Skip to playerSkip to main content
  • 2 years ago
Transcript
00:00मेरे सामने एक लड़का खड़ा है, बहुत hot and spicy है, इसे देखकर तो लग रहा है इसे अभी जबा जाओं, बिल्कुल शिम्ला के आपल जैसा है, दिल तो कर रहा है इसे काट खाओं या इसका जूस बना कर इसे पी जाओं, एसे लड़के इंडिया में क्यों नहीं पैदा होते
00:30अच्कल के लड़के न बहुत फास्ट हैं
00:33हाई, अच्छा हाई
00:43मुझे तुम से वो सब नहीं कहना चाहिए था
00:46मैं तो पहली नजर में ही तुम पर फ़िदा हो गया था
00:48लेकिन क्या करूँ, जब घुस्सा आता है तो कुछ भी बोल देता हूँ
00:52मुझे बहुत समझ गया था, बहुत मुझे मफ़ कर दो
00:55बहुत मुझे मफ़ कर दिया
00:56जंगली जवानी उपना चाहिए बहुत हाँ
00:58नहीं पिटाँ पर पकापा है क्या कर रहा है तुम बना चाहिए
01:01मुझे इसकी बाक है, तुम किटने अच्छा है
01:03नहीं नहीं, चीवाली जैसी कोई बात नहीं है, छोड़ना.
01:05नहीं, मैं नहीं छोड़ना.
01:06पीछो समझ के रखा है क्या?
01:07फोन उठाया, कॉइन डाला और बात की.
01:09मुझे लगा वो खड़ी थी.
01:10उसके लिए आय थी.
01:15शास्त्री.
01:16हलो.
01:17मुझे एसी और का पीछा करना था, पर इसका पीछा करना पड़ रहा है.
01:19क्या करें, ड्यूटी है.
01:22अले छोड़ना क्या कर रहा है, चली जाएगी.
01:24शास्त्री तेरी.
01:26परसो ये थी, कल मैं थी, और आज ये.
01:28अब क्या बाहना बनाओगे?
01:29कुछ भी बोल दो.
01:30कुछ भी क्यों, जो सच है वही बोलूंगा.
01:31देखो, तुम अलग हो, ये अलग है, वो तो बिल्कुल अलग है.
01:33वजह अलग है, हालात अलग है, मकसद अलग है.
01:35तुम्हारा मकसद मैं जानती हूँ.
01:36तुम जैसे लड़कों से मुझे सक्त नफरत है.
01:38चलो यहाँ से.
01:39अब तो मुझे ऐसा लगने लगा है, शास्त्री.
01:41कि मैं जो कर रहा हूँ, गलती कर रहा हूँ.
01:43फिलाल ये सब बाते सोचना बन कर दे.
01:45फटापट जाओ, उसे सच बता दे.
01:46आ, शास्त्री, अब तो वही करना पड़ेगा.
01:48लेकिन ये बात हमारे बीच ही रखना.
01:50मेरी बात सुनो, प्रशानती.
01:52हे, कितने बेशरम हो तुम. एकस्क्यूस में.
01:54अरे, बेकार में क्यों चिलार रही हो?
01:56जबर्डस्ती लोग जमाओ जाएंगे.
01:58असल मैं मैं एक पुलीस वाला हूँ.
02:00यहाँ एक मुझ्रिम के पीछे आया हूँ.
02:01हमें उसकी गर्ल्फिरिण के तलाश थी.
02:03लेकिन घलती से तुम्हें वो समझ के तुम्हारे पीछे पड़ गए.
02:05सच तो यह है कि मैं तुम्हें देखते ही पागल हो गया था.
02:07अगर गलत सहमी हुई तो जगड़ा हो गया.
02:09गलत सहमी दूर हुई तो प्यार हो गया.
02:10समझाना आया तो और लफड़ा हो गया.
02:11इन लफड़े जगड़ों से मैं तंग आ गया हूँ.
02:13इसलिए ऐसा करना पढ़ रहा है.
02:14ताकि तुम मेरी पूरी बात सुन सको.
02:16इतनी टेंशन में क्यों हो?
02:17आज डिजाइन प्रेसंटेशन का फाइनल है.
