम्हारे नाज नखरे उठाया हूँ बैठा.
03:31यहाँ तक कि मैंने तुमसे सीधे मुझ बाती कर लिया.
03:38लेकिन बैठा, तुमने मुझे कभी शर्मिन्दा नहीं होने लिया.
03:43तुमने मेरा मान रखा है, हमेशा.
03:45लेकिन सच बताओं बेटा, आज..
03:49आज तुम्हारा बाग तुम्हारे सामने बहुत शर्मिन्दा है.
03:53नहीं, बाबा.
03:57आप ऐसे मत कहे ना, मैं नहीं चाहते
03:58कि आपको कोई भी, किसी तरह का भी दुख पोचे.
04:03और मैं आपसे बहुत प्यार करती हूँ.
04:05मैं घर छोड़के नहीं भागी थी.
04:10मुझे फ़पपो ने डराया था.
04:15उन्होंने मुझे बोला था कि
04:17मैं जब मनवर से शादी कर लूँगी
04:19तो वो मुझे जान से मार देंगी.
04:21और वो आपकी जाहिदात पर कभ्जा कर लेंगी.
04:24बैपो, मैं सच कहरी हूँ.
04:27उसे खुसा मत हो हेंगा
04:28लेकिन मैं आपसे कभी जूट नहीं बोलूंगी.
04:31आदिल जानते है, इस सारी बाद है.
04:33नहीं, आदिल को नहीं पता कुछ.
04:41आदिल नहीं पता कुछ.
04:43Adil jaan toh aise sari baat hai?
04:46Nain.
04:48Adil ko nahi pata kuch.
04:54Lekin agar wo nahi hote toh
04:55shayad main Zahra aur mama se mil bhi nahi paati.
05:00Uchha, hum usse pehle kyon nahi bata hi ye sab baat hai?
05:05Zahra yahan thi, meri jagah.
05:10Main waha thi mama ki paas.
05:14Baba, aapko pata hai?
05:16Mama na...
05:19Baba, mera naam leke neen se uthti thi.
05:26Nain khud suna hai.
05:28Aap se bahot dharsthi thi.
05:32Kabhi toh zikar karte hi.
05:33Kabhi toh kuch batate hi.
05:36Aapko kya lagta hai?
05:39Koshish nahi ki hogi ye usne.
05:44Lekin unke aage aapne kabhi hamari suni hi kahan.
05:50Jeek kahte hain aap.
05:54Jis bain ko itna chaha maine.
05:57Har baat pe yaqeen kiya uski.
06:00Wo hi mere bachon ko aziyat deti rahi.
06:02Aur main usi ka saath deta raha.
06:10Kuch naon ki fitrah toh uthi hai ye.
06:11Kuch naon ki fitrah toh uthi hai ye.
06:18Unhe sab kuch chahiye hota hai.
06:21Aur apni manzil ke aage unhe koi aur bardaash hi nahi.
06:26Bahot saari baate hain.
06:27Mazar bahot saari baate hain.
06:29Jinka aapko ilm bhi nahi.
06:31Aur jo aapko maloom honi chahiye thi.
06:37Baba, ammi sachh keh rahi hain.
06:39Zara ki wajah se hi maa aapke saamne aapse baat kariye hain.
06:45Farhat kahan hain?
06:47Farhat ko bula.
06:49Wo abhi ghar pe nahi hain.
06:53Nahi, mujhe..
06:56Mujhe Farhat se baat karni hain.
06:57Baba.
07:01Akhil kaar wo aapki bhain hain.
07:04Please asa kuch mat kichega.
07:09Please.
07:22Aagayi tum aapis is gharib khaane mein.
07:24Bada shauk hai na tumhe yaha rehne ka.
07:29Aur yeh tumhari saas kaha hai?
07:31Nazar nahi aayi rahi.
07:33Hospital gayi hai wo.
07:35Wo phirse bimaar padki?
07:39Tum bhi toh doctor ke gayi thi na.
07:43Toh kya hua?
07:46Kuch nahi, waise hi gayi thi bas.
07:49Aise hi nahi gayi thi tum.
07:52Yaha se nikal jaana tha tumhe.
07:54Isfahad aise tum bahana bana kar nikali ho yaha se.
