03:35पहला कदम उठाने जा रहा है इस तरह टोकते नहीं है
03:37आजा बेटे माँ
03:38वहीं जाकर बस गया
03:40हमें अकेला छोड़कर
03:45परस्ती रही उसकी माँ
03:50उसे देखने कले यहां
03:52यहां बैठकर दिन रात उसका इंतिजार करती थी
03:55जी बभुजी चेक तो टाइम पे मिल गया था ना
04:07बेटा चेक्तो टाइम पे मिल जाता है बस
04:10तू नहीं मिलता
04:12जी कोशिश कर रहा हूं मैं इस बार कॉंफरेंस मुंबई में
04:15मुंबई आया तो गवां गई
04:17बेटा तू आएगा तो मां से कहना उसी से मिल ले आया है
04:22कॉंफरेंस की बात करना
04:25अचा सुन मैं यह फोन मां के पास ले जा रहा हूं एक बार उससे भी बात कर ले ओके
04:32भूल गया होगा
04:43नहीं कभी कभी लाइन नहीं मिलती
04:50अमेरिका है भी तो इतनी दूर
04:53हमारा मेटाम से बहुत दूर चला गला
04:58पहले एक हावास में तोड़ा आता था
05:05और निर्मला चली गई अपने बेटे की राह देखते देखते
05:19मुझे अकेला छोड़कर चली गई और आपका बेटा आया ही नहीं
05:27आया
05:34आया
05:36बाबजी
05:45बाबजी मैं शारी
05:54बाबजी हम सारी
05:55बाबजी
05:57शारी बाबजी
06:02तुन्हें आने में बहुत देर करती देंगे
06:15अज़ारे महादी
06:24अज़ारे
06:32तुन्हें आणे कुए और आंगे
06:42तुम जाओँ दादीजी तुम्हेरे साथ रह ईग il
06:45दादीजी अब मैं कही नहीं जाओँ आपके साथ रूंगा यहीं
06:54आ यहीं
06:57अ अ व्हादब श्ड़ान
06:58और आपको ज्यादा चेंजिस भी नहीं करने पड़ेंगे
07:06वहाँ उपर क्या है?
07:08टेरिस है, आए वो भी देखते हैं
07:10चलो चलो चलो घर आगे, घर आगे, घर
07:11मीट माइ फादर श्रीक एलाशनात
07:21बबुजी ये मिस्टर प्रजान है
07:25इनका रिजॉर्ट्स का बिजनिस है, ये हमारा घर खरीद रहे है
07:29खरीद लिया समझ लीजे कैलाशनात जी
07:32दरसल पेपर वर्ग भी हम कल ही फिनिश कर रहे है
07:35माफ कीजी कि प्रधान साब ये घर बिकाव नहीं है
07:38लेकिन विजे ने तुम उचसे कहा था कि
07:42विजे अब ये बच्चा है, इस घर का क्या करना वो ये तेह नहीं करेगा
07:45विजे वाट इस दिस?
07:47अन्वरी सॉरी प्रधान साब, आप पेपर्स रेडी कीजिए, हम कल बैठ कर बात करेंगे
07:51ये घर नहीं बिकेगा, सुना नहीं तुमने
07:53इतनी मुश्किल से इतनी अच्छी प्राइस मिल रही थी और आपने
08:05अपने घर की कीमत लगा रहे हैं तुम
08:09क्या ऐसा, क्या है इस घर में बबुजी?
08:13क्या है इस घर में?
08:18तुम पूछ रहो कि क्या है इस घर में?
08:23इस घर में तुम्हारा बचपन है, पहली बार जब तुम इस घर के अंदर अपनी मा की गोद में आये थे, उस मा की खुशी है इस घर में। जब तुमने चलना सीकhा था, तो उसकी हसी है इस घर में।
08:37और जब तुम बिमार होते थे,
08:41और रात रात पर तुम्हारी मात जाकर तुम्हारी देखबाल करती थी,
08:44उसके वो प और यहाद इस सब्कूरा।
08:51और जब वो बिमार बढ़ लिए,
08:54और अपनी आख सासिल ने रही थी,
08:55और अपने बेटी के घर वापस आने का इंतिजार कर रही थी, वो इंतिजार है इसकर
09:00बाबुजी, आप समझ नहीं रहे हैं
09:03हम सब अमेरिका चले जाएंगे
09:06और फिर इतना बड़ा घर इससे समाले है कौन?
