00:00एक खुबसूरत देही इलाके में, बुला किसान हेंरी अपने नौजवान बेटे जैक और वफादार कुटे मैक्स के साथ दिन भर खेतों की जोतारी में मसरूफ रहता है।
00:09जब वो सब मिलकर काम करते हैं, सूरज उफुक के पार दुबता है और उन खेतों पर सुनहरी रोशनी बखेर देता है जो कई नसलों से उनके खानदान का हिस्सा रहे हैं।
00:18हेंरी अपनी जवानी की कहानिया सुनाता है जो उन जदव जादू और काम्याबियों को बयान करती हैं जिन्होंने उनकी जमीन की शकल बनाई।
00:26एक दिन जब वो खेत में हल चला रहे होते हैं तो उन्हें जमीन में दबा एक पुराना जंगालूद लाकित मिलता है जिसमी।
00:34हेंरी की मरहुमा बीवी की तस्वीर होती है। ये दरियाफत एक दिल को छू लेने वाली गुफ्तगू को जनम देती है।
00:40खानदान, महबत और यादों को संभाल कर रखने की एहमियत के बारे में।
00:45जब हेंरी अपने पच्टावों और खुशियों को बयान करता है तो जैक अपने वालिद को एक नए अंदाज से देखने लगता है और उनके खानदानी वरसे की गहराई को महसूस करता है।
00:55जैसे जैसे मौसम बदलते हैं वैसे ही उनका रिष्टा भी गहरा होता जाता है।