07:57Maa hoon main tumhari.
07:59Sab samajhti hoon.
08:00Rakshi.
08:02Rakshi.
08:05Main kab se tumhe awaze dena.
08:07Tumhe awaz nahi aati kya?
08:09Karan�gon ka marte.
08:11Chalo, jaldi se ready hoon.
08:12Hum ek jaga jaana hai.
08:15Zara bhi tameez nahi hai
08:16ki Bada aaya hai
08:18kuch salaam, doa kar le.
08:20Lekin,
08:21nahi?
08:22Tameez hai, tabhi aap is ghar mein wapas aayi hai.
08:25Warna akhari baad jo humari baat hui thi
08:27uske baad aapka is ghar mein aana banta nahi tha.
08:31Dekh rahi ho? Rakshi?
08:32Kis sree kis baat kara tumhari maa se?
08:34जुप करवा लो इसे समझी?
08:36रक्षी, इन्हें अपने अन्दाज में समझा दो
08:40कि ये इस वक्त तुम्हारे ससुराल में खड़ी हैं
08:43अपने घर में नहीं
08:47समझी रहे हैं तुम?
08:48क्या पोल रहे हैं ये?
08:51मैं अपनी बीवी से बात कर रहा हूँ
08:54मैं अपनी बीवी से बात कर रहा हूँ
08:56यही बाते सुनवाने के लिए तुमने इस बत्तमीज से शादी की थी?
09:03बत्तमीजी पर तुम्हारे भी आया ही नहीं हूँ
09:07क्योंकि अगर मैं अपनी पर आ गया ना
09:09तो आप सहन नहीं कर पाएंगी
09:12मुझे रोखोगे?
09:14माँग में इसकी?
09:16मैं शोहर हूँ इसका
09:18मुनवर
09:20प्रीस खामोश हो जाओ तुम
09:25ठीक है रक्षी
09:27तुम्हारी मुफबत की खाते मैं चुब हो जाता हूँ
09:31तुम्हें अपनी वालदा से मिलना है
09:34सो बाद जाके उनकी घर मिलो
09:37मगर इन्हें कह दो के
09:40यहाँ आने की जरूरत नहीं
09:50करवारी पेस्टी माँगी हाँ
09:52मिल गया तुम्हें चैन
09:54इसका मतलब है कि
09:57आपकी मुनवर से बात हुई थी
09:59और आपने मुझे से जूट बोला है ना ममा
10:01पागल तो नहीं हो गई हो
10:03माँकी बात को जूटा बोल रही हो
10:05यह तो मैं ही पागल हूँ
10:07जो अलाद की महवबत में
10:09यहाँ चली आई
10:11लेकिन यहाँ आके देखा
10:13तो अलाद ही पराई है
10:15हाँ भाई
10:17ममा अगर आप मुझे यहाँ से जवाब दिये बगर गई
10:19तो
10:21मैं यही समझूँगी कि
10:23मुनवर सच कह रहा है
10:24तुमने जो समझना है ना तुम समझो
10:27मैं तो यहाँ से चली
10:51मैं
10:52मैं आपसे कुछ कहना चाह रही थी वैसे भी
10:55मैं जानती हूँ कि
10:57आप यहाँ आई हैं सारा के शादी रुखवाने के लिए
11:00और मैं भी नहीं चाहती कि
11:02सारा फरहत के इंफ्लूएंस में रहे
11:06लेकिन मैं एक बात आपको बता दू
11:08आदिल बहुत अच्छा है
11:09वो सारा का बहुत ख्याल रखेगा
11:11उसकी मा जैसी भी हो
11:13वो अपनी मा जैसा नहीं है
11:17जानती हूँ
11:19बगर
11:23मैं आपसे कुछ और पूछना चाहती हूँ
11:26जी जी पूछे
11:33परस्णल है
11:35आपके उलाधे के लिए
11:37मुझे इस घर मैं लाया इसलिए गया था
11:40मतला
11:43शादी से पहले मेरा एक माइनरसा ओपरेशन हुआ था
11:47और उसमें कुछ कॉम्पलिकेशन आ गई
11:50जिसकी बजासे
11:52मुझसे मा बनने की सलाइयत छिन गई
11:56तो मैं परस्णल पर बना चाहती हूँ
11:58अपने मजर को ये बात बताई थी?