09:10बेच देते हैं इसे
09:10क्यों बेचेंगे? यही रहेंगे साथ होई
09:13नहीं बाबुजी में नहीं रह सकता हैं
09:14और बार बार वहाँ से वापस भी नहीं आ सकता
09:16मेरा काम सफर करता है, विबू की पड़ा ही सफर करती है
09:18और अगर इसे यही रहना था, तो अपने विदेश बेजा क्यों?
09:21पढ़ने के लिए भेजाता, बसने के लिए लिए
09:28बाबुजी, तो आप हमारे साथ अमेरिका चलिये न, आप यहां रह के आगया है
09:35और वैसे भी आप अकेले रह के करेंगे क्या, अब तो मा भी चली गई
09:38मा कही नहीं गई है बेटे, वो यही है जिकर में
09:46सुनरो यह तुमारी बात है, तुझा, जा अपना काम कर, मैं यहीं रहूंगा, और सोचूंगा, कि कहां खलत होके मैं तुमारी परफिरिश मूँगा
10:04अपना कोई हाक है कि नहीं?
10:23यह अँआर कोई लुझाटने है उन्हें अमेरिका ले जाने की
10:29यह न रहा कि प्योंग दोका है
10:32वार जो को दोड़ को दो कि आर है
10:36में पापा
10:39ने जार ओिंगा
10:41को पापा
10:43पाइ
10:45झाल
10:48झाल
10:49मममममम
10:52पापा
10:53कुछ।
11:12बबबबची?
11:20बबबबबची मैं
11:21कोई बात ने मेटे हैं गलतियां हो जाते हैं हर इंसान से गलतियां हो जाते हैं नहीं बबुजी हम जा रहे हैं जा रहे हैं
11:35अजय रहें मतलब बाभोजी हम अमेरिका वापस जा रहे हैं ने विजे सुनो तुम का जारे तुम बाभोजी आप जब चाहें अमेरिका आ सकते हैं आप कैसे रहूंगे तुम लोगों के बगार मैं चेक भीष्टा रहूगा और में विजे अपने जाओंगा नहीं बटे हम कह
12:05में पुझे जब तुम अपने बेटे के बगार नहीं रह सकते हो तो मैं भी अपने बेटे के बगार नहीं रह सकता मचाओ फिजे मचाओ
12:13तक नहीं विएूआणी में दादाजी मेने जाओंगा तादजी मेने जाओंगा तादजी मेने जाओंगा
12:21ध्रिजसे हैं, घंद मैं का तो रहा है, कि शाड़े के अले तो बन्हां एक एकिनका ऑने इस एडूँी और को घंद के दो, �ultुछ यहीं कि � ஆलाफ को बन्हां कंड़े ओरा जाले पिर
12:41ओ cay सरे दिने हैं, यहीं कै ख भीए और किन घंदो का दाफ कर्हाला आ उया है Dante
15:16लेकिन उसने एक बार भी मुड़के मुझे नहीं देख एक बार भी नहीं
15:23तब से मैं इस इस घर में बढ़क रहा हूँ
15:29मैंने कभी भी किसी को इस घर में रहने नहीं दिया
15:34फिर ही आया
15:40मेरा एंजल इसने मुझे बदल दिया
15:51मैं भूल गया था कि मैं जीवित नहीं हूँ
15:56यह अभी भी दर्द होता है
16:00नहीं पेटा अब दर्द नहीं होता है आप कब तक यूँ ही भटकते रहेंगे
16:12आप अपने बेटे को माफ क्यों नहीं कर देते नहीं कभी नहीं
16:19नहीं माफ करूँगा
16:22वो मुझे छोड़कर गया लेकर मैं इस खर को छोड़कर नहीं जाऊँगा
16:29यह जाऊँगा
16:31जाए मुझे सोजनम यहापर क्यों ना भटकना पड़े
16:34सोजनम
16:37अब इस घर में सिर्फ तुम लोग रहोगे
16:43बंकूर हैगा