02:19पता नहीं क्या होगा.
02:20अभी तक तुम्हारा ही डिजाइन सेलेक्ट रहा है.
02:22और आगे भी तुम्हारा ही होंगे.
02:23डोंज वारी.
02:24हे, बैक कहा है?
02:25ओ शिट, लगते हैं, स्टेशन पही छोड़ दिया.
02:27चल दिया.
02:28तर रूपो.
02:29मेरे बाई.
02:34मैंने कितनी मेहनत की थी सब के लिए.
02:36प्रशान थी.
02:37डोंज वारी.
02:38ये सब पापा से छूट बोलने का नज़िन है.
02:40यह पापा से चूट बोलने का नज़िन है.
02:43लड़कियों के बीचे लड़के जायें, तो लड़कियों खुसा होती हैं.
02:45पर देखो, इसके कितने फाइद है.
02:46डिपाट मेमें कहते हैं कि मेरा हाथ सबसे अच्छा है.
02:48सही हाथों में पढ़ गया है, असलिए बैग भी तुम्हें वापस मिल रहा है.
02:51पर तुम, पराय देश में इस तरह नहीं घुंदते हैं.
02:53अपनी संस्कृति का कुछ तो खयाल रखो.
02:55जाओ, अब लेट हो जाओगे.
02:56थांक्स.
03:22अच्छा अजय, ये बंटी आएगा भी या नहीं?
03:25आएगा शास्त्री, जरूर आएगा.
03:27पुलिस वालों की नजरों से कोई नहीं बच सकता.
03:30अब देखना, प्रशान्ती पर जैसे मेरी नजर पड़ी, काम बन गया न?
03:34काम बन गया?
03:35तुझे शक है क्या?
03:36अरे यार, मेरी नजरे एक बार किसी लड़की पर पड़ जाये न, तो वो पागल हो जाती है.
03:39सुभे शाम, बस मेरे ही खयालों में खोई रहती है.
03:42प्यार से तो बाते कर लूँ, बस फ्लाट हो जाती है.
03:44हाँ.
03:47मैं एक बात कहूँ, you both are made for each other.
03:50मैं एक बात कहूँ, you both are made for each other.
03:52देखिया शास्तिरी, तू दोस्त है, तुछ से शुट नहीं बोलूंगा.
03:54अब fashion designing और police department का कोई मेल है क्या?
03:57पहले चने के जढड में चड़ाओ, बाद में जट से उतार दो.
04:01एसी बात मत कर यार, शादी के बाद हर शगें लेकर जाना पड़ेगा.
04:04गई नहीं लेकर जाओंगा, एक बार शादी हो जाने दे,
04:06मैं थोड़ी माबाप की तरह सर पे चड़ाओ कर रखूँगा.
04:09और उसकी मा भी बहुत अजीब है, इतना पकाती के मैं ठक जाता हूँ.
04:12इतनी उमर हो गई, उसकी दो बच्चों की मा है, फिर भी मॉडन ड्रेस पैन कर खुंगती रहती है.
04:16बुढ्धी गोड़ी लाल लगा मैं.
04:18अरे ऐसा मत बोल, सुनेगी तो पुरा लगेगा.
04:38तुम्हारी हरकतों से इंप्रेस होकर तुमसे पढ़ जाएंगी.
04:41टाइब टू, इन्हें पढ़ाना बहुत मुश्किल है.
04:44इनके नखरे जहिलने पढ़ते हैं, मारा मारी करनी पढ़ती है, जान खत्रे में डालनी पढ़ती है.
04:48फेर भी पढ़ने की कोई गारेंटी नहीं, मैं टाइब टू की हूँ, गुडबाई.
04:55ये कब से खड़ी थी?
04:56तब ही जब प्यार से फ्लैड होने वाली बाद की.
04:58तो बोला क्यों नहीं?
04:59बोलना तो चाहना था, मौका कहां दिया?
05:00तो कोई इशारा कर देता?
05:01ये याद नहीं रहा.
05:02मेरी भी मत मारी गई थी, जो तुछ से ये सब बाते करने लगा.
05:04और वो भी उसी वख चुईया की तर आ गई.