12:03वो जो मेरा एक एक्षिन हुआ था
12:07मेरी अम्मा ने
12:09उने से लोन लेकर कर वाया था
12:15जब फरथ को ये बात बात मालूम हुई तो
12:18तो परस्णल पर बना चाहती हूँ
12:21अगर मैं बना चाहती हूँ
12:22जब फरथ को ये बात मालूम हुई
12:24तो उन्होंने लोन भी माफ़ कर दिया
12:26और मेरा रिष्टा भी मांग लिया.
12:31हालकि मेरी अममा ने कहा था
12:33कि ये बात
12:36मजर को बता दें.
12:38लेकिन हमें भी शादी के बाद पता चला
12:42लेकिन हमें भी शादी के बाद पता चला
12:45कि मजर को तो इस बात का इल्म भी नहीं था.
12:48आपने क्यों नहीं बताया?
12:50मैंने बहुत कोशिश की.
12:52बहुत कोशिश की कि मैं बता था.
12:55लेकिन फिर मैं ये सोचकर खामोश हो गई
12:57कि अगर इसी बात को बेसस बना कर उन्होंने मुझे छोड़ दिया
13:01तो सारा का क्या होगा?
13:04सारा का इस घर में कोई नहीं था.
13:07कोई दोस नहीं, कोई खैर ख़ुआ नहीं.
13:10आपके साथ साथ आपकी मुहमबद भी चले गई थी.
13:17तो मैं भी अगर चली जाती तो
13:19इस पचारी का क्या हो?
13:26फरथ दी ये सब क्यों किया?
13:28वो नहीं जाती थी कि उसके भाई के घर में ओलाद हो.
13:32मैंने तब मजर से कहा था कि फरथ को अलग से घर ले कर दे.
13:37ता कि उसके बच्चे ऐसासे महरूमी का शिकार ना हो.
13:40सुलम किया उसने सब पर.
13:44अपने भाई पर, मुझे पर, मेरे बच्चों पर, आप पर.
14:10मुझे बच्चों पर, मुझे बच्चों पर.
14:21फरथ.
14:24जी मामू.
14:25मा कहा है तुम्हारी?
14:27मामा तो नहीं है.
14:28कहा गई है वो बुला उसे बात करनी है मैंने.
14:30मामा घर पर नहीं है.
14:36मामू अतने गुस्तमी क्यों थे?
14:40आज से पहले तो हमारी पोश्टिंग की दरफ आये नहीं.
14:56हलो सरमत.
14:58मैं सोरी.
14:59मैं बहुत, बहुत सोरी सरमत.
15:02मैंने तुम्हे थपड मारा था.
15:04मैंने घलट किया. मैं सोरी.
15:07इतनी पुरानी बात के लिए क्यों सोरी कर रही है तुम?
15:10वो असल मैं,
15:12मुझे तुम्हे एक और चीज के लिए सोरी बोलना था.
15:17इतना मिसंट्रेंट्राण्डिंग हो गई थी.
15:20मैं जारा को बहुत कलत समझ रही थी.
15:23पता नहीं मैंने उसके बारे में तुम्हे क्या क्या बोला, लेकिन
15:26जारा तो बहुत अच्छी है.
15:28उसने जो कुछ किया, वो मेरे लिए किया.
15:32और मैं, पता नहीं क्या समझ रही थी.
15:35इस सब तुम्हे जारा ने बोलने को बोला है न?
15:37नहीं.
15:39जारा को तो बता भी नहीं है कि मैं तुमसे बात कर रही हूँ, और
15:42तुम लोग क्या कहते हो, हम कज़न फ्रेंड हैं?
15:45हाँ, तो वो यह नहीं है मैं तुम्हेरी, प्लीज उसे मत बताना.
15:49कज़न फ्रेंड?
15:52बेवकुफ लड़गी, तुम्हें अंदाजा भी है?
15:54तुम्हेरी यहाँ से मेरे कितना बड़ा नुकसान हो सकता था?
15:55बेवकुफ लड़गी, तुम्हें अंदाजा भी है?