16:49अमेश
16:54तुम लोग यहासे नहीं जा सकते
16:56ना नहीं जा सकते तुम लोग
16:59क्या वो अभी यही है तो इस वक्त वो कहां है
17:18क्या वो अभी यही है तो इस वक्त वो कहां है
17:27तो इस प्याइब को अव्यूत को अभी प्यार था कि उसी के लिए
17:34कि खेलाशनाद को अमने बेटे से बहुत प्यार था उसी के लिए इस मंदिर में उसने कितनी ही पुजया अर्चना की
17:50अब उसका मन आपके बेटे से जुड़ गया है इसी बात का तो डर है पुजारी जी कहीं वो बंको को कुछ ने ने कलाश ने आज तक किसी का बुरा नहीं किया वो कुछ नहीं करेगा तो फिर अब अब हमें क्या करना चाहिए श्राद्ध उसकी मुक्ति के लिए श्राद्ध क
18:20वैसे कहलाश की मुर्ट्ध के बाद आज तक उसका इश्राद्ध नहीं किया गया कौन करता बेटा तो विदेश में था वैसे सुना आशकल वो यहां आया हुआ है तो फिर एक बार मैं उनसे जरूर मिलकर बात कर लोगा
18:33मेरी माने तो आपका बेटा ही कहलाश को मुक्षि दिला सकता है बच्चों की तो भगवान में सुनता है उसकी पूझा भगवान अवश्य स्विकार करेंगे
18:47विजय
18:57अरेत्या
19:01हाई हाई है जब भी को आता हूं यहां जरूर आता हूं ज़रूर आता हूं गुआ दिवर अपने घर नहीं आते वहां तो आप रुके हूं है और आप हमें वहां से निकालना चाहते
19:17नात्विला तोड रहा हूं, इस बार जमीन बेच कर हमेशा के लिए गवा चोड़दुगा, ना रहेगा घर, ना रहेगा भूत, भूत नहीं, आत्मा, आपके पिताजी की अत्रिप्त आत्मा, अत्रिप्त, तिससाडिस्फाइड, पिताजी हमेशा मुझसे डिससाडिस्फा�
19:47विजय, आपके पिता जी का मन अपने घर से जुड़ा हुआ है, वो नहीं चाहते कि आपकी मा की यादों का ये घर तूटे है, शायद इसलिए आज तक उनकी आत्मा भटक रही है, देखिया अधित्यों, इन सब में मेरे विश्वास नहीं है,
20:06परिशान नहीं करती है, अपने होने का एहसास देलाती है, काफी जानते हैं आप मेरे पिता जी के बारे में, जिस दिन आप घर छोड़कर जा रहे थे, आपके पिता अपने बेटे को रोकने के लिए पीछे निकले, उनका पेर फिसला, वो गिर गए और शायद चिला है वो, �
20:36अरे आप कहने के चाहते हैं, I killed my father, कुछ नहीं जानते हैं आप, मैं गलप नहीं था, वो मेरी इतनी सी बात नहीं समझ पाए कि, और अब आप इतनी सी बात समझ नहीं पा रहे हैं, विजे, विजे सिर्फ माफी तो मांगनी है, वो भी अपने पिता से, एक बार घर चल के माफ
21:06नहीं होते, फिर भी लोगों को मुक्ती मिल जाती है, पिता का शराद तो बेटा ही करता है, अरे तो आप कीजिए न, पूजा, शराद वगएरा आपको जो करना है कीजिए, मैं अगले दिन घर की चावी लेने आ जाओंगा, ठीक है, मैं आपके लिए प्रसाद जरूर रख
21:36कुछ काम हमेशा अधूरे रह जाते हैं, ये पूजा भी तुमारे बिना अधूरे रह जाएगे
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