05:06एक तो इतनी सी है, पता भी नहीं चलता, पीछे खड़ी है या नहीं है.
05:10मैं हाइट छोड़ी होने पर भी उसको अपना आ रहा हूं, शास्त्री.
05:12और मुझे टाइप टूका बोलती है.
05:13उसके लिए तो कोई टाइपिंग वाला ही सही रहेगा.
05:16ये नहीं तो कोई और सही है.
05:17अब क्या मार रहा है?
05:18अब मारना चाहिए था तब तो मारा नहीं.
05:19वो फिर आ गई.
05:25बच गया बैंड.
05:26तुझे आदद है ना ज़रुवत से ज़्यादा बकबक करने की.
05:27चलत तक्तिरी खराब है.
05:35आज़े, मैंने अभी बंटी को देख...
05:42है डालिंग, मैं पीछे...
05:44है डालिंग...
05:46क्या रे बंटी, बहुत देर कर दी?
05:48कौन है बैंटू?
05:49अब इस साले, तू कोई फिल्म स्टार है जो मैं तरा फैन हूँगा.
05:53पुलीस...
06:15पुलीस...
06:45पुलीस...
07:15पुलीस...
07:37पुलीस...
07:38कैसे हो बंटी बेटा?
07:39नही तेरा बाप.
07:40कौन है तू?
07:41पुलीस.
07:43कस्टेडी में से सबूत मिठाकर तुने बहुत पड़ी घलती की.
07:46अब देखना उसका नतीजा क्या होगा.
07:48एई, पूरा डिपार्ट्मेंट मेरा कुछ नहीं उखार सकता.
07:50तू अकेला क्या उखारेगा?
07:51अबे ओ भौगने वाले कुट्टे.
07:53तूने लाइफ में बहुत लोगों से पंगे लिया होंगे.
07:56लेकिन मैं हटकर हूँ.
07:57मुझसे पंगा लेकर तुने अच्छा नहीं किया.
07:59मैं तेरा वो हाल करूँगा कि तुझे अपने ही पैदा होने पर अफसोस होगा.
08:04बता बंटी का फोन तेरे पास कैसे आया?
08:06वो कहाँ है?
08:07ठीक मुझसे 10 सेंटिमीटर की दूरी पर है वो.
08:09ले बात कर.
08:10भाई, भाई बचालो मुझे.
08:13बंटी बेटा मैं हूँ ना डरना नहीं.
08:16सुना आखरी बार उसकी आवास सुनी है तुने?
08:18उसे कुछ मत करना प्लीज.
08:20एक बार जो मैंने सोच लिया तो फिर मैं वो करके ही रहता हूँ.
08:23समझा?
08:24तु जानता नहीं है तुने किस साम के फन पे पहर रखा है?
08:27अब यो चिन्दी चोर, ये धंगिया किसी और को देना.
08:30ए, अगर उसे कुछ हुआ ना तो तुझे ढून कर मारूंगा.
08:34फिर से बोल.
08:35साले ढून कर मारूंगा.
08:36जोर से बोल.
08:38बंटी.
08:39पैक आओ.
08:41बंटी.
08:45प्रशान्ती अजे आ रहा है.
08:48अरे, तुम तो फिर से माफ़ी माँगने आ गए?
08:51गुडबाई कहने के लिए आया हूँ.
08:53तुम्हारी जबाल में तुम्हें बताना चाहता हूँ कि आदमी दो टाइप के होते हैं.
08:56टाइप वन, देखा पसंद किया बोल दिया बस.
08:59टाइप टू, आदि जिन्दगी प्यार का इसहार करने में.
09:02और नहीं मानी तो बाकी की जिन्दगी उसे मनाने में निकल जाती हैं.
09:05मैं टाइप वन हूँ, यही बोलना था.
09:07आज से मैं तुम्हें तुम्हें दिल और दिमाग से निकाल रहा हूँ, तुम भी निकाल देना, बाई.
09:11चल शास्त्री.
09:16तुन्हें उसे यह क्यों बोल दिया?
09:17कभी कभी अलग तरीके भी अपनाने पड़ते हैं शास्त्री. अब भविश्यमानी सच होगी, देख लेना तुम.
Comments

Recommended