15:57तुम्हेरी यहाँ से मेरे कितना बड़ा नुकसान हो सकता था?
15:59सर्मत, मैं जब तुम्हें शराफत से कह रही हूँ कि उसे मत बताना, तो उसे मत बताना ना.
16:04जारे को तुम्हें नहीं बताओंगा, लेकिन तुम्हें कराची आगर ज़रूर देख लूँगा मैं.
16:08फोन रखो.
16:16सर्मत से तो सोरी कहा दिया मैंने.
16:19जारे को जाके सोरी बोलो.
16:23तुस तुम्हें एक और थपपर लगा दिया तो.
16:25जारे को.
16:28उसलिए किया भी तो है मेरे लिए इतना कुछ.
16:31बेहन भी है वो मेरी.
16:33एक या सोर थपर लगा दे वो.
16:44जारा, मैं सोरी हूँ.
16:50मुझे ऐसा लग रहा था कि तुम और ममा मेरे अगेंस्ट हो.
16:54मैं बहुत सोरी हूँ.
16:58जब मैं यहाँ आ थी न और मुझे सब पता चला था.
17:03तो मेरी एक ही खुश थी.
17:07कि हम सब एक मनके रहे, एक family.
17:13अच्छा है जो भी हो जाए.
17:15पुपो जो भी करें, मैं उनकी बातों में नहीं आओंगे.
17:17अगर आदिल तुम्हें ना मिला तो?
17:23मैं मानती हूँ कि मुझे ज़िन्दगी में इतनी खुशिया नहीं मिली.
17:26और आदिल मेरी पहली खुशी थी.
17:28लेकिन अपनी माँ के साथ साथ मुझे इतनी caring बहन मिल गई.
17:32तुम्हें बते है?
17:34तुम्हें बते है?
17:36मैंने बाबा से पुपो के बारे में बात की थी.
17:41क्या?
17:44बाबा ने क्या कहा?
17:48बहुत गुस्सा हो रहे थे.
17:50लेकिन अमी ने उन्हें रोप दिया.
17:52लेकिन क्यूं?
17:55अमी से जम मेंने बाद में पुछा तो
17:56वो मुझे कह रही थी कि पुप्पो की केए की सजा उनको पाबा से नहीं दलवानी
18:19आपकी तबयत तो ठीक है न?
18:22हाँ मेरी तबयत तो ठीक है लेकिन यह सामान तुम यहां से कहां ले जा रही हो? कहां जा रही हो?
18:29अभी तो सारा के कमरे में थी बस सामान रह गया था वो लेने आई थी
18:36मैं मैसूस कर रहा हूँ शाजिया के आने के बाद से तुम बदलती जा रहे हो
18:41जरुवत के तहट आयी हुई शै हो या इनसान वक्त आने पर तबदील होई जाती है
18:57शाजिया से जो तुम कह रही थी क्या वो सब सच था?
19:00ख़ासकर वो बांच वाली बात
19:06उन्हों ने मुझे से पूछा तो नैने बता दिया
19:10समझ तो मैं भी नहीं पाया था कि शाजिया ने तुम से सवाल क्यों किया
19:14लेकिन तुमारे जवाब ने कमस कम मुझे दहला दिया सल्वा
19:17समझ तो मैं भी नहीं पाया था
19:19कि शाजिया ने तुमसे सवाल क्यों किया
19:21लेकिन तुम्हारे जवाब ने कमसकम
19:24मुझे देहला दिया, सल्मा.
19:26बच्चाना होने वाली बात फ़र मैंने
19:28कितने ताने दिया तुम्हारे.
19:31कितने अज़ियत पोजायी है, मैंने तुम्हे
19:33और तुमने ये सब कुछ बरदाश्ट किया, सिर्फ इसलिए.
19:39सिर्फ इसलिए कि सारा को कोई दुख ना पोजाये.
19:46मुझे तो तुम्हारा हिसान मंद होना चाहिए था.
19:49तो यह था
19:51और यह तुम्हारा ज्यत भी ज्यत देता चला के
19:56और सिर्फ मैने नहीं, इस घल के हर फर्डे तुम्हारा ज्यत पा चाए
20:01क्या तुम्हार एक लाइट कर पविठास कर चला गए है!?
20:08आपको माफ़करना तो बनता ही नहीं है मिरा
20:10पापा ने आपको नजान रखा होगा हैं.
20:18फरत को तुमसे बाफ़ी माँगनी होगी.
20:20अबी.. नहीं.
20:24बेहन है वो आपके.
20:27कुछ नहीं कहेंगे आप उनसे.
20:29बेहन होने का मतलब यह नहीं है
20:31कि जो वो कर रही है उसे करने दो.
20:33मुझे उससे बहुत से सवाल करने हैं
20:35जो अब तक मैंने अपने अंदर रोक रखे हैं.
20:39और अब यह सब जानने के बाद तो
20:41उन सवालों में इज़ाफ़ा हो गया है.
20:45मुझे उससे अब यह भी पूछना है कि
20:47तुम्हारे साथ यह सब जुल्म करने की बजाएँ थी.
20:51और तुम उसे को बचाने की कोशिश कर रहे हैं.
20:55सारा के लिए.
20:57तुम्हें लगता है कि आदिल और सारा की
20:59अब मैं शाड़ी होने दूँगा.
21:03यही तो मसला है आपका मसल.
21:05तुम्हें लगता है कि आदिल और सारा की
21:07अब मैं शाड़ी होने दूँगा.
21:13यही तो मसला है आपका मसल.
21:15कहीं का गुस्सा कहीं और निकान देते.
21:19आपने अपनी बेटी को गले तो लगा लिया.
21:23इसकी आखों में नहीं दिखा.
21:27वो आदिल को पसंग कर दे.
21:29पहले मैं भी नहीं चाहती थी
21:31कि सारा की शादी हो वहाँ पे,
21:33वो उस घर में बहु बनके जाए.
21:37लेकिन उसकी खुशे इसी में है.
21:42आप अपनी बेहन से कुछ कहेंगे ना
21:44तो उन दोनों के रिष्टे पे बात आजाएगी.
21:50आप अपनी बेटी की खुशी को
21:59लेकिन आप इस बेहन को मैं कभी माफ भी नहीं करूँगा.
22:05आज तक आपको अन्जान रखा गया है ना
22:09आप, आप खुद अन्जान बन जाएगे.
22:13बस...
22:30अस्थामने कुम भाई जान. कैसे हैं आप?
22:34वो नाजी बता रही थी आप कल हमारी तरफ आय थे.
22:38खेरियत तो है?
22:40जी, वो सुबह से आप नजर नहीं आय थी ना तो
22:43आपके भाई आपको ढूनते हुए आय थे.
22:46वो अस्थामने मैं कल रक्षी के गई थी ना.
22:49उसके मिया ने बहुत तंका रखा है.
22:52बहुत परिशान हूँ उसकी तरफ से.
22:54अपनी पैसन से की थी ना उसने शादि.
22:57तो अपने मामलाद भी ख़ुदी देख लेगी.
23:00अपने मामलाद भी खुदी देख लेगी.
23:01उसके मिया ने बहुत तंका रखा है.
23:04बहुत परिशान हूँ उसकी तरफ से.
23:06अपनी पैसन से की थी ना उसने शादि.
23:09तो अपने मामलाद भी ख़ुदी देख लेगी.
23:13जी भाई जान.
23:14वो आपके वकील से बात हो गई?
23:17मेरा मतलब ये शादिया के मामले में.
23:19अगर वो यही रहेगी तो
23:21कुछ ना कुछ मालूमात तो होना ज़रूरी है न?
23:24तुम्हें फिकल करने की ज़रूरत नहीं है.
23:25बात हो गई ये मेरी वकील से.
23:28तुम से वापस आगे बात करता हूँ.
23:31जी भाई जान.
23:36भाई जान को क्या हो गया है?
23:38जब सुनने वाले इस तरह से इगनोर करने लगे न,
23:41तो समझ जाना चाहिए
23:43कि बात का असर खत्म हो गया है.
23:47या फिर बात करने बाले का असर बाकी नहीं रहा.
24:08मुनवल, कब तक रक्षी से नाराज रोगे?
24:13उपर कम्रे में मुझे से वो भी यही बात कर रही थी.
24:16आप दोनों ने मिलकर पाटी तो नहीं मिनाई वी?
24:19बात को मठ डालो.
24:21बात को मिलकर पाटी से कुछ नहीं नाओ.
24:23मुनवल, कब तक रक्षी से नराज रोगे?
24:28उपर कम्रे में मुझे से वो भी यही बात कर रही थी.
24:31आप दोनों ने मिलकर पार्टी तो नहीं मनाई वी?
24:34बात को मत डालो.
24:35जो पूछ रहे हो वो बताओ.
24:37मैं बात को नहीं डाल रहा हम्मी.
24:39अच्छा? तो फिर रक्षी से बात क्यों नहीं कर रहा है?
24:41अल्ला रक्षी की अम्मी आयी थी हमारे घर पे.
24:44आपके इल्म में ये बात है?
24:48आप तो रक्षी की सैड़े लेती है न?
24:51पताया उसकी अम्मा मुझे कितनी बाते सुना पिर गई थी?
24:54और हाँ, अब बड़ा आदमी बनकर ही दिखाऊँगा इन लोगों को.
24:59फोन भूल रहे हो तुम अपना.
25:05तो शुक्र है कुछ कदर करने वालों ने में तलाव करने के लिए नहीं होगी.
25:09देख रही है आप इसे?
25:12तुम्हारी अम्मी ने फिर इसे कुछ कहा है क्या?
25:16बरदार सो भी प्रिकेट देखते हैं न?
25:21पहुच तुम धी दरियाला देखते हैं.
25:23ऑने अब यहाँ अपने प्रिकेटरा देख रही होगी.
25:25तुम्हारी अम्मी ने फिर इसे कुछ कहा है क्या?
25:29मेरा मतलब यह के
25:30देखो, छोटी-छोटी बातें जब होती हैं न
25:32तो फिर वो दिमाग में बैठ जाती हैं.
25:35और कोशिश हे करो के
25:38दिमाग से ऐसी बातें निकाल दो.
25:40उस राज जब आप बाहर मिले थीं तो
25:44डॉक्टर के पास से आ रही थी मैं.
25:47चकप करवाने गई थी.
25:49रिपोर्ट कल आएगी.
25:51तो वो बाहर मिले थीं तो
25:53तो तुम्हारी अम्मी ने फिर इसे कुछ कहा है कहा है क्या?
25:56आज ओ.
26:26खाओ.
26:33ये लोग.
26:37Thank you so much, Manohar.
26:38तुम ने मेरा मान रख लिया.
26:40ये लोग.
26:44अब तुम मुझे शर्मिन्दा कर रहे हो.
26:49अगर मुझे नहीं कर रहा है
26:51अब तुम मुझे शर्मिन्दा कर रहे हो.
26:58Hello, नानमीया.
27:00कैसे है आप?
27:02कब तक वापस आ रहे हैं?
27:03कैसे आ जाओ? बहुत सारी काम है, बेटा.
27:07नहीं, बस मैं आपको बहुत मिस्कर रहे हूँ.
27:12क्या होई, जारे?
27:13कुछ नहीं.
27:15बस सब कुछ अच्छा जा रहे है तो
27:18ऐसा लग रहे है कि कुछ मिसिंग यहाँ बेबी है.
27:22हाँ, अब सब कुछ ठीक हो रहा है.
27:25यानि तुमारे मिशन पूरे हो गए हैं, इसलिए आप तुम बोर हो रही हो.
27:28ये लो, सरमद आ गया.
27:30इससे बात करो, ठीक हो जाएगी तुमारी दबिल.
27:32ये लो.
27:33नहीं.
27:34रहने दे, मुझे नहीं करनी उससे बात.
27:36आप, आप अबने ख़याल रखे.
27:38चाहिए, ख़िलाफ़िस.
27:40हलो.
27:44क्या, फिर फटड़ा कर लिया तुमने जारे से?
27:47नहीं, तो क्यों?
27:49बात क्यों नहीं किया उससे नमसे?
27:51जारे की कॉल थी.
27:52जीज़रा.
28:00दादा, मुझे एक बात नहीं समझा जाएगी.
28:01ये इस तरह क्यों बिएव करती है?
28:04काश, मैं पसंद कोई चीज होदी, जिससे मैं इसको चेंज करता था.
28:06है?
28:08मियां, बच्पन से जानते हो तुम उसे
28:10हमेशा से ऐसी है.
28:11वो उसे चेंज क्यों करना चाहते हो तुम?
28:14अगर वो चेंज होगी
28:16और चेंज होने के बाद उसने किसी और को पसंद कर लिया
28:19तो तुम क्या करोगे?
28:20रस्टी कुदोगे?
28:21भी कौन से मुझे वैसे पसंद करती है वो?
28:24मैं ना दादा उससे बहुत चाहता हूँ.
28:25मैं उससे भी सिर्फ इतना चाहता हूँ कि वो
28:27थोड़ी सी चेंज होजा और मेरी तरफ देखे.
28:30यानि तुम यह कह रहे हो कि तुम उससे चाहते भी हो
28:33और यह भी चाहते हो कि वो चेंज हो जाए.
28:36यह जो मौबतें होती है न, एज इस वेरिस के बेसिस पर होती है.
28:40इसमें एक दूसरे को चेंज नहीं किया जाता
28:42और अगर बड़ा शौक हो रहे है तुम्हे चेंज करने का
28:44तो खुद को चेंज कर लो तुम, वो नहीं होगी चेंज.
28:52यार भूँग लग रही है, कुछ खिला रहे हो?
28:56क्या खाईंगे?
28:58पल्ला मश्ली.
29:00चले बिराण, चलो उठो.
29:08अस्सलाम अलेकुम भाईजान, आपने कॉल की थी, सब खैरिया था न?
29:12आपने कॉल की थी, सब खैरिया था न?
29:13वालेकॉम अस्सलाम.
29:16हाँ, ये बताओ के,
29:23क्या अपने बड़े भाई को उसकी गलतियों पर और उसकी कोटाईयों पर माफ कर सकते हो?
29:29भाईजान, कैसी बातें कर रहे?
29:31आप बड़े भाई हैं मेरे, काबले एतराम हैं मेरे लिए.
29:51एक तो मो, तिस ने प्री बेहन का साथ दिया, मगर खाली हाथ नहीं रहा.
30:01और एक मैं हूँ, मैंने भी अपनी बेहन का साथ दिया, अपने पास रखा.
30:07मगर मैं आज खाली हाथ हूँ, क्यों?
30:15संजीदा से बात करवा सकते हो?
30:18हाँ भाईजान, क्यों नहीं?
30:20हलो, वालिकंग स्लाम, लोग, बात करो.
30:34संजीदा, अपने पास रखा?
30:50घर वापस आजा, बेटा.
30:54ये जो सब कुछ तुम कर रहे हो, तुम justify कर सकते हो?
31:00मुझे जासे selfish इनसान को कुछ भी justify करने की ज़रूरत नहीं है.
31:06दाड़ी क्यों रोटती?
31:08इदर भी आ रहा था, न?
31:10हाँ, वहाँ.
31:12अगर हो सके तो शाम में पिक कर लेना मुझे.
31:15शायद मेरे शाम में बिज़ी हूँ.
31:18चाहिए, मैं बाबा को कह दूँगे.
31:27क्या वापको कोई काम था मुझे?
31:31तुम तो बात ही नहीं करती किसी से.
31:35एक ही घर में रहते वे
31:37तुम और शाजी अलग-अलग रह रहे हो?
31:40कुलो, मिलो, बाते करो.
31:43बलके सारा, तुमें तो
31:45सारा और आदिल के साथ जाना चाहिए था.
31:47वो लोग गईना घुमने, फिरने के लिए.
31:49तुमें साथ जाना चाहिए था.
31:50तव मैं सारा सारा उसको बुला रही थे
31:52उसने पर जवाब भी नहीं दिया
31:54ये भी नहीं बताया
31:55कि वो सारा है या जारा है
31:58अब देखो न, तुमने तो फ़ौरण-फ़ौरण कहती है
31:59कि जी, मैं सारा हूँ
32:01ये साजिशे आप कभ तक चलती रहेंगे पपो
32:05क्या कहा तुमने?
32:07मैं साजिशे कर रही हूँ
32:10अब भी बताती हूँ तुम्हारे पाप को
32:12वो तुमसे बोले गहे
32:14तुमसे बोले गहे
32:16तुमसे बोले गहे
32:18तुमसे बोले गहे
32:20तुमसे बोले गहे
32:22क्या कहा तुमने?
32:24मैं साजिशे कर रही हूँ
32:27अब भी बताती हूँ तुम्हारे पाप को
32:29वो तुमसे बोले गहे
32:31और तुम्हें बताएंगे कौन साजिशे कर रहे
32:34भाई जान
32:35भाई जान
32:37वो भाई
32:39मेरे ख्याल से बाबा घर पे नहीं आँ
32:41अब वो आपकी पहली अबास पर एक आजाते है
32:47लेकर मैं यह भी जानती हूँ कि मैं क्या कहा रही हूँ
32:50मुझे यह बात बता है कि सारा और आदिल के बीच कुछ भी नहीं चल रहा
32:54अच्छा
32:56कुछ नहीं चल रहा
32:59तुम्हारी बेहन
33:00तुम्हारी काम नहीं आई की
33:03जब तुम्हारी बाब या आदिल को विक्की के बारे में पता चलेगा
33:10अब वो मुझे नहीं पता कि विक्की ना आपसे क्या कहा है
33:13लेकर आपने एक बात notice की
33:16कि उस दिन के बाद वो आपसे मिला नहीं
33:18मैं आपको यह बात बताना भुल गयी थी
33:20कि जारा ने विक्की की ऐसी दुलाई की
33:22कि अगर अब वो जारा के सामने आ गया
33:25तो शायद अपनी ही जान ले ले
33:28हाँ जारा ने उसे बख्ष दिया था
33:30क्योंकि उसने आपको बचाया था
33:33अभी तो उसने सबको अपना बना लिया है
33:37देखते हैं बागल कौन बनता है
33:40बाबा आ एं तो आप उनसे बात कर लीज़ेगा
33:48बाद कुछ बचा पर कहने है
33:49तो अच्छा को आप जाने करो
33:51यह अच्छी बाद करो
33:52पागल बनाने वाला कोई पैदा हुआ ही नहीं है
33:57जरूरत ही क्या है तुम्हें पागल बनाने के लिए
34:02तुम्हारे जूत ही तुम्हारे लिए काफी है
34:06तुम्हारा खेल खतम
34:09मेरा खेल
34:12तुम्हारे खेल
34:14तुम्हारे खेल
34:16तुम्हारे खेल
34:17तुम्हारा खेल खतम
34:20मेरा खेल
34:23क्या कहना चाहती हूँ तुम शाजिया
34:25मैं सब समझ गए हूँ
34:28तुमने मजर को अपने मतलब के लिए इस्तमाल किया
34:33मुझे इस्तमाल किया हम सब को इस्तमाल किया
34:36क्या बिखारा था हम सब ने तुमारा
34:41तुमने
34:43तुम ने बिखारा है
34:46तुम मेरे भाई को मिझेкाठ चीबना चाहती थे
34:48क्या कहाता तुम ने
34:50के मुझे अलक करती है अन्थारaupt
34:54तुम मेरी मुझकाशान हो चीबना चाहती थी
34:58तुम्हारे फाइदे के लाग मुझे घ रही था
34:59मैंने ये कहा था कि तुम्हें अलग पोर्शन दे दे
35:04तुम्हें क्या किया?
35:06मजहर को हम सब से अलग कर दिया
35:09और आज सारा जिस तरह तुम्हारे सामने खड़ी थी
35:14तुम्हें क्या लगता है?
35:16अब मजहर अपनी दोनों बेटियों को खुद से अलग करेगा?
35:21नहीं, कभी नहीं करेगा
35:28अच्छा, मैं अपने भाई को
35:32मैं तुम सब से अच्छी तरीके से चानती हूँ
35:37और मेरे कहने पर
35:40मेरा भाई तुम सब को अपनी जिन्दगी से निकाल देगा
35:47लेकिन मुझे नहीं निकालेगा
35:49चलो, अब मजर को समझने तो
35:52अब तुम्हारे देखने की भारी है
35:56देखेंगे कि मजर पनी जिंदगी से किसे निकालता है
36:19किसे इश्ट कुछ का मरज करूँ
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